मिस वर्ल्ड प्रतिभागियों के पैर धोती दिखीं तेलंगाना की दलित महिलाएं, सोशल मीडिया पर हो रहा बवाल
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तेलंगाना के एक मंदिर में मिस वर्ल्ड 2025 की प्रतिभागियों के पैर धोने की घटना पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है. लोगों का कहना है कि यह राज्य की महिलाओं और उनके आत्मसम्मान का अपमान है. मामला मुलुगु जिले के प्राचीन रामप्पा मंदिर का है, जो एक यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज साइट भी है. बुधवार को जब 109 देशों से आईं प्रतियोगी मंदिर में घुमने पहुंचीं, तो मंदिर में प्रवेश से पहले कुछ महिला वॉलंटियर्स (स्वयंसेवकों) ने उनके पैर धोए और कपड़े से पोंछे.
अब इस बात पर विपक्षी पार्टियां बीआरएस और बीजेपी नाराज हैं. उनका कहना है कि विदेशी मेहमानों का स्वागत करना ठीक है, लेकिन महिलाओं से उनके पैर धुलवाना गलत है और इससे तेलंगाना की संस्कृति और महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंची है. वीडियो और इससे जुड़ी तमाम पोस्ट सोशल मीडिया पर बवाल काट रही हैं.
महिलाओं से धुलवाए गए पैर
इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है, जिस पर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं. कुछ लोग इसे “अतिथि देवो भव” की भावना मान रहे हैं, तो कुछ इसे महिलाओं का अपमान बता रहे हैं. सोशल मीडिया पर इस वीडियो ने बवाल मचा दिया है. वीडियो में दिख रहा है कि तेलंगाना के मशहूर रामप्पा मंदिर में कुछ भारतीय महिलाएं विदेशी मिस वर्ल्ड कंटेस्टेंट्स के पैर धो रहीं हैं और तौलिये से पोंछ भी रही हैं. दावा किया जा रहा है कि ये महिलाएं वॉलंटियर थीं और यह पूरा मामला यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज साइट रामप्पा मंदिर पर शूट हुआ है.
National Insult ❗️
Red carpet for foreigners.
Red face for Indian women.The Telangana government made Indian women wash the feet of Miss World contestants and then wipe them with towels.
Is this women empowerment or royal servitude?”తెలంగాణ మహిళలు అంటే ఇంత చులకనా❓
తెలంగాణ… pic.twitter.com/nqfGUl7YaO
— YSR (@ysathishreddy) May 14, 2025
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यूजर्स ने राजनीति करने वालों की लगा दी क्लास!
वीडियो सामने आने के बाद ट्विटर से लेकर इंस्टाग्राम तक, हर जगह लोग नाराजगी जता रहे हैं. बीजेपी और बीआरएस जैसी पार्टियों ने भी मोर्चा खोल दिया है. इनका कहना है कि ये नजारा तेलंगाना की महिलाओं के आत्मसम्मान के खिलाफ है. कई यूजर्स ने तो ये तक पूछ लिया – “क्या अतिथि सत्कार का मतलब अब महिलाओं से पैर धुलवाना हो गया है?” सोशल मीडिया पर बवाल तो कट ही रहा है साथ ही अब इस पर दलित कार्ड खेलने के लिए राजनैतिक पार्टियां आमने सामने हो गई हैं. यूजर्स ने उन्हें भी फटकार लगाते हुए कहा है कि क्या हर चीज में अपना फायदा खोजना सही है?
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