केंद्र सरकार का फोकस शिक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर, पूर्वोत्तर राज्यों को मिल रही नई पहचान

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Investment in Northeast India: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को दावा किया कि, केंद्र सरकार ने पिछले 11 वर्षों में पूर्वोत्तर में शिक्षा क्षेत्र में 21,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है. सीतारमण ने कहा कि, इस अवधि के दौरान क्षेत्र में कनेक्टिविटी को भी बढ़ावा मिला है, रेलवे मानचित्र पर नए राज्य शामिल हुए हैं और कई ग्रीनफील्ड हवाई अड्डों का निर्माण किया गया है.

वित्त मंत्री ने तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा एवं प्रशिक्षण पर केंद्रित असम के पहले विश्वविद्यालय की शनिवार, 8 नवंबर 2025 को आधारशिला रखने के अवसर पर यह बात कही.  

नई परियोजनाओं की जानकारी

विश्वनाथ जिले में गोहपुर के भोलागुड़ी में 415 करोड़ रुपये की लागत से ‘स्वाहिद कनकलता बरुआ राज्य विश्वविद्यालय’ का निर्माण किया जा रहा है. यह विश्वविद्यालय कुल 241 एकड़ क्षेत्र में फैला होगा. इसमें 2,000 छात्रों के लिए शैक्षणिक ब्लॉक, 1,620 छात्रों के लिए छात्रावास, आवासीय क्वार्टर, अतिथि गृह और एक छात्र सुविधा केंद्र होगा. विश्वविद्यालय कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं मशीन लर्निंग, साइबर सुरक्षा, ब्लॉकचेन, ड्रोन और नौवहन प्रौद्योगिकी, क्वांटम कंप्यूटिंग, ब्रेन कंप्यूटर इंटरफेस, और स्मार्ट सिटी एवं स्मार्ट वातावरण जैसे विभिन्न तकनीकी क्षेत्रों में पाठ्यक्रम उपलब्ध कराएगा. 

सीतारमण ने कहा, ‘‘वर्ष 2014 से अब तक केंद्र सरकार ने पूर्वोत्तर में शिक्षा क्षेत्र में 21,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है. इस क्षेत्र में 850 से अधिक नए स्कूल खोले गए हैं. क्षेत्र में पहला एम्स शुरू हो गया है, तथा 200 से अधिक नए कौशल विकास संस्थान चालू हो गए हैं. देश का पहला खेल विश्वविद्यालय भी इसी क्षेत्र में स्थापित किया जा रहा है.’’ उन्होंने कहा कि अकेले असम में 15 नए मेडिकल कॉलेज बनाए गए हैं, जबकि दक्षिण एशिया का सबसे बड़ा कैंसर देखभाल केंद्र राज्य में बन रहा है और प्रदेश में जल्द ही क्षेत्र का दूसरा भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) भी होगा. 

केंद्रीय मंत्री ने कहा, ‘‘शिक्षा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए केंद्र क्षेत्र की राज्य सरकारों के साथ समन्वय में काम कर रहा है.’’ सीतारमण ने कहा कि सड़कों, पुलों और सुरंगों के विकास के अलावा केंद्र इस क्षेत्र में विमानन और रेलवे क्षेत्र पर भी काम कर रहा है. उन्होंने कहा कि पिछले 11 वर्षों में इस क्षेत्र में 10 नए ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे बनाए गए हैं. 

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दिल्ली के बाद अब काठमांडू एयरपोर्ट पर आई तकनीकी खराबी, सभी उड़ानों पर रोक

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दिल्ली में विमान संचालन में आई तकनीकी खामी के बाद अब नेपाल में भी कुछ ऐसी ही दिक्कत सामने आई है. नेपाल के त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर रनवे की लाइट्स में तकनीकी खराबी आने के बाद सभी आने-जाने वाली उड़ानों को रोक दिया गया है. एयरपोर्ट अधिकारियों ने बताया कि समस्या दूर होने तक उड़ान संचालन बंद रहेगा.

घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानें दोनों प्रभावित
अधिकारियों के मुताबिक, रनवे लाइट्स में तकनीकी समस्या के कारण नेपाल के त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों तरह की उड़ानें रोक दी गई हैं. सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी विमानों को ग्राउंड कर दिया गया है.

तकनीकी टीम मौके पर तैनात
समस्या की जांच और समाधान के लिए तकनीकी टीमें एयरपोर्ट पर तैनात की गई हैं. अधिकारियों ने कहा कि सामान्य उड़ान संचालन जल्द से जल्द बहाल करने के प्रयास जारी हैं. एयरपोर्ट के प्रवक्ता रेनजी शेर्पा ने ANI को बताया कि रनवे के एयरफील्ड लाइटिंग सिस्टम में दिक्कत आई है. उन्होंने कहा, कम से कम पांच उड़ानें इस समय होल्ड पर हैं. सभी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय आगमन व प्रस्थान उड़ानें देरी का सामना कर रही हैं. समस्या का पता शाम 5:30 बजे (स्थानीय समय) चला.

नेपाल का सबसे बड़ा एयरपोर्ट प्रभावित
त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा नेपाल का मुख्य विमानन केंद्र है और देश के अधिकांश हवाई यातायात का संचालन यहीं से होता है. रनवे लाइटिंग में खराबी के चलते पूरे देश की उड़ान व्यवस्था प्रभावित हो गई है.

भारत में भी एक दिन पहले उड़ानें हुई थीं बाधित
यह घटना उस एक दिन बाद सामने आई है जब भारत के दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI) पर बड़ी तकनीकी खराबी के कारण शुक्रवार को उड़ान संचालन बाधित हो गया था, जिसका असर पूरे देश के एयर ट्रैफिक पर पड़ा था.

AMSS सिस्टम खराब होने से बिगड़ा संचालन
एयरपोर्ट अधिकारियों ने बताया कि एयर ट्रैफिक कंट्रोल के फ्लाइट प्लानिंग प्रोसेस से जुड़ा अहम सिस्टम ऑटोमैटिक मैसेज स्विचिंग सिस्टम (AMSS) फेल हो गया था. हालांकि, अब इस समस्या को पूरी तरह ठीक कर लिया गया है और शनिवार को उड़ानें सामान्य हो गईं.



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Video: सांप की तरह दिखती है ये मछली, डिनर टेबल के अंदर कैद, अनोखे रेस्टोरेंट का वीडियो वायरल

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Social Media Viral Video: सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें एक रेस्टोरेंट के अंदर बैठे लोगों के बीच एक स्नोफ्लेक मोरे ( एक तरह की मछली) दिखाई दे रही है. ये दृश्य बेहद ही अनोखा है. वीडियो में देख सकते हैं कि रेस्टोरेंट के ग्लास टेबल के नीचे एक स्नोफ्लेक मोरे देखी जा सकती है. ये दृश्य वीडियो देखने वालों को हैरान कर रहा है.

स्नोफ्लेक मोरे को देख महिला डर गई

हालांकि, ये वीडियो कहां का है इसकी कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है. वीडियो में देख सकते हैं कि एक रेस्टोरेंट में बैठे हुए है और साथ ही उनके सामने एक ग्लास टेबल है. अचानक उस टेबल के नीचे से स्नोफ्लेक मोरे गुजरती दिखाई देती है, जिसे देखकर हर कोई हैरान रह जाता है.

वीडियो में देखा गया कि एक महिला पहले उसे देखती है और थोड़ा दूर हो जाती है मानो जैसे स्नोफ्लेक मोरे ग्लास टेबल के नीचे नहीं ऊपर ही है. फिर आगे वो इसे एक अन्य महिला को दिखाती है. पहले महिला का ध्यान उसकी तरफ नहीं जाता है, लेकिन जैसे ही वो स्नोफ्लेक मोरे को देखती है, वैसे ही बड़ी तेज डर जाती है. उन्हें ऐसा लगता है कि स्नोफ्लेक मोरे ग्लास के ऊपर है.

लोगों को वीडियो दिलचस्प नजर आया 

इस अनोखे दृश्य को किसी ने रिकॉर्ड कर लिया, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. वीडियो को देखने के बाद लोगों के तरह-तरह के रिएक्शन सामने आ रहे हैं. लोगों ने कहा है कि इस तरह का अनोखा दृश्य उन्होंने पहले नहीं देखा तो वहीं कुछ ने कहा कि ये बेहद खूबसूरत नजर आ रहा है, कुछ लोगों को ये बड़ा ही दिलचस्प नजर आ रहा है. लोगों वीडियो को काफी शेयर भी कर रहे हैं.


घर में नजर नहीं आएंगे मच्छर-चूहे और छिपकली, 250 रुपये की ये चीजें बनाएंगी काम

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घर में मच्छर, चूहे, कॉकरोच और छिपकलियां दिख जाएं तो हर किसी की परेशानी बढ़ जाती है. खासकर बरसात या सर्दी के मौसम में ये कीट-पतंगे और छोटे जीव तेजी से बढ़ जाते हैं. किचन में रखा खाना, कपबोर्ड, बाथरूम या सिंक कहीं भी ये पहुंच जाते हैं और गंदगी फैलाने के साथ कई बीमारियों का कारण भी बनते हैं. ऐसे में लोग इनसे छुटकारा पाने के लिए कई तरीके अपनाते हैं.

कोई स्प्रे करता है तो कोई कीटनाशक दवा का यूज करता है. लेकिन इनसे हमेशा फायदा नहीं होता और कई बार घर की हवा भी खराब हो जाती है. अगर आप भी इन झंझटों से परेशान हैं तो अब आपको ज्यादा खर्च करने की जरूरत नहीं है. सिर्फ कुछ घरेलू नुस्खे और 250 रुपये तक के कुछ छोटे गैजेट्स आपकी मदद कर सकते हैं. तो चलिए आज हम आपको बताते हैं कि 250 रुपये की कौन सी चीजें काम बनाएंगी और घर में नजर मच्छर-चूहे और छिपकली नहीं आएंगे. 

घरेलू नुस्खा जो भगाएगा मच्छर-चूहे और छिपकली

घर में मौजूद प्याज और लहसुन से आप एक असरदार घरेलू उपाय बना सकते हैं. इसे बनाने के लिए सबसे पहले एक प्याज और कुछ लहसुन की कलियां लें. इन्हें थोड़े से पानी के साथ मिक्सर में पीस लें.  इस मिक्सर को छन्नी से छान लें ताकि इसका रस अलग हो जाए.अब इस गाढ़े पेस्ट से छोटी-छोटी गोलियां बना लें. इन गोलियों को छिपकली और कीड़ों वाली जगहों पर जैसे किचन के कोनों, सिंक के पास, अलमारी या बर्तनों के पास रख दें. इस उपाय को करने से ही आप फर्क महसूस करेंगे. प्याज और लहसुन की तेज गंध से कीड़े, छिपकलियां और कॉकरोच भाग जाते हैं.

अगर घर में चूहे या कॉकरोच ज्यादा हैं तो कॉफी और तंबाकू को मिलाकर छोटे-छोटे बॉल बना लें और उन जगहों पर रखें जहां चूहे आते हैं. ये गंध चूहों और कॉकरोच को पास भी नहीं आने देती है. घरेलू नुस्खा अपनाकर बिना किसी केमिकल के इन्हें दूर रखते हैं और अगर आप थोड़ा टेक्नोलॉजी का सहारा लेना चाहते हैं तो 250 रुपये तक की पेस्ट रिपेलेंट मशीनें एक शानदार ऑप्शन हैं. 

250 रुपये की कौन सी चीजें काम बनाएंगी

अगर आप घरेलू नुस्खों के साथ कुछ मॉर्डन उपाय भी अपनाना चाहते हैं तो मार्केट में कई पेस्ट रिपेलेंट मशीनें मिलती हैं जो बेहद सस्ती और कारगर हैं. ये मशीनें अल्ट्रासोनिक वेव्स छोड़ती हैं, जिससे कीड़े-मकोड़े, छिपकलियां, चूहे और मच्छर घर से दूर भागते हैं. इनकी कीमत भी लगभग 250 रुपये होती है. यह डिवाइस सॉकेट में लगाकर चलती है. इसमें अल्ट्रासोनिक और इलेक्ट्रोमैग्नेटिक वेव्स निकलती हैं जो कीड़ों और छोटे जीवों को भगाती हैं. लेकिन ऐसे किसी भी इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट को खरीदने से पहले ऑनलाइन रिव्यू जरूर पढ़ें. 

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‘हक’ से ज्यादा कमा रही 9 दिन पुरानी फिल्म, ‘जटाधरा’ का बुरा हाल, जानें बाकी फिल्मों का कलेक्शन

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सिनेमाघरों में इस वक्त कई फिल्में पर्दे पर हैं. कुछ पुरानी फिल्मों के साथ-साथ इस हफ्ते नई फिल्में भी रिलीज हुई हैं. बॉलीवुड, साउथ से लेकर हॉलीवुड फिल्में तक थिएटर्स में लगी हैं और बॉक्स ऑफिस पर रस्साकशी कर रही हैं. आज शनिवार है और छुट्टी वाले दिन बॉक्स ऑफिस पर कलेक्शन में बढ़ोतरी दर्ज की जाती है. आइए जानते हैं शनिवार को किस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर बाजी मारी है.

हक बॉक्स ऑफिस कलेक्शन डे 2

  • हक 7 नवंबर को सिनेमनाघरों में रिलीज हुई है, सैकनिल्क के मुताबिक फिल्म ने पहले दिन 1.75 करोड़ रुपए कमाए थे.
  • अब दूसरे दिन के शुरुआती आंकड़े भी सामने आ गए हैं. हक ने अब तक (शाम 7 बजे तक) 1.80 करोड़ रुपए कमा लिए हैं.
  • घरेलू बॉक्स ऑफिस पर यामी गौतम और इमरान हाशमी की फिल्म का कुल कलेक्शन अब 3.55 करोड़ रुपए हो गया है.

जटाधरा बॉक्स ऑफिस कलेक्शन डे 2

  • सोनाक्षी सिन्हा स्टारर हॉरर फिल्म जटाधरा भी 7 नंवबर को थिएटर्स में रिलीज हुई थी.
  • सैकनिल्क की मानें तो तमिल और तेलुगु में रिलीज हुई फिल्म ने पहले दिन 1.07 करोड़ रुपए की कमाई की थी.
  • अब दूसरे दिन जटाधरा के कलेक्शन में काफी गिरावट आ गई है. फिल्म अब तक (शाम 7 बजे तक) 45 लाख रुपए ही कमा पाई है.

द गर्लफ्रेंड बॉक्स ऑफिस कलेक्शन डे 2

  • 7 नवंबर को रिलीज हुई साउथ रोमांटिक फिल्म द गर्लफ्रेंड ने पहले दिन 1.3 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया था.
  • सैकनिल्क के मुताबिक दूसरे दिन फिल्म ने अब तक (शाम 7 बजे तक) 1.7 करोड़ रुपए का बिजनेस कर लिया है.
  • रश्मिका मंदाना और दीक्षित शेट्टी स्टारर द गर्लफ्रेंड के दो दिनों को कुल कलेक्शन 3 करोड़ रुपए हो गया है.

प्रीडेटर: बैडलैंड्स बॉक्स ऑफिस कलेक्शन डे 2

  • हॉलीवुड साई-फाई हॉरर फिल्म प्रीडेटर बैडलैंड्स भी 7 नवंबर को थिएटर्स में रिलीज हुई थी.
  • सैकनिल्क के मुताबिक पहले दिन फिल्म ने भारतीय बॉक्स ऑफिस पर 2.4 करोड़ रुपए कमाए थे.
  • दूसरे दिन भी फिल्म अब तक (शाम 7 बजे तक) 2.35 करोड़ रुपए का कारोबार कर लिया है.

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ये है फलों की दुनिया का आईफोन! इस खरबूजे की कीमत में आ जाएगी चमचमाती एसयूवी- यूजर्स के उड़े होश

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फल तो हर कोई खाता है, लेकिन क्या आपने कभी ऐसा खरबूजा देखा है जिसकी कीमत एक कार से भी ज्यादा हो? जी हां, ये कोई मजाक नहीं है. जापान में उगाया जाने वाला Yūbari King Melon (यूबारी किंग खरबूजा) दुनिया का सबसे महंगा खरबूजा माना जाता है. ये फल न सिर्फ अपनी मिठास और खुशबू के लिए मशहूर है, बल्कि अपनी कीमत से भी दुनिया को चौंका चुका है. जापान के होक्काइडो (Hokkaido) प्रांत के छोटे से शहर Yūbari में उगाए जाने वाले इस खरबूजे की एक जोड़ी की कीमत क पांच मिलियन येन (करीब 29 लाख रुपये) है.

क्यों है इतना खास और महंगा?

अब आप सोच रहे होंगे कि आखिर एक साधारण से दिखने वाले फल की कीमत इतनी क्यों है? दरअसल, Yūbari King Melon कोई साधारण फल नहीं बल्कि लक्जरी आइटम है. इसकी खेती बेहद खास तरीके से की जाती है. हर पौधे पर सिर्फ एक ही खरबूजा छोड़ दिया जाता है ताकि उसकी मिठास, आकार और स्वाद में कोई कमी न रहे. खेती पूरी तरह से ग्रीनहाउस कंट्रोल सिस्टम में की जाती है जहां तापमान, नमी और रोशनी का स्तर बिल्कुल सटीक रखा जाता है. यही वजह है कि हर फल का आकार एकदम परफेक्ट गोल होता है और उसकी छिलके पर एक जाल जैसी प्राकृतिक डिजाइन बनती है जो उसे बाकी खरबूजों से अलग बनाती है.

जापान में माना जाता है सम्मान का प्रतीक!

यह खरबूजा जापान में किसी रॉयल गिफ्ट की तरह दिया जाता है. जापान में जब कोई व्यक्ति किसी को सम्मान देना चाहता है या खास तोहफा भेजना चाहता है तो वह इस मेलोन की जोड़ी उपहार में देता है. वहां के लोग इसे “सम्मान का प्रतीक” मानते हैं. इसीलिए इसकी नीलामी हर साल होती है और अमीर लोग इसे खरीदने के लिए करोड़ों रुपये तक खर्च करने से नहीं हिचकिचाते.

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यूजर्स बोले, फलों की दुनिया का आईफोन

कुल मिलाकर, ये खरबूजा सिर्फ खाने की चीज नहीं बल्कि एक लक्जरी अनुभव है. जहां दुनिया भर के लोग आम खरबूजे को कुछ रुपये में खरीदते हैं, वहीं जापान के Yūbari King Melon की एक जोड़ी की कीमत सुनकर हर कोई यही कहता है  “वाह, ये खरबूजा नहीं सोना है!” अब सोशल मीडिया यूजर्स भी इसे लेकर तरह तरह के रिएक्शन दे रहे हैं. कोई इसे फलों की आईफोन कह रहा है तो कोई कह रहा है इस खरबूजे की कीमत में तो हम चमचमाती एसयूवी ले लेंगे.

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ऐप्पल खरीद लेगी आपका पुराना फोन, जानें किस आईफोन के लिए बदले मिलेगा कितना पैसा

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लोगों में आईफोन के लिए जबरदस्त क्रेज रहता है. हालांकि, ज्यादा कीमत के चलते कई लोग नए आईफोन को खरीद नहीं पाते. ऐसे लोगों के लिए ऐप्पल ट्रेड-इन प्रोग्राम चलाती है, जिसमें पुराने फोन के बदले नए फोन पर अच्छा डिस्काउंट दिया जाता है. इस तरह नए फोन की कीमत काफी कम हो जाती है. आप अपना पुराना फोन देकर नए आईफोन पर 64,000 रुपये तक की बचत कर सकते हैं. आइए जानते हैं कि ऐप्पल पुराने आईफोन और दूसरे स्मार्टफोन को कितने दाम पर खरीद रही है. 

क्या है ट्रेड-इन सर्विस

जानकारी के लिए बता दें कि ऐप्पल की ट्रेड-इन सर्विस में ग्राहक अपना पुराना डिवाइस देकर उसके बदले नए आईफोन पर डिस्काउंट पा सकते हैं. कंपनी की ऑफिशियल वेबसाइट के अलावा फिजिकल स्टोर पर जाकर इसका फायदा उठाया जा सकता है. यह भी ध्यान रखने वाली बात है कि पुराने फोन पर मिलने वाले डिस्काउंट का फायदा ऐप्पल वॉच, आईपैड और मैकबुक आदि डिवाइस पर भी उठाया जा सकता है. 

पुराने आईफोन के बदले कितनी छूट दे रही ऐप्पल

ऐप्पल iPhone 7 Plus तक के मॉडल पर ट्रेड-इन सर्विस ऑफर कर रही है. इस आईफोन के बदले आप नए ऐप्पल प्रोडक्ट पर 4350 रुपये तक की छूट पा सकते हैं. इसी तरह iPhone 8 पर 5850 रुपये तक, iPhone 8 Plus पर 7050 रुपये तक, iPhone X पर 8800 रुपये तक, iPhone XR पर 9400 रुपये तक, iPhone XS पर 10900 रुपये तक, iPhone XS Max पर 11900 रुपये तक की छूट पाई जा सकती है. iPhone 11 सीरीज पर 12500 से लेकर 19300 रुपये तक, आईफोन 12 सीरीज के मॉडल के बदले 13700 रुपये से लेकर 28100 रुपये तक, iPhone 13 सीरीज पर 22900 रुपये से लेकर 38200 रुपये तक की छूट हासिल की जा सकती है. 

नई जनरेशन के मॉडल पर ज्यादा छूट

ग्राहक आईफोन 14 देकर नए आईफोन पर 27900 रुपये तक, iPhone 14 Plus पर 31400 रुपये तक, iPhone 14 Pro पर 48000 रुपये तक, iPhone 14 Pro Max पर 50000 रुपये तक, iPhone 15 पर 31500 तक, iPhone 15 Plus पर 36500 रुपये तक, iPhone 15 Pro पर 54500 रुपये तक, iPhone 15 Pro Max पर 58000 रुपये तक, iPhone 16 पर 39900 रुपये तक, iPhone 16 Plus पर 40900 रुपये तक, Phone 16 Pro पर 57500 रुपये तक और iPhone 16 Pro Max के बदले नए आईफोन पर 64000 रुपये तक की छूट पाई जा सकती है. 

एंड्रॉयड फोन पर भी है ऑफर

ऐप्पल एंड्रॉयड फोन पर भी ट्रेड-इन ऑफर दे रही है. ग्राहक Samsung Galaxy S24 Ultra के बदले नए आईफोन पर 41540 रुपये, OnePlus 12R के बदले 13400 रुपये, Samsung Galaxy S24 के बदले 23500 रुपये, Samsung Galaxy S23 Ultra के बदले 32600 रुपये, Vivo V29 Pro के बदले 12170 रुपये, Google Pixel 8 के बदले 19000, Xiaomi Redmi Note 11 Pro के बदले 4360 रुपये की छूट प्राप्त कर सकते हैं.

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ब्रिसबेन में पांचवां टी20 मैच रद्द, लेकिन गौतम गंभीर के लिए खुशी का पल, जानें क्या है वजह

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ब्रिस्बेन में खेला गया भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया 5वां टी20 बारिश के कारण रद्द हो गया, लेकिन सीरीज टीम इंडिया ने 2-1 से अपने नाम की. गौतम गंभीर और सूर्यकुमार यादव की जोड़ी ने लगातार 5वीं टी20 सीरीज जीत ली है, ये पूरे भारत के लिए खुशी का पल है.

टी20 वर्ल्ड कप 2024 के बाद गौतम गंभीर टीम इंडिया के हेड कोच नियुक्त हुए थे. वर्ल्ड कप जीतने के बाद रोहित शर्मा ने भी टी20 से रिटायरमेंट ले ली थी, जिसके बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव को कप्तान बनाया गया था. दोनों की जोड़ी इस फॉर्मेट में हिट रही. कोच रहते गंभीर और कप्तान रहते हुए सूर्या ने पहली टी20 सीरीज श्रीलंका के खिलाफ खेली थी, जिसे 3-0 से अपने नाम किया था.

श्रीलंका के बाद भारत ने बांग्लादेश का सूपड़ा साफ़ किया था. इसके बाद टीम इंडिया ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ 3-1 से टी20 सीरीज जीती और फिर इस साल की शुरुआत में इंग्लैंड को 4-1 से हराया.

सूर्या-गंभीर की जोड़ी ने जीती लगातार 5वीं T20 सीरीज

  • श्रीलंका को 3-0 से हराया (2024)
  • बांग्लादेश को 3-0 से हराया (2024)
  • साउथ अफ्रीका को 3-1 से हराया (2024)
  • इंग्लैंड को 4-1 से हराया (2025)
  • ऑस्ट्रेलिया को 2-1 से हराया (2025)

एशिया कप खिताब भी जीता

गौतम गंभीर और सूर्यकुमार यादव की जोड़ी ने एशिया कप 2025 का खिताब भी जीता था, टीम ने फाइनल समेत पाकिस्तान को टूर्नामेंट में कुल 3 बार हराया था. अब भारत की अगली टी20 सीरीज साउथ अफ्रीका के खिलाफ घर पर होगी. 5 मैचों की ये सीरीज 9 दिसंबर से शुरू होगी, जिसका आखिरी मुकाबला 19 दिसंबर को खेला जाएगा.

अभिषेक शर्मा बने प्लेयर ऑफ़ द सीरीज

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टी20 सीरीज का पहला मैच भी बारिश के कारण रद्द हुआ था. दूसरे मैच में जीतकर ऑस्ट्रेलिया ने 1-0 की बढ़त बनाई थी, इस मुकाबले में अभिषेक शर्मा ने अर्धशतक जड़ा था. इसके बाद टीम इंडिया ने लगातार 2 मुकाबलों को जीतकर सीरीज में 2-1 की बढ़त बनाई थी. इस सीरीज के सर्वश्रेष्ठ प्लेयर का अवार्ड अभिषेक शर्मा को मिला, जिन्होंने 5 पारियों में 163 रन बनाए.



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ट्रेन को ही बना लिया बाथरूम! कोच में बाल्टी मग लेकर नहाता दिखा शख्स- भड़के यूजर्स

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सोशल मीडिया पर इन दिनों एक ऐसा वीडियो धूम मचा रहा है जिसे देखकर हर कोई हैरान है. आमतौर पर ट्रेन में लोग सफर के दौरान सीट पर आराम करते हैं या खिड़की से बाहर का नजारा देखते हैं. लेकिन इस शख्स ने तो सारी हदें पार कर दीं. वीडियो में दिख रहा है कि एक यात्री ट्रेन के अंदर वॉशबेसिन के पास बाल्टी रखकर मग भर-भरकर पानी खुद पर डालते हुए नहा रहा है. वो ऐसे इत्मिनान से नहा रहा है मानो घर के बाथरूम में बैठा हो, और ट्रेन उसके लिए किसी पांच सितारा ‘स्पा कैबिन’ में बदल गई हो.

ट्रेन में नहाता दिखा शख्स

वीडियो की शुरुआत में देखा जा सकता है कि ट्रेन का कोच पूरी रफ्तार से दौड़ रहा है. उसी बीच एक शख्स बाल्टी में पानी भरता है, मग उठाता है और खुद पर डालने लगता है. कुछ यात्री पास से गुजरते हैं लेकिन किसी को परवाह नहीं. कैमरे पर किसी ने इस नजारे को रिकॉर्ड कर लिया और अब यही वीडियो सोशल मीडिया पर तहलका मचा रहा है.


बाल्टी और मग लेकर कोच को बनाया गुस्लखाना

वीडियो में शख्स के चेहरे पर कोई झिझक नहीं दिखती. वो पूरी तसल्ली से बाल्टी भरता है, मग उठाता है और नहाने की रिवायत पूरी करता है. इस दौरान पीछे के दृश्य से साफ पता चलता है कि ट्रेन स्टेशन पर खड़ी है, और पानी फर्श पर फैलकर पूरे कोच में बह रहा है. सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इस हरकत को ‘खतरनाक’ और ‘बेवकूफाना’ बताया है. उनका कहना है कि चलती ट्रेन में ऐसा करना यात्रियों की सुरक्षा के साथ-साथ स्वच्छता नियमों का भी उल्लंघन है.

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यूजर्स का खौला खून, बोले सख्त कार्रवाई हो

वीडियो को moth_comedy_video नाम के इंस्टाग्राम अकाउंट से शेयर किया गया है जिसे अब तक लाखों लोगों ने देखा है तो वहीं कई लोगों ने वीडियो को लाखों लोगों ने वीडियो को लाइक भी किया है. ऐसे में सोशल मीडिया यूजर्स वीडियो को लेकर तरह तरह के रिएक्शन दे रहे हैं. एक यूजर ने लिखा…गंदगी मत फैलाओ ट्रेन में. एक और यूजर ने लिखा…इस मूर्खता की वजह से पूरा रेलवे बदनाम होता है. तो वहीं एक और यूजर ने लिखा…ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए.

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कौन हैं गजाला हाशमी, जिन्होंने कर दिखाया जोहरान से भी बड़ा कमाल? भारत से है सीधा कनेक्शन

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अमेरिका में भारतीय मूल की दो हस्तियों गजाला हाशमी और जोहरान ममदानी की जीत ने न केवल वहां की राजनीति में नई इबारत लिखी है बल्कि भारत में भी गर्व की भावना जगा दी है. दोनों ही नेताओं ने अपने मेहनत और सिद्धांतों के दम पर अमेरिकी जनता का दिल जीता है.

61 वर्षीय गजाला हाशमी ने वर्जीनिया राज्य में लेफ्टिनेंट गवर्नर का पद जीतकर इतिहास रच दिया है. वह इस पद पर पहुंचने वाली पहली मुस्लिम और दक्षिण एशियाई मूल की महिला हैं. उन्होंने रिपब्लिकन उम्मीदवार जॉन रीड को बड़े अंतर से हराया. 4 नवंबर को हुए मतदान के बाद जैसे ही परिणाम घोषित हुए, सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में बधाइयों की बाढ़ आ गई.

हैदराबाद से अमेरिका तक का सफर

गजाला का जन्म 1964 में हैदराबाद में हुआ था. उनके पिता तनवीर हाशमी और मां जिया हाशमी शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े रहे. गजाला महज 4 साल की उम्र में अपने परिवार के साथ अमेरिका चली गई थीं. उनके शुरुआती साल हैदराबाद के मालकपेट में बीते थे. उस समय उनके पिता अमेरिका के जॉर्जिया विश्वविद्यालय में इंटरनेशनल रिलेशन में पीएचडी कर रहे थे.

अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से जुड़ाव

तनवीर हाशमी का अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) से गहरा नाता रहा. उन्होंने यहीं से एमए और एलएलबी की पढ़ाई पूरी की थी. बाद में वे अमेरिका जाकर विश्वविद्यालय में अध्यापन करने लगे और आगे चलकर इंटरनेशनल एजुकेशन सेंटर की स्थापना की, जहां से वह निदेशक पद से सेवानिवृत्त हुए.

गजाला की शिक्षा और परिवार

गजाला ने जॉर्जिया सदर्न यूनिवर्सिटी से बीए और एमोरी यूनिवर्सिटी, अटलांटा से अमेरिकी साहित्य में पीएचडी की उपाधि हासिल की. उनकी शादी अजहर रफीक से हुई और उनकी दो बेटियां हैं. साल 1991 में वे रिचमंड में बस गईं, जहां उन्होंने करीब 30 वर्षों तक प्रोफेसर के रूप में अध्यापन किया.

राजनीति में प्रवेश और सफलता की कहानी

गजाला हाशमी की राजनीतिक यात्रा 2019 में शुरू हुई जब उन्होंने एक रिपब्लिकन उम्मीदवार को हराकर डेमोक्रेट पार्टी को वर्जीनिया सीनेट में वर्षों बाद बहुमत दिलाने में अहम भूमिका निभाई. उनकी साफ-सुथरी छवि और शिक्षा क्षेत्र में गहरी समझ के कारण उनकी लोकप्रियता लगातार बढ़ती गई.

सीनेट सदस्य बनीं गजाला

गजाला के प्रभाव और नेतृत्व क्षमता को देखते हुए उन्हें 2024 में सीनेट की शिक्षा और स्वास्थ्य समिति की अध्यक्ष नियुक्त किया गया. अब उनकी यह ऐतिहासिक जीत न केवल अमेरिका में अल्पसंख्यक और प्रवासी समुदाय के लिए प्रेरणा है, बल्कि भारत के लिए भी गर्व का क्षण बन गई है.

भारत में खुशी की लहर

गजाला की इस सफलता पर हैदराबाद से लेकर अलीगढ़ तक जश्न का माहौल है. सोशल मीडिया पर लोग उन्हें ‘भारत की बेटी जिसने अमेरिका में इतिहास रच दिया’ कहकर सम्मानित कर रहे हैं.

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