बादलों की आवाजाही के बावजूद वर्षा नहीं होने से लोग गर्मी से बेहाल, अधिकतम तापमान 44 डिग्री के पार चला गया। प्रदेश के दक्षिणी हिस्से में मानसून की दस्तक के बाद इसकी गति कमजोर होने से उत्तरी छत्तीसगढ़ अभी भी वर्षा की बाट जोह रहा है।
By Anang Pal Dixit
Publish Date: Fri, 14 Jun 2024 07:04:52 AM (IST)
Up to date Date: Fri, 14 Jun 2024 07:04:52 AM (IST)
आसमान में छाए घने बादल
नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर। मानसून में हो रही देरी के बीच गुरूवार को अंबिकापुर का अधिकतम तापमान 42 डिग्री पहुंच गया। यह सामान्य से लगभग पांच डिग्री अधिक तापमान है। लगातार तीन दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से लोग हलाकान हैं। जून के पहले पखवाड़े में उत्तर छत्तीसगढ़ में लू की स्थिति बनी हुई है।दिन के अलावा रात में भी लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल रही है। न्यूनतम तापमान भी सामान्य से दो डिग्री अधिक है।
मानसून की गति नहीं पकड़ने से गर्मी के तेवर कमजोर नहीं हुए हैं। मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन चार दिनों में मानसून के उत्तरी छत्तीसगढ़ में सक्रिय होने की संभावना है। इसके बाद ही लोगों को बेचैन करने वाली गर्मी से राहत मिल सकती है। उत्तरी छत्तीसगढ़ में इस वर्ष रिकार्डतोड़ गर्मी पड़ी।
अधिकतम तापमान 44 डिग्री के पार चला गया। प्रदेश के दक्षिणी हिस्से में मानसून की दस्तक के बाद इसकी गति कमजोर होने से उत्तरी छत्तीसगढ़ अभी भी वर्षा की बाट जोह रहा है। हालांकि दोपहर बाद आसमान में बादल छा रहे हैं लेकिन वर्षा नहीं होने से उमसभरी गर्मी लोगों को बेचैन कर रही है।
मौसम विज्ञानी एएम भट्ट के अनुसार मानसून की उत्तरी सीमा नवसारी, जलगांव, अमरावती, चंद्रपुर, बीजापुर, सुकमा, मलकानगिरी, विजयनगरम और बंगाल की खाड़ी से होती हुई इस्लामपुर से लगातार गुजर रही है। मानसून के महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, ओडिशा, तटीय आंध्रप्रदेश और उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में अगले तीन चार दिनों में कुछ और आगे बढ़ने की अनुकूल परिस्थिति बनी हुई हैं।