यूरोप दौरे पर जाएंगे PM मोदी, पहली बार स्लोवाकिया की यात्रा, मैक्रों संग मीटिंग, G-7 में शिरकत


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 13-18 जून तक फ्रांस और स्लोवाकिया के दौरे पर रहेंगे. फ्रांस में आयोजित G7 शिखर सम्मेलन में पीएम मोदी शामिल होंगे. इस सम्मेलन में अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप भी शामिल होने एविएन पहुंचेंगे. ऐसा माना जा रहा है कि फरवरी 2025 के बाद पहली बार पीएम मोदी और ट्रंप की मुलाकात हो सकती है. फ्रांस के खूबसूरत एविएन शहर में G-7 सम्मेलन का आयोजन हो रहा है. G-7 में तमाम वैश्विक मुद्दों पर चर्चा होगी और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज चर्चा का एक बड़ा मुद्दा हो सकता है. 

पीएम मोदी इस यात्रा की शुरूआत 13 जून को फ्रांस के नीस शहर से करेंगे. 14 जून को पीएम मोदी नीस में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे. मोदी और मैक्रों भारत-फ्रांस द्विपक्षीय संबंधों के सभी पहलुओं की समीक्षा करेंगे. इसी साल भारत और फ्रांस के संबंधों को विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी में तब्दील किया गया था. 

नीस में दोनों नेता संयुक्त रूप से ‘भारत इनोवेट्स’ (Bharat Innovates) कार्यक्रम का उद्घाटन भी करेंगे. इस कार्यक्रम में भारत, फ्रांस और अन्य देशों के प्रमुख स्टार्टअप और वेंचर कैपिटल फंड में भाग लेंगे. भारत-फ्रांस नवाचार वर्ष (India-France Year of Innovation) के दौरान आयोजित यह प्रमुख कार्यक्रम दोनों देशों के बीच मजबूत साझेदारी को और सुदृढ़ करेगा.

स्लोवाकिया यात्रा
यात्रा के दूसरे चरण में स्लोवाक के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री मोदी 14-16 जून 2026 तक स्लोवाकिया की राजकीय यात्रा करेंगे. इस देश के 1993 में आजाद होने के बाद से यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा होगी. यह यात्रा अप्रैल 2025 में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की स्लोवाकिया यात्रा तथा फरवरी 2026 में एआई इम्पैक्ट समिट के लिए स्लोवाक राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी की भारत यात्रा के बाद हो रही है.

प्रधानमंत्री मोदी प्रधानमंत्री फिको के साथ वार्ता करेंगे और सहयोग के नए क्षेत्रों की संभावनाओं पर चर्चा करेंगे. वह राष्ट्रपति पेलेग्रिनी से भी मुलाकात करेंगे. यह यात्रा व्यापार, निवेश, ऑटोमोबाइल और रेलवे विनिर्माण सहित विभिन्न क्षेत्रों में भारत-स्लोवाकिया संबंधों को और मजबूत करने की भारत की प्रतिबद्धता को मजबूत करेगी. 

जी-7 शिखर सम्मेलन में भागीदारी
यात्रा के तीसरे चरण में प्रधानमंत्री 16-17 जून 2026 को फ्रांस के एवियन में आयोजित जी-7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे. शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री जी-7 देशों के नेताओं, आमंत्रित साझेदार देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ विचार-विमर्श करेंगे.

G-7 में चर्चा के प्रमुख विषय 
नई साझेदारियों का निर्माण और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता का पुनर्निर्माण.
सभी के लिए संतुलित, साझा और सतत आर्थिक विकास को पुनर्जीवित करना.
कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) का सुरक्षित, तीव्र और प्रभावी विस्तार सुनिश्चित करना.
शिखर सम्मेलन से साइडलाइन में पीएम मोदी कई नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी करेंगे. 

पीएम मोदी की पेरिस यात्रा
यात्रा के अंतिम चरण में प्रधानमंत्री 18 जून 2026 को आगे की द्विपक्षीय बैठकों के लिए पेरिस जाएंगे, जहां यूरोप के सबसे बड़े प्रौद्योगिकी और स्टार्टअप आयोजन विवाटेक (VivaTech) शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे. प्रधानमंत्री मोदी के पेरिस में भारतीय समुदाय के सदस्यों को संबोधित करने की भी संभावना है. 

प्रधानमंत्री की यह यूरोप यात्रा फ्रांस, स्लोवाकिया और जी-7 देशों के साथ भारत की साझेदारी को और गहरा करेगी. जी-7 में प्रधानमंत्री मोदी की भागीदारी वैश्विक दक्षिण (Global South) की एक प्रमुख आवाज और वैश्विक चुनौतियों के समाधान में एक महत्वपूर्ण साझेदार के रूप में भारत की बढ़ती भूमिका को दर्शाती है. 

भारत इनोवेट्स और विवाटेक शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री की भागीदारी भारत को नवाचार, डिजिटल परिवर्तन और उद्यमिता के वैश्विक केंद्र के रूप में प्रदर्शित करेगी. इसके अलावा भारतीय, फ्रांसीसी और यूरोपीय प्रौद्योगिकी पारिस्थितिकी तंत्रों के बीच नई साझेदारियों को बढ़ावा देने में सहायक होगी. यह यात्रा यूरोपीय संघ (European Union) के साथ भारत की व्यापक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने की भारत की प्रतिबद्धता की भी मजबूत करेगी. 

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