ओमान ने क्यों किया था बैन? फ्लाई दुबई में कैसे मिली एंट्री, माछर के हमलावर की पूरी कुंडली


फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में भारतीय कैप्टन स्मित माछर पर हमले के बाद को-पायलट हमाम अल-हमामी को लेकर कई नई जानकारियां सामने आई हैं. रिपोर्टों के मुताबिक, 29 वर्षीय ओमानी नागरिक हमाम को 2024 में ओमान एयर में ट्रेनिंग के दौरान सुरक्षा को लेकर चिंता के घेरे में रखा गया था. उसके पास कथित तौर पर चरमपंथी सामग्री मिलने के बाद उसे उड़ान से हटा दिया गया था. इसके बाद उसे एयरलाइन में गैर-उड़ान यानी प्रशासनिक काम दिया गया था.

ABC News की रिपोर्ट के अनुसार, हमाम अल-हमामी 2024 में ओमान एयर में को-पायलट ट्रेनिंग कर रहा था. इसी दौरान उसके पास कथित तौर पर चरमपंथी सामग्री मिली थी. इसके बाद उसे उड़ान भरने से रोक दिया गया और सुरक्षा जोखिम के तौर पर देखा गया. रिपोर्ट के मुताबिक, उसे ओमान एयर से पूरी तरह अलग नहीं किया गया था. उसे प्रशासनिक भूमिका में काम करने की अनुमति दी गई थी. हालांकि, यह साफ नहीं है कि उस समय ओमानी अधिकारियों ने दूसरे देशों या एयरलाइनों के साथ उसकी सुरक्षा संबंधी जानकारी साझा की थी या नहीं.

सोशल मीडिया और पुराने रिकॉर्ड की भी जांच

फ्लाईदुबई घटना के बाद हमाम के पुराने सोशल मीडिया रिकॉर्ड भी जांच के दायरे में आए हैं. रिपोर्टों के मुताबिक, उसके नाम से जुड़े एक लिंकडिन प्रोफाइल पर ओमान एयर में काम करने की जानकारी थी. यह प्रोफाइल अब हटाया जा चुका है. CNN से जुड़े रिपोर्ट में कहा गया है कि एक राजनयिक सूत्र के अनुसार, उसे उसके विचारों को लेकर फ्लाइट ट्रेनिंग से हटाया गया था और बाद में दूसरी भूमिका दी गई थी. कुछ रिपोर्टों में उसके सीरिया में रहने और वहां कथित तौर पर चरमपंथी विचारों के संपर्क में आने की बात भी कही गई है. हालांकि, इन दावों की पूरी तस्वीर अभी जांच का हिस्सा है.

इसके बाद रॉयल एयर मारोक से भी जुड़ा

हमाम के पुराने करियर रिकॉर्ड में रॉयल एयर मारोक का नाम भी सामने आया है. मोरक्को की वेबसाइट ले डेस्क के मुताबिक, उसने वहां करीब तीन महीने की सैद्धांतिक ट्रेनिंग ली थी और एयरलाइन ने कहा है कि उसने वहां विमान नहीं उड़ाया था. उसके हटाए गए लिंकडिन प्रोफाइल के अनुसार, वह फरवरी 2025 तक ओमान एयर से जुड़ा था और बाद मेंरॉयल एयर मारोक से जुड़ा. इसके बाद वह फ्लाईदुबई तक पहुंचा. उसके करियर के इस हिस्से की अलग-अलग रिपोर्टों में कुछ अंतर भी हैं.

फ्लाईदुबई की फ्लाइट में क्या हुआ?

30 सितंबर को फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी. इसी दौरान को-पायलट हमाम अल-हमामी पर भारतीय कैप्टन स्मित माछर पर हमला करने का आरोप है. रिपोर्टों के मुताबिक, हमले के बाद विमान तेजी से नीचे जाने लगा. कैप्टन माछर ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाबी हासिल की, जिसके बाद कुछ यात्रियों और विमान में मौजूद रिजर्व पायलटों ने स्थिति संभाली. विमान को सऊदी अरब के तबुक की ओर मोड़ दिया गया और वहां उसकी इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई. सभी यात्री और चालक दल के सदस्य सुरक्षित रहे.