ONGC के शेयर देने वाले हैं जोरदार मुनाफा! 52 फीसदी बढ़ सकती है कीमत

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अगर आप शेयर बाजार में दिलचस्पी रखते हैं, तो ONGC पर नज़र रखना जरूरी है. दरअसल, Jefferies ने ONGC के लिए ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखी है और इसका टारगेट प्राइस 375 रुपये प्रति शेयर रखा है. यानी मौजूदा स्तर से 52 फीसदी की बढ़ोतरी की संभावना है.

शानदार है ONGC का भविष्य!

विदेशी ब्रोकरेज फर्म जेफरीज ने ONGC के शेयर को लेकर उत्साहजनक भविष्यवाणी की है. फर्म ने कंपनी के शेयर पर ‘खरीदें’ (BUY) की रेटिंग जारी करते हुए 375 रुपये प्रति शेयर का टार्गेट प्राइज तय किया है. एक्सपर्ट्स का मानना है कि गैस और कच्चे तेल की कीमतों में सुधार से कंपनी को लाभ होगा, जिससे FY25 से FY27 के बीच कंपनी की प्रति शेयर आय (EPS) में 14 प्रतिशत की सालाना वृद्धि होने की उम्मीद है.

आपको बता दें, ONGC ने FY26 से FY30 के बीच उत्पादन में 10-12 प्रतिशत की सालाना वृद्धि का लक्ष्य रखा है, जिसका मुख्य आधार मुंबई हाई क्षेत्र में उत्पादन वृद्धि होगी. जेफरीज की रिपोर्ट में इस बात पर विशेष जोर दिया गया है कि BP कंपनी द्वारा इराक के रुमैला ऑयल फील्ड में समान भूवैज्ञानिक संरचना वाले क्षेत्र में 40 प्रतिशत उत्पादन वृद्धि हासिल करना ONGC के लिए एक पॉजिटिव अप्रोच है.

ONGC के शेयर क्यों उड़ान भर सकते हैं?

दरअसल, Jefferies का मानना है कि तेल और गैस की कीमतों में सुधार की वजह से ONGC के मुनाफे में जबरदस्त उछाल आ सकता है. इसके अलावा, FY25-27 के बीच EPS (Earnings Per Share) में 14 फीसदी की सालाना बढ़ोतरी हो सकती है.

ONGC का प्रोडक्शन ग्रोथ प्लान

माना जा रहा है कि मुंबई हाई ONGC को प्रोडक्शन बूस्ट देगा. दरअसल, ONGC का लक्ष्य FY26-30 के बीच 10-12 फीसदी कंपाउंडेड ग्रोथ हासिल करना है. इसके अलावा, 2025 के मध्य तक ONGC के क्रूड और गैस उत्पादन में 5-6 फीसदी सालाना ग्रोथ देखने को मिलेगी. वही, ब्रिटिश पेट्रोलियम (BP) पहले ही Rumaila ऑयल फील्ड में 40 फीसदी प्रोडक्शन ग्रोथ हासिल कर चुका है. BP को ONGC के टेक्निकल सर्विस पार्टनर के रूप में शामिल किया गया है, जिससे प्रोडक्शन में बड़ा उछाल आ सकता है.

ONGC के लिए BP की सफलता क्यों अहम है?

दरअसल, मुंबई हाई और इराक का Rumaila ऑयल फील्ड, ये दोनों भूगर्भीय रूप से समान हैं. BP ने 8 साल में Rumaila की उत्पादन क्षमता 40 फीसदी बढ़ाई थी. अगर ONGC मुंबई हाई में इसी मॉडल को अपनाता है, तो कुल रिकवरी दर 30 फीसदी से बढ़कर 50 फीसदी तक जा सकती है.

ONGC को बड़ा फायदा

ONGC को उम्मीद है कि FY26 तक 20 फीसदी गैस उत्पादन नए प्राइसिंग सिस्टम के तहत आएगा ($8.5/mmbtu) और FY30 तक 100 फीसदी उत्पादन इस दर पर होगा. वहीं, बेस नॉमिनेशन फील्ड गैस की कीमतों में हर साल $0.25/mmbtu की वृद्धि होगी, जिससे कंपनी का लाभ मार्जिन और मजबूत होगा.

क्रूड बिजनेस में भी बड़ा मुनाफा

रिपोर्ट के अनुसार, ONGC यह मानकर चल रहा है कि जब तक क्रूड की कीमत $100/bbl से नीचे रहेगी, तब तक विंडफॉल टैक्स नहीं लगेगा. इससे विदेशी कंपनियों को निवेश करने में आसानी होगी. इसके अलावा, ONGC की Ayana Power में हुई नई डील सौर ऊर्जा और हरित ऊर्जा के क्षेत्र में उसके विस्तार की ओर इशारा करती है. ONGC का लक्ष्य 14 फीसदी इक्विटी रिटर्न ऑन इन्वेस्टमेंट (IRR) हासिल करना है, जिससे कंपनी को लॉन्ग टर्म में स्थिर मुनाफा मिल सके.

क्या ONGC में निवेश करना फायदेमंद होगा?

Jefferies का कहना है कि ONGC के शेयरों में अभी बहुत संभावनाएं हैं. अगर कंपनी अपने प्रोडक्शन ग्रोथ प्लान और गैस-क्रूड प्राइसिंग रिफॉर्म्स पर सही तरीके से अमल करती है, तो निवेशकों को जबरदस्त मुनाफा मिल सकता है.

डिस्क्लेमर: (यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.)

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