यातायात विभाग गहरी नींद में है, जिसे चालान वसूलने को छोड़ कोई काम नहीं दिखता। नागरिकों की जरा भी चिंता नहीं है। न्यायधानी के चौक-चौराहों पर बनाए गए लेफ्ट फ्री जोन (जहां बाईं ओर मुड़ने के लिए वाहन चालकों को रुकने की आवश्यकता नहीं होती) अब सुरक्षित नहीं रहे।
By Manoj Kumar Tiwari
Publish Date: Fri, 22 Nov 2024 09:58:39 AM (IST)
Up to date Date: Fri, 22 Nov 2024 09:58:39 AM (IST)
HighLights
- लिंक रोड और रायपुर रोड के कोई भी चौक-चौराहे अब सुरक्षित नहीं।
- लापरवाही और प्रशासन की उदासीनता के चलते बने खतरे का कारण।
- न्यायधानी के चौक-चौराहों पर बनाए गए लेफ्ट फ्री जोन अब सुरक्षित नहीं रहे।
नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर। लेफ्ट फ्री जोन अब सुरक्षा के बजाय दुर्घटनाओं का केंद्र बनते जा रहे हैं। चौक-चौराहों पर लगे ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट या तो टूट चुके हैं या गायब हो गए हैं। जिस व्यवस्था को वाहन चालकों की सहूलियत और सुरक्षा के लिए तैयार किया गया था, वही अब उनकी लापरवाही और प्रशासन की उदासीनता के चलते खतरे का कारण बन रही है।
मुख्य वजह है ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट का टूटना या गायब हो जाना। ये पोस्ट सड़क पर यातायात को नियंत्रित करने के लिए लगाए गए थे। लेकिन, अब अधिकतर चौकों पर इनकी स्थिति खराब हो चुकी है। सत्यम चौक, अग्रसेन चौक, श्रीकांत वर्मा मार्ग चौक, सीएमडी चौक, तारबाहर सहित नेहरू चौक तक के हालात ऐसे हैं कि वाहन चालक जल्दबाजी में लेफ्ट फ्री जोन के बीच से बेतरतीब तरीके से गाड़ियां निकालते हैं। नतीजा पैदल यात्रियों और लेन में चलने वालों की जान पर बन आती है।
ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट का महत्व
यातायात विभाग ने शहर के सभी प्रमुख चौक-चौराहों पर इन लचीले ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट को सुरक्षा व नियम पालन सुनिश्चित करने के लिए लगाया था। यह पोस्ट प्लास्टिक जैसे दिखने वाले लचीले खंभे होते हैं, जो टकराने पर झुक जाते हैं और आसानी से स्थापित किए जा सकते हैं। परंतु अब स्थिति यह हो गई है कि नेहरू चौक, करबला चौक, रवींद्रनाथ टैगोर चौक और तारबाहर चौक जैसे बड़े चौराहों से ये पोस्ट लगभग गायब हो चुके हैं। इनकी अनुपस्थिति से यातायात अव्यवस्थित हो रहा है और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
स्प्रिंग पोस्ट नहीं होने से नुकसान:
- 01 यातायात नियमों का उल्लंघन- ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट नहीं रहने से वाहन चालक लेफ्ट फ्री जोन में बिना रुके गलत दिशा में वाहन ले जाते हैं।
- 02 दुर्घटनाओं का खतरा-अचानक बाएं या दाएं मुड़ने वाले वाहन अन्य चालकों और पैदल यात्रियों के लिए खतरा बन रहे हैं।
- 03 ट्रैफिक जाम-इन पोस्ट के न होने से वाहन गलत लेन में आकर जाम का कारण बन रहे हैं। शहर में हर दिन यह दिखता है।
- 04 सुरक्षा में कमी-लेफ्ट फ्री जोन में तेजी से वाहन घुसने से साइकिल और मोटरसाइकिल चालकों के लिए जोखिम बढ़ गया है।
- 05 वाहन चालकों में भ्रम-बिना पोस्ट के यह समझना मुश्किल हो जाता है कि लेफ्ट फ्री जोन कहां से शुरू होता है और कहां खत्म।
चौकों पर मौजूदा स्थिति
सत्यम चौक: यहां के लेफ्ट फ्री जोन के अधिकांश स्प्रिंग पोस्ट गायब हो चुके हैं। वाहन चालक अनियंत्रित होकर सीधे घुस जाते हैं। पास में ही नाले और गढ्ढे हैं। जिससे दुर्घटना का भय बना रहता है।
अग्रसेन चौक: अधिकांश पोस्ट गायब हो चुके हैं, जिससे यातायात नियमों का पालन नहीं हो रहा। यहां के पोस्ट पूरी तरह से गायब हैं, जिससे दुर्घटनाओं की संख्या बढ़ने लगी है। फिर भी किसी का ध्यान नहीं है।
सीमएडी चौक: स्प्रिंग पोस्ट टूटे पड़े हैं और कोई मरम्मत नहीं की गई है। कई गायब हो गए हैं। जिसके कारण लिंक रोड से तारबाहर से विनोबा नगर मार्ग जाने वाले वाहन चालक कई बार दुर्घटना का शिकार हो चुके हैं।-
आमजन की प्रतिक्रिया
तुरंत सुधार होना चाहिए: साईं
रेलवे कालोनी वार्ड नंबर 69 निवासी साईं भास्कर का कहना है कि, पहले ये पोस्ट वाहन चालकों को दिशा देते थे। लेकिन अब लोग जैसे चाहें वाहन चलाते हैं। यातायात विभाग को इसे तुरंत सुधारना चाहिए।
यह बहुत खतरनाक है: मनीष
हेमू नगर निवासी मनीष भाई शाह का कहना है कि लेफ्ट फ्री जोन में तेज गति से आने वाले वाहन अब सीधे हमारे रास्ते में आ जाते हैं। यह बहुत खतरनाक है। इस ओर नगर निगम और यातायात विभाग ध्यान दें।
धोखा हो जाता है: बसंत
सरकंडा निवासी बसंत जायसवाल का कहना है कि बिना स्प्रिंग पोस्ट के, चौक पर यह समझना मुश्किल हो जाता है कि कहां रुकना है। यह व्यवस्था ठीक से शुरू होनी चाहिए। दुर्घटना का कारण बन सकता है।
लेफ्ट टर्निंग जोन का महत्व
लेफ्ट फ्री जोन का उद्देश्य था कि ट्रैफिक सिग्नल के दौरान बाईं ओर मुड़ने वाले वाहन अन्य वाहनों को बाधित किए बिना चल सकें। इसके लिए स्प्रिंग पोस्ट लगाए गए थे ताकि वाहन चालक अपनी लेन में रहें। शहर के चौक-चौराहों पर ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट की हालत सुधारना और नए पोस्ट लगाना अति आवश्यक है। विभाग को चाहिए कि जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करें। साथ ही वाहन चालकों को भी नियमों का पालन करना चाहिए ताकि सड़कों को सभी के लिए सुरक्षित बनाया जा सके।
यातायात विभाग है असल जिम्मेदार

बिलासपुर के चौक-चौराहों पर लेफ्ट फ्री जोन की स्थिति दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है और इसका सीधा जिम्मेदार यातायात विभाग है। ट्रैफिक स्प्रिंग पोस्ट, जो सुरक्षा और नियम पालन के लिए लगाए गए थे। अब टूट चुके हैं या गायब हो गए हैं। इसके बावजूद विभाग ने उनकी मरम्मत या पुनर्स्थापना पर कोई ध्यान नहीं दिया। नतीजा वाहन चालक बेतरतीब ढंग से लेन तोड़ते हैं। जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। विभाग की यह लापरवाही आम जनता की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है।




.jpg)

