एप्पल आईफोन का इस्तेमाल करने वाले लोग एप्पल पे के बारे में तो जानते ही हैं. खासतौर से वो लोग जो ब्रिटेन में रहते हैं, वो केल इसी का इस्तेमाल कर पाते हैं. लेकिन ऐसे लोगों के लिए अब एक खुशखबरी है. क्योंकि ब्रिटेन में iPhone से पेमेंट करने वाले यूजर्स को आने वाले समय में नए ऑप्शंस भी मिलेंगे. ब्रिटेन की कॉम्पिटीशन एंड मार्केट अथॉरिटी (CMA) ने एप्पल की कॉन्टैक्टलेस पेमेंट तकनीक पर उसकी पकड़ कम करने के लिए नए प्रस्ताव रखे हैं.
इस प्रस्ताव के बाद ब्रिटेन में एप्पल आईफोन में लोग अन्य एप्स भी चला पाएंगे. इन प्रस्तावों का मकसद दूसरी पेमेंट कंपनियों के लिए एप्पल की तकनीक का इस्तेमाल आसान बनाना और उनसे ली जाने वाली फीस कम करना है.
क्या है प्रस्ताव में?
रयटर्स के मुताबिक ब्रिटेन की CMA का कहना है कि एप्पल की हाई फीस, सख्त शर्तों और तकनीकी पाबंदियों के कारण दूसरी कंपनियों को अपनी पेमेंट सर्विस शुरू करने और बढ़ाने में परेशानी होती है. इसलिए ही तीन तरह के बदलाव करने का प्रस्ताव दिया गया है. जैसे:
- दूसरी कंपनियों को एप्पल की पेमेंट तकनीक इस्तेमाल करने के लिए पहले से कम फीस देना पड़े.
- दूसरी पेमेंट कंपनियों के लिए आईफोन की कॉन्टैक्टलेस तकनीक तक पहुंच आसान हो.
- डिजिटल बैंक और फिनटेक कंपनियां एप्पल पे के ऑप्शंस के रूप में अपनी सेवाएं पेश कर सकें.
हालांकि ये अभी प्रस्ताव है, आखिरी फैसला नहीं. CMA ने इन प्रस्तावों पर 17 नवंबर तक लोगों और कंपनियों से सुझाव मांगे हैं.
कंपनी ने क्या कहा?
इस बदलाव के प्रस्ताव के बारे में एप्पल कंपनी ने कहा कि, उसने डेवलपर्स के लिए NFC तकनीक और अपने सिक्योर एलिमेंट तक पहुंच के जरिए कॉन्टैक्टलेस पेमेंट से जुड़ी सुविधाएं विकसित करना संभव बनाया है. सिक्योर एलिमेंट आईफोन का एक सुरक्षित हिस्सा है, जहां कार्ड से जुड़ी संवेदनशील जानकारी और डिजिटल सिक्योरिटी कीज रखी जा सकती हैं. एप्पल के मुताबिक, इन सुविधाओं से कंपनियां इन-स्टोर पेमेंट, ट्रैवल पास और इवेंट टिकट जैसी सेवाएं बना सकती हैं.
ग्राहकों को होगा फायदा?
अगर ये प्रस्ताव लागू होते हैं, तो आईफोन यूजर्स को भविष्य में कुछ फायदे मिल सकते हैं, जैसे एप्पल पे के अलावा दूसरे पेमेंट एप इस्तेमाल करने के ज्यादा ऑप्शंस मिलेंगे, डिजिटल बैंक और फिनटेक कंपनियों के बीच कॉम्पिटीशन बढेगा, नई पेमेंट सुविधाओं और सेवाओं का विकास होगा. इसके अलावा कंपनियों के बीच कॉम्पिटीशन बढ़ने से बेहतर ऑफर मिलने की संभावना.
ये भी पढ़ें: चीनी 30% हो गई महंगी, 21 राज्यों में दाम आसमान पर, अब कितना है रेट?





