Indore Crime Information: इंदौर में करोड़ों की जमीन के लिए जालसाज गिरोह से मिलकर ब्लैकमेल कर रहा था नायब तहसीलदार

Indore Crime Information: विवेचना, पुलिस ने स्टांप वेंडर और हैंड राइटिंग एक्सपर्ट की रिपोर्ट लेकर दर्ज किया है केस।

By Sameer Deshpande

Publish Date: Fri, 08 Mar 2024 10:59 AM (IST)

Up to date Date: Fri, 08 Mar 2024 10:59 AM (IST)

Indore Crime News: इंदौर में करोड़ों की जमीन के लिए जालसाज गिरोह से मिलकर ब्लैकमेल कर रहा था नायब तहसीलदार
ब्लैकमेल कर रहा था नायब तहसीलदार

HighLights

  1. करोड़ों रुपये की कीमती जमीन की जालसाजी में एफआइआर होने से हड़कंप मचा है।
  2. जालसाज गिरोह के साथ मिलकर ब्लैकमेल करने का प्रयास किया था।
  3. फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत करने में नायब तहसीलदार भी शामिल था।

नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर Indore Crime Information। करोड़ों रुपये की कीमती जमीन की जालसाजी में एफआइआर होने से हड़कंप मचा है। पुलिस ने नायब तहसीलदार को भी मुलजिम बनाया है। उसने जालसाज गिरोह के साथ मिलकर ब्लैकमेल करने का प्रयास किया था। फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत करने में नायब तहसीलदार भी शामिल था। राजनेताओं से जुड़ा होने के कारण पुलिस पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है। आयुक्त ने मामलें में जांच के आदेश दिए है।

यह है बेसकीमती जमीन की धोखाधड़ी का मामला

राजेंद्र नगर थाना में गोपुर कालोनी निवासी आवेदक अच्युत पद्माकर और उनकी पत्नी सरिता पद्माकर ने आरोपित निलेश पुत्र जगदीश भावसार निवासी स्कीम-71, योगेंद्र उर्फ कृष्णा पुत्र लोकेंद्रसिंह राठौर निवासी नरेंद्र तिवारी मार्ग एवं अजय जैनकर निवासी सुदामा नगर (ई-सेक्टर) के विरुद्ध धोखाधड़ी, कूटरचना और धनराशि मांगने व ब्लैकमेलिंग की शिकायत दर्ज करवाई।

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टीआइ सियारामसिंह गुर्जर ने एसआइ प्रदीप यादव से मामले की जांच करवाई। पुलिस ने अच्युत पद्माकर, सरिता पद्माकर के साथ साक्षी संतोष भाटी और प्रमोद वाइकर को भी बुलाया। आवेदकों की हुक्माखेड़ी में 11325 वर्गफीट की बेशकीमती जमीन है। अनावेदकों ने बिक्रय अनुबंध, पूर्ण भुगतान रसीदें और कब्जा रसीदें तैयार करवा ली। आरोपितों ने दंपती की भूमि को 36 लाख में क्रय करना दर्शाया और दावा किया कि उन्होंने पूर्ण भुगतान कर दिया है।

आरोपितों ने उलझाने के उद्देश्य से दंपती के विरुद्ध कोर्ट में परिवाद दायर कर दिया। विवादित मसला बनाने के बाद तोड़बट्टा करना शुरू कर दिया। पुलिस ने इस मामले में कोर्ट से आर्डरशीट, प्रस्तुत दस्तावेजों की प्रति मांगी और पाया कि साजिश में नायब तहसीलदार कृष्णा राठौर भी शामिल है। मामले में एफआइआर दर्ज कर ली गई। राठौर भाजपा नेताओं का रिश्तेदार है।

14 साल पुराना विक्रय पत्र बनाया

जांच में शामिल अधिकारियों के मुताबिक, आरोपितों ने 12 जुलाई 2011 का 100 रुपये से स्टांप पर विक्रय पत्र तैयार किया था। 15 जुलाई 2011 को 36 लाख का पूर्ण भुगतान होना भी दर्शाया। स्टांप की नौटरी करवा कर न्यायालय में परिवाद लगा दिया।

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    : पिछले करीब 15 सालों से नईदुनिया अखबार के लिए खेल की रिपोर्टिंग की है। क्रिकेट विश्व कप, डेविस कप टेनिस सहित कई प्रमुख मौकों पर विशेष भूमिका में रहा। विभिन्न खेलों की कई राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट कव