नेपाल में फिर तबाही! बूढ़ी गंडकी में आई बाढ़ से कई पुल-घर बहे, 10 लापता


नेपाल में एक बार फिर से कुदरत ने करवट ली है, जो कि नेपाल के लोगों के लिए बड़ी आफत बनती दिख रही है. नेपाल के गोरखा जिले से बहने वाली गंडकी नदी में पानी का स्तर तेजी से बढ़ रहा है, गंडकी नदी में बढ़ रहा यह उफान लोगों के लिए तबाही बनकर उनके घरों में घुस रहा है. बूढ़ी गंडकी नदी में आई बाढ़ की वजह से गोरखा जिले में कम से कम 10 लोग लापता हो गए, 6 पुल बह गए और करीब 35 घर तबाह हो गए. अधिकारियों ने बचाव और राहत काम के लिए सेना के जवानों और हेलीकॉप्टरों को तैनात किया है, साथ ही नदी किनारे रहने वालों को तुरंत दूसरी जगह जाने की चेतावनी दी है.

बूढ़ी गंडकी हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट को हुआ नुकसान

इस बाढ़ में कई पुल बाढ़ के पानी से तबाह हो गए. बूढ़ी गंडकी हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट की कैंप बिल्डिंग तबाह हो गई. नदी के किनारे रहने वालों के लिए अलर्ट जारी हुआ. फिलहाल नेपाल पुलिस की ओर से लगातार अनाउंसमेंट की जा रही है. बूढ़ी गंडकी नदी के तटवर्ती इलाकों में बसे लोगों के लिए अलर्ट जारी किया गया.

नदी में बढ़ रहे पानी के स्तर को देख कर लोगों में नुकसान का डर एक बार फिर से नजर आने लगा है, कई इलाकों में बाढ़ का खतरा लगातार पैदा हो गया है. लोग डरे, सहमे हुए हैं और सुरक्षित जगहों की तलाश कर रहे हैं. प्रशासन लगातार आसपास के इलाकों में सूचना जारी करके और माइक से अनाउन्स्मेन्ट करके लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील कर रहा है.

लैंड स्लाइड से आई बाढ़

रविवार को नेपाल की बूढ़ी गंडकी नदी में अचानक आई बाढ़ से गोरखा में कई घर बह गए. अभी तक किसी की मौत की खबर नहीं है. अधिकारी बाढ़ के मुख्य कारणों की जांच कर रहे हैं. अनुमान लगाया जा रहा है कि लैंड स्लाइड की वजह से बाढ़ आई है, पहाड़ के ऊपर लैंड स्लाइड हुआ था. लैंड स्लाइड के मलबे से के पानी का रास्ता रुक जाने के कारण बाढ़ आने का अनुमान है.

गोरखा जिले से कई सारी ऐसे वीडियो और तस्वीरें सामने आ रही हैं, जिनमें लोग अचानक आई बाढ़ से भागकर अपनी जान बचाते दिख रहे हैं. जैसे ही नदी के पानी ने तटीय इलाकों में एंट्री की वहां पर मौजूद लोगों में अफरातफरी देखने को मिल रही है. गंडकी नदी का पानी अचानक सैलाब में तब्दील हो गया. जिसने राह में आने वाली हर चीज को तबाह और बर्बाद कर दिया.

प्रधानमंत्री ने भेजी सैन्य टुकड़ी

प्रधानमंत्री बालेन शाह ने कहा है कि आर्मी की एक टुकड़ी को हवाई रास्ते से हालातों पर काबू करने और लोगों की रक्षा के लिए भेजा जा रहा है. साथ ही गृह मंत्री सुडान गुरुंग ने बताया कि बचाव और राहत कार्यों में मदद के लिए हेलीकॉप्टर टीमों समेत सुरक्षा कर्मियों को तैनात किया गया है. उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है और घाट्टेखोला में कुछ घरों में बाढ़ का मटमैला पानी घुस गया है. सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में, गुरुंग ने चुमनुबरी ग्रामीण नगर पालिका के वार्ड 3 में न्याकचेट और फिल्म बाजार को जोड़ने वाले पुल के नष्ट होने पर चिंता जताई.

नेपाल में यह बाढ़ 26 अगस्त को रसुवा जिले में भोते कोशी नदी में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद आई है. नेशनल डिजास्टर रिस्क रिडक्शन एंड मैनेजमेंट अथॉरिटी (NDRRMA) के अनुसार, रसुवा और त्रिशूली नदी इलाकों में आई बाढ़ में 1,455 लोगों की जान चली गई, जबकि 5,285 लोग लापता हो गए थे.