Diabetes Symptoms: शरीर के ये लक्षण देते हैं डायबिटीज के संकेत, न करें नजरअंदाज, घेर लेंगी गंभीर बीमारियां

Diabetes Signs: शरीर के ये लक्षण देते हैं डायबिटीज के संकेत, न करें नजरअंदाज, घेर लेंगी गंभीर बीमारियां

डायबिटीज का फिलहाल कोई स्थायी इलाज नहीं है। अच्छी लाइफस्टाइल और हेल्दी डाइट के जरिए डायबिटीज को कंट्रोल किया जा सकता है। डायबिटीज होने पर दवाइयों का नियमित सेवन ही इस बीमारी होने वाले विपरीत प्रभावों से बचा सकता है। साथ ही शुरुआती लक्षणों पर भी ध्यान देकर इसे कंट्रोल किया जा सकता है।

By Bharat Mandhanya

Publish Date: Tue, 02 Jul 2024 09:56:04 AM (IST)

Up to date Date: Tue, 02 Jul 2024 11:08:43 AM (IST)

शुगर लेवल की समय-समय पर करवाना चाहिए जांच। -सांकेतिक तस्‍वीर

HighLights

  1. शुगर लेवल बढ़ने पर होती है कमजोरी व थकावट
  2. मधुमेह के लक्षण दिखने पर डॉक्टर से करें संपर्क
  3. शुगर लेवल कंट्रोल करने के लिए करें एक्‍सरसाइज

Diabetes Signs हेल्थ डेस्क, इंदौर। डायबिटीज एक ऐसी बीमारी है, जो किसी भी उम्र के व्यक्ति हो सकती है। शरीर में शुगर मात्रा बढ़ने पर डायबिटीज की बीमारी होती है। गलत खान-पान और खराब जीवनशैली के कारण यह बीमारी घेर लेती है। खानपान की आदतों में सुधार न करने पर शरीर में शुगर का लेवल बढ़ता ही रहता है, जिससे कई अन्य समस्याएं पैदा हो सकती हैं।

स्वस्थ व्यक्ति की शुगर की मात्रा खाली पेट 70-100 और भोजन के बाद 100-160 तक रहती है। अगर यह मात्रा बढ़ती रहती हैं तो, उस व्यक्ति में कुछ लक्षण प्रकट होने लगते हैं। इस दशा में बिना देर किए शुगर की जांच करानी चाहिए। लगातार अधिक शुगर किडनी, आंख का पर्दा, हार्ट, मस्तिष्क आदि पर विपरीत प्रभाव डालती है।

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ये हैं शुगर लेवल बढ़ने के लक्षण

  • बार-बार प्यास लगना
  • अधिक पेशाब आना
  • मुंह सूखना
  • कमजोरी
  • थकान लगना
  • वजन घटना
  • चिड़चिड़ापन होना

ऐसे करें बचाव

कुछ जांचों से तीन माह के शुगर स्तर का पता लगाया जा सकता हैं। साथ ही लाइफस्टाइल में बदलाव करके काफी हद तक बीमारी से निपटा जा सकता है। प्रतिदिन कोई भी शारीरिक गतिविधि जैसे दौड़ना, पैदल चलना, साइकिल चलाना, योगाभ्यास करना, तैराकी करना आदि से शरीर क्रियाशील बना रहता हैं। जिससे रक्त शर्करा का स्तर नियंत्रित रहता है। आहार संतुलन और व्यायाम भी आवश्यक है।

डिस्क्लेमर

यह लेख सामान्य जानकारी के आधार पर लिखा गया है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा डॉक्टर्स की सलाह जरूर लें। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।