Gwalior Information: पार्वती काली सिंध चंबल योजना के माध्यम से दूर होगी ग्वालियर में पानी की समस्या

जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत ग्वालियर के ऐतिहासिक सागरताल के सौंदर्यीकरण व जीर्णोद्धार कार्य सीएम ने किया। पार्वती-काली-सिंध-चंबल योजना के माध्यम से न केवल ग्वालियर बल्कि गुना और राजगढ़ तक पानी की समस्या का समाधान होगा।

By Neeraj Pandey

Publish Date: Solar, 16 Jun 2024 02:13:25 AM (IST)

Up to date Date: Solar, 16 Jun 2024 02:13:25 AM (IST)

ग्वालियर के सागरताल के सौंदर्यीकरण हेतु श्रमदान

HighLights

  1. सीएम ने किया सागरताल के सौंदर्यीकरण व जीर्णोद्वार कार्य में श्रमदान
  2. मुख्यमंत्री ने किया 388 करोड़ के विकास कार्यों का किया भूमिपूजन व लोकार्पण
  3. 43 हजार करोड़ की केन बेतवा लिंक योजना

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत ग्वालियर के ऐतिहासिक सागरताल के सौंदर्यीकरण व जीर्णोद्धार कार्य में श्रमदान किया और लोगों को भी जल संरचनाएं सहेजने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने शहर में 45 करोड़ 68 लाख रुपये की लागत से मूर्तरूप लेने जा रहे अत्याधुनिक कन्वेंशन सेंटर और लगभग 388 करोड़ रुपये लागत के विकास कार्यों का भूमिपूजन तथा लोकार्पण भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पार्वती-काली-सिंध-चंबल योजना के माध्यम से न केवल ग्वालियर बल्कि गुना और राजगढ़ तक पानी की समस्या का समाधान होगा। इस योजना का जल्द ही भूमिपूजन किया जाएगा। इससे न केवल पानी की समस्या दूर होगी बल्कि किसान को सिंचाई के लिए पानी मिल सकेगा और औद्योगिक इकाइयां स्थापित होने के द्वार खुलेंगे।

आज #जल_गंगा_संवर्धन_अभियान_MP के अंतर्गत ग्वालियर के सागरताल के सौंदर्यीकरण व जीर्णोद्धार हेतु नागरिकों के साथ श्रमदान किया। साथ ही आयोजित कार्यक्रम में सहभागिता कर विचार साझा करते हुए जलस्रोतों के संवर्धन व पर्यावरण के संरक्षण की अपील की। कार्यक्रम में विभिन्न विकास कार्यों का… pic.twitter.com/w0V1n1ZKPk

— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) June 15, 2024

केन बेतवा लिंक योजना का मिलेगा लाभ

मुख्यमंत्री डा. यादव ने कहा कि 43 हजार करोड़ की केन बेतवा लिंक योजना का लाभ भिंड क्षेत्र को मिलेगा। इसके टेंडर कर दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि ग्वालियर से उड़ने वाले जहाजों ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के एक इशारे पर पाकिस्तान जैसे दुश्मन देश के घर में घुसकर बैंड बजाने का काम किया।

केन्द्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि माधौ महाराज के समय में जो भी तालाब बने, अगर हम उनका गहरीकरण करें तो पर्याप्त मात्रा में बारिश का पानी एकत्रित होगा और एक-एक व्यक्ति को पर्याप्त मात्रा में पानी मिल सकेगा। यह सागरताल माधौमहाराज के समय में बनाया गया था। पांच बार इसका जीर्णोंद्धार हो चुका है, आज छठवीं बार हो रहा है।