Gwalior Information: सीवर लाइन का मुआवजा लेकर भी काट रहे प्लाट, एक बीघा निजी में सात बीघा बेची
न्यू सुरेश नगर में शीतला गार्डन कालाेनी सरकारी जमीन पर बसाए जाने के मामले में एक नहीं कई बड़ी गडबड़ियां की गई हैं। यहां सीवर लाइन का मुआवजा जिन लोगों ने लिया वही उसी जमीन पर प्लाटिंग कर रहे हैं
By Varun Sharma
Publish Date: Sat, 08 Jun 2024 08:37:51 AM (IST)
Up to date Date: Sat, 08 Jun 2024 08:37:51 AM (IST)
HighLights
- गोसपुरा स्थित न्यू सुरेश नगर में शीतला गार्डन कालोनी में पांच बीघा सरकारी जमीन अतिक्रमण का मामला
- बिल्डर ने एक बीघा निजी जमीन पर प्लाटिंग करने के साथ सरकारी सात बीघा पर प्लाट का कर रजिस्ट्री कर दी
नईदुनिया प्रतिनिधि,ग्वालियर। न्यू सुरेश नगर में शीतला गार्डन कालाेनी सरकारी जमीन पर बसाए जाने के मामले में एक नहीं कई बड़ी गडबड़ियां की गई हैं। यहां सीवर लाइन का मुआवजा जिन लोगों ने लिया वही उसी जमीन पर प्लाटिंग कर रहे हैं, क्योंकि सीवर लाइन अधिग्रहण का रिकार्ड में अमल नहीं हुआ है। इसके साथ ही सीलिंग की जमीन पर भी प्लाटिंग कर दी गई। बिल्डर ने एक बीघा निजी जमीन पर प्लाटिंग करने के साथ सरकारी सात बीघा पर प्लाट का कर रजिस्ट्री कर दी। यहां पीतांबरा स्टेट कालोनी बनाना बताया गया है। इसके साथ ही जीडीए के सर्वे नंबरों को भी दबा लिया गया है।
बता दें कि न्यू सुरेश नगर शीतला गार्डन कालोनी को लेकर प्रशासन से शिकायत हुई। शिकायत में लिखा है कि बहुमूल्य शहरी शासकीय भूमि वार्ड क्र. 22 में ग्राम गोशपुरा के सर्वे क्र. नं. 2196 (रकवा 0100 है.), 2198 (रकवा 0.1880 है.), 2226 (रकवा 0.2090 है.) आदि लगभग 2 बीघा पर (शीतला गार्डन के पास) पर अवैध प्लाटिंग हो रही है। इस शासकीय भूमि पर भू माफिया के द्वारा अवैध कॉलोनी काट कर आवासीय, व्यवसायिक भवन आदि का निर्माण कराया जा रहा है और मध्य प्रदेश शासन को आर्थिक नुकसान पहुंचाया जा रहा है। भू मफिया यहां पास के शासकीय गंदे नाले, शीतला गार्डन आदि से लगी हुई निजी जमीन का सर्वे नंबर डालकर रजिस्ट्री कराई जा जाती हैं और इन शासकीय भूमि में कब्जा दिया गया है। शिकायतकर्ता के अनुसार विशाल सिंह गुर्जर, मेहताब सिंह, केदार गुर्जर, व दीपक जैन इन्होंने सरकारी जमीन की बिक्री की है।
इन सर्वे नंबरों पर ले चुके सीवर लाइन का मुआवजा
न्यू सुरेश नगर थाटीपुर में सरकारी जमीन पर कब्जे के इस मामले को दिखवाया जाएगा। सरकारी चिन्हित होने के बाद आगामी कार्रवाई में क्या प्रक्रिया चल रही है, इसको लेकर अधिकारियों से चर्चा करेंगे।
रुचिका चौहान, कलेक्टर

