Indore Information: साड़ी वाकाथान कार्यक्रम में CM मोहन की शिरकत, बोले- हजारों सालों से साड़ी भारतीय संस्कृति की रही है पहचान

Indore Information: साड़ी वाकाथान कार्यक्रम में CM मोहन की शिरकत, बोले- हजारों सालों से साड़ी भारतीय संस्कृति की रही है पहचान

हर बेटी की इच्छा होती है कि वह अपनी मां की साड़ी पहने और प्रत्येक बहु की इच्छा होती है वह अपनी सास के साथ साड़ी शेयर करे। इससे आत्मीयता बनती है। इस आधार पर देवी अहिल्याबाई ने भी ढाई सौ साल पहले महेश्वर की साड़ी शुरू कराई।

By Paras Pandey

Publish Date: Thu, 07 Mar 2024 11:21 PM (IST)

Up to date Date: Thu, 07 Mar 2024 11:21 PM (IST)

देरी से आने के कारण मुख्यमंत्री ने औपचारिक झंडी दिखाकर वाकाथान को किया रवाना

HighLights

  1. साड़ी भारतीय परिधान ही नहीं, महिलाओं के लिए गर्व विषय
  2. नेहरू स्टेडियम में आयोजित हुआ साड़ी वाकाथान कार्यक्रम

इंदौर, (नईदुनिया प्रतिनिधि)। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के पहले पूरे प्रदेश के अंदर अलग-अलग प्रकार के कार्यक्रम आयोजित हुए है। भारतीय परिवेश में साड़ी हजारों सालों से हमारी संस्कृति की पहचान रही है। विदेश में भी जब कोई बहन साड़ी में जाती है, तो दूर से ही भारतीयता की पहचान हो जाती है।

हर बेटी की इच्छा होती है कि वह अपनी मां की साड़ी पहने और प्रत्येक बहु की इच्छा होती है वह अपनी सास के साथ साड़ी शेयर करे। इससे आत्मीयता बनती है। इस आधार पर देवी अहिल्याबाई ने भी ढाई सौ साल पहले महेश्वर की साड़ी शुरू कराई।

साडी भारतीय परिधान ही नहीं महिलाओं के लिए गर्व का विषय है। यह बात मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर नेहरू स्टेडियम में आयोजित साड़ी वाकाथान में कहीं। साड़ी वाकाथान का आयोजन शाम 6 बजे शुरू होना था, लेकिन मुख्यमंत्री डॉ. यादव रात्रि सवा आठ बजे स्टेडियम पहुंचे।

आते ही उन्होंने साड़ी वाकाथान को औपचारिक झंडी दिखाकर रवाना किया। हालांकि इस दौरान गिनती की महिलाए ही मौजूद थी। मुख्यमंत्री इसके बाद दिव्यांगों को नियुक्ति पत्र देने के लिए पहुंचे। यहां उन्होंने कार्यक्रम में देरी से पहुंचने को लेकर अफसोस जाहिर किया।

उन्होंने कहा कि सिंगरौली से चला था, लेकिन हवा की विपरीत दिशा होने से देरी हो गई।संतोष इस बात का है कि हमारी बहनों ने खूब मेहनत की और बड़ा आयोजन किया।

इस मौके पर केंद्रीय राज्य मंत्री ज्योत्सना जरदोस, सांसद शंकर लालवानी, जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, राज्यसभा सांसद कविता पाटीदार, विधायक रमेश मेंदोला, मधु वर्मा, महेंद्र हार्डिया, गोलू शुक्ला आदि मौजूद रहे। दो घंटे देरी से पहुंचे, स्टेडियम हुआ खालीवाकाथान का कार्यक्रम 4.30 बजे से शुरू होना था। इसके लिए दोपहर में ही महिलाएं पहुंच गई थी।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री को शाम 6 बजे तक पहुंचना था, लेकिन वह सवा आठ बजे पहुंचे। इससे पहले ही स्टेडियम खाली हो चुका था।कार्यक्रम के लिए नेताओं और अधिकारियों को महिलाओं को कार्यक्रम में लाने का लक्ष्य दिया गया था।

महिला बाल विकास, सामाजिक न्याय विभाग, भाजपा महिला मंडल और शहर की सभी महिला संस्थाओं की कोशिश के बाद भी स्टेडियम में भीड़ जमा नहीं हो सकी। कार्यक्रम में विलंब और अव्यवस्थाओं के कारण स्टेडियम कार्यक्रम से पहले ही खाली हो गया।