कांग्रेस की पूर्व प्रवक्‍ता राधिका खेड़ा ने ली भाजपा की सदस्‍यता, अभिनेता शेखर सुमन भी हुए शामिल

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के प्रवक्ता रहे खेड़ा ने अपने खिलाफ साजिश का आरोप लगाते हुए रविवार को कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था।

By Navodit Saktawat

Publish Date: Tue, 07 Might 2024 01:45:31 PM (IST)

Up to date Date: Tue, 07 Might 2024 02:02:09 PM (IST)

कांग्रेस की पूर्व प्रवक्‍ता राधिका खेड़ा ने ली भाजपा की सदस्‍यता, अभिनेता शेखर सुमन भी हुए शामिल
उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्हें अयोध्या में राम मंदिर का दौरा करने के लिए परेशान किया गया था।

HighLights

  1. अगर मुझे भाजपा सरकार का संरक्षण नहीं मिला होता तो मैं यहां तक नहीं पहुंच पाती।
  2. आज की कांग्रेस महात्मा गांधी की कांग्रेस नहीं है।
  3. यह राम विरोधी, हिंदू विरोधी कांग्रेस है।

एजेंसी, नई दिल्‍ली। राजस्थान कांग्रेस की पूर्व नेता राधिका खेड़ा मंगलवार को भाजपा में शामिल हो गईं। उनके साथ अभिनेता शेखर सुमन ने भी भाजपा की सदस्‍यता ग्रहण कर ली है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) की प्रवक्ता रही खेड़ा ने अपने खिलाफ साजिश का आरोप लगाते हुए रविवार को कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्हें अयोध्या में राम मंदिर का दौरा करने के लिए परेशान किया गया था।

खेड़ा ने आरोप लगाया था कि छत्तीसगढ़ कांग्रेस के पार्टी नेताओं ने उन्हें परेशान किया, उन्हें एक कमरे में बंद कर दिया और उनके साथ दुर्व्यवहार किया। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने यह मुद्दा पार्टी नेताओं के सामने उठाया था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।

भाजपा में शामिल होने के बाद खेड़ा ने कहा कि ‘रामभक्त होने के नाते, रामलला के दर्शन करने के लिए कौशल्या माता की धरती पर जिस तरह मेरे साथ दुर्व्यवहार किया गया, अगर मुझे भाजपा सरकार का संरक्षण नहीं मिला होता तो मैं यहां तक नहीं पहुंच पाती।

आज की कांग्रेस महात्मा गांधी की कांग्रेस नहीं है, यह राम विरोधी, हिंदू विरोधी कांग्रेस है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को लिखे अपने इस्तीफे में राधिका खेड़ा ने कहा कि उन्हें पार्टी के भीतर आलोचना का सामना करना पड़ा क्योंकि वह खुद को राम मंदिर जाने और राम लला की मूर्ति की एक झलक पाने से नहीं रोक सकीं।

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    वर्तमान में नईदुनिया डॉट कॉम में शिफ्ट प्रभारी हैं। पत्रकारिता में विभिन्‍न मीडिया संस्‍थानों में अलग-अलग भूमिकाओं में कार्य करने का 22 वर्षों का दीर्घ अनुभव। वर्ष 2002 से प्रिंट व डिजिटल में कई बड़े दायित्‍वों