जापान में रोबोटिक्स की दुनिया से एक ऐसा मामला सामने आया है जो आने वाले समय की झलक देता है. यहां इंसानों के लिए नहीं बल्कि ह्यूमनॉइड रोबोट्स की मरम्मत के लिए खास एंबुलेंस तैयार की गई है. ये वाहन किसी रोबोट के खराब होने पर उसके पास पहुंचेगा और जरूरत पड़ने पर वहीं मरम्मत करने के साथ-साथ खराब रोबोट की जगह दूसरा रोबोट भी उपलब्ध कराएगा.
कैसी है ये रोबोट एंबुलेंस?
इस खास वाहन को जापानी कंपनी GMO AI & Robotics Trading (GMO AIR) ने तैयार किया है. कंपनी के मुताबिक ये जापान में ह्यूमनॉइड रोबोट्स की देखभाल के लिए डिजाइन किया गया पहला समर्पित वाहन है. इसे सितंबर 2026 से टोक्यो में इस्तेमाल किया जा रहा है.
बाहर से देखने पर ये किसी एंबुलेंस जैसी नजर आती है. इसमें रूफ लाइट्स और Humanoid Ambulance की मार्किंग दी गई है. हालांकि, इसका काम इंसानों का इलाज करना नहीं बल्कि खराब पड़े रोबोट को दोबारा काम करने लायक बनाना है.
खराब रोबोट की जगह तुरंत मिलेगा दूसरा रोबोट
GMO AIR की एंबुलेंस में जरूरत पड़ने पर एक एक्सट्रा ह्यूमनॉइड रोबोट भी ले जाया जा सकता है. अगर मौके पर खराब रोबोट को ठीक करना संभव नहीं है तो उसे वाहन में वापस ले जाया जाएगा और उसकी जगह दूसरा रोबोट काम संभाल सकता है.
इस तरह किसी कंपनी या संस्थान का काम लंबे समय तक बंद रहने से बचाया जा सकता है. खराब मशीन को इसके बाद GMO के शिबुया कंडिशन ह्यूमनॉइड लैब जैसे रिपेयर बेस पर ले जाया जा सकता है.
यह भी पढ़ें: बच्चे का Instagram अकाउंट देख सकते हैं पैरेंट्स? क्या कहता है Meta
अंदर क्या-क्या मिलेगा?
ये वाहन एक तरह की मोबाइल रोबोट रिपेयर वर्कशॉप है. इसमें रोबोट की जांच के लिए डायग्नोस्टिक उपकरण, जरूरी स्पेयर पार्ट्स और रिपेयर टूल्स रखे जाते हैं. साथ ही एक इंजीनियर भी मौके पर पहुंचता है, जो खराब रोबोट की जांच और मरम्मत कर सकता है. अगर खराबी इतनी बड़ी हो कि रोबोट की मौके पर मरम्मत संभव न हो तो यहां सबसे दिलचस्प सुविधा काम आती है.
अभी सिर्फ एक एंबुलेंस से हुई शुरुआत
फिलहाल GMO AIR के पास टोक्यो में ऐसी एक ही एंबुलेंस है. ये सर्विस हर कंपनी के रोबोट के लिए उपलब्ध नहीं है. फिलहाल इसका इस्तेमाल मुख्य रूप से GMO AIR द्वारा तैनात किए गए ह्यूमनॉइड रोबोट्स की देखभाल के लिए किया जाएगा और हर मामले में वाहन भेजने का फैसला कंडिशन के आधार पर किया जाएगा.
कंपनी का कहना है कि जैसे-जैसे ह्यूमनॉइड रोबोट्स का इस्तेमाल बढ़ेगा, वैसे-वैसे इस तरह की मोबाइल मेंटेनेंस सर्विस की जरूरत भी बढ़ सकती है. इसी को ध्यान में रखते हुए जापान में रोबोट्स के लिए जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने की कोशिश शुरू हो गई है.
रोबोट के दौर में जरूरी होगी ऐसी सर्विस
ह्यूमनॉइड रोबोट अगर एयरपोर्ट, फैक्ट्री, होटल या दूसरे कामकाजी क्षेत्रों में लगातार इस्तेमाल किए जाएंगे तो उनके खराब होने पर तुरंत सर्विस उपलब्ध कराना भी उतना ही जरूरी होगा. GMO AIR का ये एक्सपेरिमेंट इसी समस्या का शुरुआती समाधान माना जा सकता है. कंपनी का लक्ष्य फिलहाल सिर्फ रोबोट बेचना नहीं बल्कि उन्हें लगातार काम करते रखने के लिए पूरा सपोर्ट सिस्टम तैयार करना है.
यह भी पढ़ें:
Threads पर बच्चों की एक्टिविटी पर अब पैरेंट्स की रहेगी नजर, Meta ने दिया नया कंट्रोल





