दुनियाभर में इस समय महंगाई की मार तेजी से लोगों पर पड़ रही है. इस साल की शुरुआत में ही ईरान- यूएस का युद्ध शुरू हो गया, जिसके कारण कच्चे तेल की दुनियाभर में किल्लत देशने को मिली. जिससे हर जगह महंगाई का डंका बचा. हालांकि जब वित्त वर्ष 2025-26 की GDP ग्रोत की बात आई तो, भारत की आर्थिक वृद्धि दर बढ़कर सामने आई. अब हाल ही में भारत के पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान की भी GDP के आंकड़े सामने आ गए हैं.
पाकिस्तान सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 (FY26) के लिए देश की आर्थिक विकास दर (GDP Growth) का अनुमान घटाकर 3.65% कर दिया है. पहले सरकार ने इसके 3.70% रहने का अनुमान लगाया था. इससे पहले विकास दर का लक्ष्य 4% रखा गया था.
क्यों पड़ी पाकिस्तान की रफ्तार धीमी?
Dawn की रिपोर्ट के मुताबिक, उद्योग और सेवा क्षेत्र की रफ्तार धीमी पड़ने के कारण ये बदलाव किया गया है. देश के तीनों प्रमुख क्षेत्रों कृषि, उद्योग और सेवा क्षेत्र की विकास दर में संशोधन किया गया है. जिसमें कृषि क्षेत्र की विकास दर 2.89% से बढ़कर 3.50% हो गई. उद्योग क्षेत्र की विकास दर पहले के 3.51% से घटकर 3.34% रह गई. तो वहीं सेवा क्षेत्र की विकास दर 4.09% से घटकर 3.81% हो गई है.
इन आंकड़ों से पता चलता है कि पाकिस्तान में कृषि क्षेत्र का प्रदर्शन बेहतर रहा, लेकिन उद्योग और सेवा क्षेत्र की धीमी रफ्तार ने कुल आर्थिक विकास को प्रभावित किया.
आवाम पर क्या होगा असर?
इस रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान में प्रति व्यक्ति आय में कुछ बढ़ोतरी हुई है, लेकिन महंगाई के कारण आम लोगों की लाइफ स्टाइल में खास सुधार नहीं हुआ है. महंगाई बढ़ने से लोगों की कमाई का बड़ा हिस्सा रोजमर्रा की जरूरतों पर खर्च हो रहा है. ऐसे में उनके पास बचत करने, निवेश करने और अन्य जरूरतों को पूरा करने के लिए कम पैसा बचता है.
भारत से GDP ग्रोथ में कितना पीछे पाकिस्तान?
वित्त वर्ष 2025-26 में भारत की अर्थव्यवस्था पाकिस्तान के मुकाबले काफी तेजी से बढ़ी है. भारत की GDP ग्रोथ 7.7% रही, जबकि पाकिस्तान की विकास दर घटकर 3.65% रह गई. इसका मतलब है कि भारत की अर्थव्यवस्था पाकिस्तान के मुकाबले लगभग दोगुनी से ज्यादा तेज रफ्तार से आगे बढ़ी है. जो पाकिस्तान से 4.05% अंक ज्यादा रही.
ये भी पढ़ें: दशहरे के बाद बढ़ेगा महंगाई भत्ता? केंद्रीय कर्मचारियों को अब इस तारीख से है उम्मीद





