1 लाख के बना दिए 3.7 करोड़… शेयर है या नोट छापने की मशीन, 5 साल में 36900% का जबरदस्त रिटर्न

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Multibagger Stock: शेयर बाजार का खेल बेहद जोखिम भरा होता है. कई बार ऐसा होता है कि कुछ शेयर एक झटके में निवेशकों को अर्श से फर्श पर ला देते हैं, जबकि कुछ स्टॉक्स ऐसे भी होते हैं जो रातों-रात मालामाल कर देते हैं. अगर आप सही समय पर सही स्टॉक में निवेश करते हैं और थोड़ी किस्मत भी साथ दे तो फिर सफलता की उड़ान तय है. आज हम आपको एक ऐसे शेयर के बारे में बताने जा रहे हैं जिसने शेयर बाजार में धमाल मचा दिया है. पिछले पांच साल के दौरान इस शेयर ने 36,900 प्रतिशत का जबरदस्त रिटर्न दिया है. 

शेयर ने किया मालामाल

ये शेयर है भारत की रियल एस्टेट और इन्फ्रास्ट्रक्चर कंपनी हजूर मल्टी प्रोजेक्ट्स. सड़क निर्माण और रियल एस्टेट कारोबार में लगी इस का कंपनी फाइनेंशियल ईयर 2024-25 में शुद्ध मुनाफा 40 करोड़ रुपये का रहा. जो उसके पिछले साल के मुकाबले करीब 37 प्रतिशत कम है. पिछले साल इसका मुनाफा 64 करोड़ का था. 

इस कंपनी का 2024-25 के मार्च तिमाही में मुनाफा 17 करोड़ रहा जो सालाना आधार पर 68.52 प्रतिशत कम था, जबकि पिछले साल इसी तिमाही के दौरान 54 करोड़ रुपये का था.

कैसे रॉकेट की तरफ भागा शेयर

दरअसल, इस कंपनी के शेयर की कीमत साल 2020 के जुलाई में 0.12 रुपये थी. लेकिन, अब ये शेयर 44.50 रुपये के आसपास आकर कारोबार कर रहा है. यानी फर्ज कीजिए कि अगर किसी निवेशक ने पांच साल पहले हजूर मल्टी प्रोजेक्ट्स के स्टॉक में 1 लाख रुपए दांव लगाया होता तो उस समय वह 8.33 लाख शेयर खरीद सकता था. लेकिन, ये शेयर जब 44 रुपये की कीमत से बाजार भाव पर बिकते तो उसकी कीमत बढ़कर 3 करोड़ 70 लाख रुपये हो चुकी होती. यानी इस तरह हजूर मल्टी प्रोजेक्ट्स ने लॉन्ग टर्म निवेशकों को जबरदस्त रिटर्न दिया है और खुद को मल्टीबैगर स्टॉक के रूप में साबित किया है.

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डिस्क्लेमर: (यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.)

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क्या सेम ब्लड ग्रुप वाले कपल को आती है बच्चा पैदा करने में दिक्कत?

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अक्सर लोगों में यह मिसकंसेप्शन होता है कि अगर कपल का ब्लड ग्रुप सेम हो तो उन्हें बच्चा पैदा करने में दिक्कत आती है. रियलिटी में ऐसा नहीं है. सेम ब्लड ग्रुप वाले कपल्स को बेबी कंसीव करने में आमतौर पर कोई इश्यू नहीं होता है.

क्या सेम ब्लड ग्रुप वाले कपल को बच्चा पैदा करने में दिक्कत आती है?

  • नहीं, सेम ब्लड ग्रुप होने से बेबी कंसीव करने में कोई प्रॉब्लम नहीं आती है. एक्सपर्ट्स के अनुसार, स्पर्म और एग पर ब्लड ग्रुप एंटीजन नहीं होते हैं. इसलिए फर्टिलाइजेशन और भ्रूण के डेवलपमेंट पर इसका कोई डायरेक्ट असर नहीं पड़ता.
  • मुख्य प्रॉब्लम ब्लड ग्रुप के आरएच फैक्टर से जुड़ी होती है, न कि ब्लड ग्रुप के मेन टाइप (ए, बी, एबी, ओ) से.

आरएच इम्कम्पेटिबिलिटी की प्रॉब्लम कब आती है?

यह प्रॉब्लम तब आती है जब मां का ब्लड ग्रुप आरएच-नेगेटिव हो और पिता का ब्लड ग्रुप आरएच-पॉजिटिव हो. इस सिचुएशन में, अगर बेबी आरएव-पॉजिटिव होता है, तो मां की बॉडी बेबी के ब्लड को “फॉरेन” मान सकती है और एंटीबॉडी बनाना स्टार्ट कर सकती है.

  • इफेक्ट: फर्स्ट प्रेग्नेंसी में यूजुअली यह बड़ी प्रॉब्लम नहीं होती, लेकिन फ्यूचर की प्रेग्नेंसी में ये एंटीबॉडीज बेबी की रेड ब्लड सेल्स को डिस्ट्रॉय  कर सकती हैं, जिससे आरएच इम्कम्पेटिबिलिटी नामक सीरियस कंडीशन पैदा हो सकती है.
  • बेबी पर असर: इससे बेबी में एनीमिया, जॉन्डिस या कुछ मामलों में ब्रेन रिलेटेड प्रॉब्लम्स भी हो सकती हैं.
  • ट्रीटमेंट: आजकल इस प्रॉब्लम को एंटी-डी इम्यूनोग्लोबुलिन इंजेक्शन के जरिए आसानी से मैनेज किया जा सकता है, जो आरएच-नेगेटिव प्रेग्नेंट वीमेन को दिया जाता है.

शादी से पहले ब्लड टेस्ट पर क्यों जोर देते हैं डॉक्टर्स?

डॉक्टर्स शादी से पहले ब्लड टेस्ट पर जोर इसलिए देते हैं ताकि पोटेंशियल हेल्थ प्रॉब्लम्स को डिटेक्ट करके उन्हें रोका या मैनेज किया जा सके. इसका मेन रीजन ब्लड ग्रुप की इम्कम्पेटिबिलिटी से कहीं ज़्यादा है.

शादी से पहले ब्लड टेस्ट से कई इम्पोर्टेंट बातें पता चलती हैं,

  • आरएच फैक्टर इम्कम्पेटिबिलिटी: जैसा कि ऊपर बताया गया है, यह सबसे इम्पोर्टेंट रीजन्स में से एक है. मां के आरएच-नेगेटिव और पिता के आरएच-पॉजिटिव होने पर बेबी की हेल्थ पर पड़ने वाले प्रभावों को प्रिवेंट करने के लिए इसे पहले ही जानना जरूरी) होता है.
  • थैलेसीमिया: यह एक सीरियस ब्लड डिसऑर्डर है. अगर पेरेंट्स दोनों थैलेसीमिया के कैरियर हैं, तो उनके बेबी में थैलेसीमिया मेजर होने की 25% पॉसिबिलिटी होती है, जो बेबी के लिए लाइफ-थ्रेटनिंग हो सकता है. इस टेस्ट से इसका पता लगाया जा सकता है.
  • सिकल सेल एनीमिया: यह भी एक जेनेटिक ब्लड डिसऑर्डर है, जिसकी जांच भी मैरिज से पहले की जाती है.
  • सेक्शुअली ट्रांसमिटेड इन्फेक्शन्स: एचआईवी, हेपेटाइटिस बी, हेपेटाइटिस सी, सिफलिस, गोनोरिया आदि जैसे इन्फेक्शन्स की जांच की जाती है, ताकि उनका ट्रीटमेंट किया जा सके और पार्टनर या बेबी में इन्फेक्शन फैलने से रोका जा सके.
  • जनरल हेल्थ चेकअप: हीमोग्लोबिन लेवल (एनीमिया), ब्लड शुगर, किडनी और लिवर फंक्शन आदि की जनरल जांच भी की जाती है, ताकि कोई अंडरलाइंग हेल्थ प्रॉब्लम हो तो उसका पता चल सके.

शादी से पहले ब्लड टेस्ट का उद्देश्य फ्यूचर संतान की हेल्थ को प्रोटेक्ट और कपल की हैप्पी और हेल्दी मैरिड लाइफ को सुनिश्चित करना है. यह किसी भी पोटेंशियल खतरे को पहले ही आइडेंटिफाई कर उसे प्रभावी ढंग से मैनेज करने का मौका देता है.

ये भी पढ़ें: महिलाओं के लिए खतरे की घंटी, हार्ट और लिवर में जहर घोल सकते हैं ये 5 फेमस सप्लीमेंट्स!

Disclaimer: खबर में दी गई कुछ जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. आप किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

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‘मतभेद विवाद में नहीं बदलना चाहिए’, बोले एस जयशंकर तो चीन के विदेश मंत्री ने दिया ये जवाब

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Jaishankar-Wang-Yi-Talks: विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सोमवार को अपने चीनी समकक्ष वांग यी से शंघाई सहयोग संगठन (SCO) सम्मेलन से पहले हुई व्यापक वार्ता में कहा कि भारत-चीन संबंधों को सामान्य बनाने की दिशा में पिछले नौ महीनों में ‘अच्छी प्रगति’ हुई है. अब दोनों देशों को वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर तनाव कम करने पर फोकस करना चाहिए.

मतभेद न बनें विवाद, प्रतिस्पर्धा न बने संघर्ष
जयशंकर ने वार्ता में स्पष्ट कहा कि भारत और चीन के बीच यदि संबंधों को ‘सकारात्मक दिशा’ में आगे बढ़ाना है, तो यह ज़रूरी है कि आपसी मतभेद विवाद में न बदलें और प्रतिस्पर्धा संघर्ष का रूप न ले.

व्यापार पर जयशंकर का इशारा: प्रतिबंध और बाधाओं से बचें दोनों देश
विदेश मंत्री ने ‘प्रतिबंधात्मक व्यापारिक कदमों’ और ‘बाधाओं’ से बचने की बात कही, जो चीन द्वारा महत्वपूर्ण खनिजों के निर्यात पर लगाए गए प्रतिबंधों की ओर इशारा करती है. उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि इन अवरोधों को हटाना आपसी सहयोग के लिए ज़रूरी है.

कजान बैठक के बाद संबंधों में सकारात्मक बदलाव: जयशंकर
जयशंकर ने अक्टूबर 2024 में रूस के कजान में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच हुई बैठक का उल्लेख करते हुए कहा कि इसके बाद भारत-चीन संबंध धीरे-धीरे सही दिशा में बढ़े हैं. अब ज़िम्मेदारी है कि इस गति को बरकरार रखा जाए.

सीमाई शांति से बनी है प्रगति की नींव
उन्होंने कहा कि पिछले नौ महीनों की प्रगति भारत और चीन की सीमाओं पर शांति बनाए रखने की हमारी क्षमता का परिणाम है. उन्होंने इस रणनीतिक विश्वास को दोनों देशों के स्थिर संबंधों की ‘मूलभूत नींव’ बताया.

लोगों के बीच संपर्क और आर्थिक सहयोग को मिले बढ़ावा
जयशंकर ने कहा कि भारत-चीन जैसे पड़ोसी देशों के लिए यह ज़रूरी है कि लोगों के बीच आदान-प्रदान को सामान्य बनाया जाए. इससे परस्पर लाभकारी सहयोग बढ़ेगा, लेकिन इसके लिए व्यापारिक बाधाओं को हटाना होगा.

वैश्विक स्थिरता में भारत-चीन रिश्तों की भूमिका
जयशंकर ने यह भी कहा कि भारत और चीन के बीच स्थिर और रचनात्मक संबंध न केवल इन दोनों देशों के लिए, बल्कि पूरी दुनिया के लिए लाभकारी हैं. इसके लिए आपसी सम्मान, हित और संवेदनशीलता को प्राथमिकता दी जानी चाहिए.

 पहले से बनी सहमति को दोहराया: मतभेदों को बिगड़ने न दें
विदेश मंत्री ने वार्ता में फिर याद दिलाया कि पहले भी यह सहमति बनी थी कि मतभेदों को विवाद में और प्रतिस्पर्धा को संघर्ष में नहीं बदलने देना चाहिए. इसी सिद्धांत के आधार पर दोनों देश अपने संबंधों को आगे बढ़ा सकते हैं.

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Goldman Sachs ने AI इंजीनियर को नौकरी पर रखा, न खाएगा, न सोएगा, न प्रमोशन मांगेगा!

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आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते कदम अब इंजीनियरिंग की दुनिया में नई हलचल पैदा कर रहे हैं. अमेरिकी बहुराष्ट्रीय निवेश बैंक Goldman Sachs  ने एक ऐसा फैसला लिया है, जिससे इंजीनियरिंग सेक्टर में काम कर रहे लोगों की चिंता बढ़ गई है. बैंक ने एक AI सॉफ्टवेयर इंजीनियर देविन (Devin) को अपनी टीम में शामिल किया है, जो बिना रुके, बिना ब्रेक के और बिना किसी वेतन या प्रमोशन की मांग के लगातार काम करेगा.

कौन है ‘देविन’?

देविन एक ऑटोमेटेड AI सॉफ्टवेयर इंजीनियर है, जिसे लंदन के एक स्टार्टअप ने विकसित किया है. Goldman Sachs ने इसे अपने इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट में एक वास्तविक कर्मचारी की तरह शामिल किया है. बैंक के चीफ इंफॉर्मेशन ऑफिसर मार्को अर्जेंटी ने CNBC को बताया कि देविन हमारी टीम के नए सदस्य की तरह काम करेगा. यह इंसानों जितना ही अच्छा प्रदर्शन करने में सक्षम है.

काम करने के तरीके में क्रांतिकारी बदलाव

गोल्डमैन सैक्स में इस वक्त करीब 12,000 सॉफ्टवेयर डेवलपर्स काम कर रहे हैं. अब बैंक का प्लान है कि AI इंजीनियरों की संख्या को बढ़ाकर काम की गति और गुणवत्ता दोनों को बढ़ाया जाए. अर्जेंटी का कहना है कि देविन जैसे AI टूल्स पारंपरिक टूल्स की तुलना में तीन से चार गुना अधिक प्रोडक्टिव हो सकते हैं.

कौन-कौन से काम करेगा AI?

देविन जैसे AI इंजीनियर मुख्यतः पुराने कोड को अपडेट करने, बग्स फिक्स करने और रिपिटेटिव कामों को अंजाम देंगे – जो सामान्यतः इंजीनियरों को बोझिल और समय खपत वाले लगते हैं. इससे समय और संसाधनों की बचत होगी, साथ ही आउटपुट भी बेहतर होगा.

एंट्री-लेवल इंजीनियरों की बढ़ेगी चिंता

AI के इस बढ़ते चलन का सबसे बड़ा असर एंट्री-लेवल इंजीनियरों पर पड़ सकता है. ब्लूमबर्ग इंटेलिजेंस की एक रिपोर्ट के अनुसार, आने वाले 3 से 5 वर्षों में बैंकिंग सेक्टर में AI को अपनाने से वैश्विक स्तर पर करीब 2 लाख नौकरियां खत्म हो सकती हैं. खासकर वे पोजिशनें जिनमें नियमित कोडिंग, रिसर्च और डेटा एनालिसिस जैसे काम शामिल हैं.

क्या यह तकनीकी तरक्की या रोजगार पर संकट?

एक ओर जहां AI से काम की रफ्तार और कुशलता बढ़ेगी, वहीं दूसरी ओर युवाओं के लिए इंजीनियरिंग सेक्टर में अवसर कम हो सकते हैं. यह स्थिति हमें तकनीक के साथ संतुलन बिठाने की चुनौती देती है.

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अल्लू अर्जुन से पहले ये सितारे कर चुके हैं मल्टीपल रोल, एक ने तो निभाए थे 12 किरदार

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साउथ सुपरस्टार अल्लू अर्जुन इन दिनों डायरेक्टर एटली की अनटाइटल्ड फिल्म की शूटिंग में बिजी हैं. इस बीच खबर आई है कि एक्टर इस फिल्म में डबल या ट्रिपल नहीं, बल्कि एक साथ चार रोल निभाएंगे. अल्लू अर्जुन से पहले भी कई एक्टर्स एक फिल्म में मल्टीपल रोल्स निभा चुके हैं. इस लिस्ट में गोविंदा, प्रियंका चोपड़ा से लेकर कमल हासन तक का नाम शामिल है.

अल्लू अर्जुन
बॉलीवुड हंगामा के मुताबिक अल्लू अर्जुन एटली की अगली फिल्म में दादा, पिता और दो बेटों का रोल अदा करेंगे. ऐस पहली बार होगा जब एक्टर मल्टीपल रोल में नजर आएंगे. शुरुआत में एटली ने अल्लू अर्जुन को डबल रोल के लिए चुना था लेकिन एक्टर खुद ही चारों किरदार निभाने पर जोर दिया. इस फिल्म में रश्मिका मंदाना, दीपिका पादुकोण और मृणाल ठाकुर भी दिखेंगी.

कमल हासन 
कमल हासन ने फिल्म ‘दश्वाथारम’ में एक साथ 10 रोल अदा किए थे. 2008 में रिलीज हुई ये फिल्म एक एक्शन-साई फाई थी. के एस रविकुमार के डायरेक्शन में बनी फिल्म ‘दश्वाथारम’ में कमल हासन के अलावा असिन, मल्लिका शेरावत और जया प्रदा जैसे कलाकार देखने को मिले थे.

प्रियंका चोपड़ा
प्रियंका चोपड़ा ने फिल्म ‘व्हाट्स योर राशि’ में 12 किरदार निभाए थे. 2009 में रिलीज हुई इस फिल्म को आशुतोष गोवारिकर ने डायरेक्ट किया था. इस फिल्म में हरमन बावेजा, दिलीप जोशी और राजेश उपाध्याय जैसे कलाकार देखने को मिले थे.

गोविंदा
बॉलीवुड स्टार गोविंदा फिल्म ‘हद कर दी आपने’ में एक साथ कई रोल में नजर आए थे. उन्होंने फिल्म में कुल 6 किरदार अदा किए थे. साल 2000 में पर्दे पर आई इस कॉमेडी ड्रामा में रानी मुखर्जी बतौर लीड एक्ट्रेस दिखी थीं. इसके अलावा जॉनी लीवर, परेश रावल और सतीश कौशिक भी फिल्म का हिस्सा थे.  

संजीव कुमार
फिल्म ‘नया दिन नई रात’ में संजीव कुमार 9 अवतार में दिखाई दिए थे. 1974 में रिलीज हुई ये फिल्म एक फैमिली ड्रामा थी जिसे ए भीमसिंह ने डायरेक्ट किया था. इस फिल्म में जया बच्चन और ललिता पवार भी अहम भूमिकाओं में थीं.

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लॉर्ड्स पहुंचा ‘बॉलीवुड का खिलाड़ी’, वाइफ संग इस लुक में नजर आए अक्षय कुमार; दिग्गज के साथ फोटो वायरल

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बॉलीवुड के ‘खिलाड़ी’ अक्षय कुमार अपनी पत्नी ट्विंकल खन्ना के साथ सोमवार को लॉर्ड्स के मैदान पर पहुंचे हैं. जहां भारत और इंग्लैंड के बीच तीसरे टेस्ट के पांचवें दिन का खेल चल रहा है.

बॉलीवुड के ‘खिलाड़ी’ अक्षय कुमार अपनी पत्नी ट्विंकल खन्ना के साथ सोमवार को लॉर्ड्स के मैदान पर पहुंचे हैं. जहां भारत और इंग्लैंड के बीच तीसरे टेस्ट के पांचवें दिन का खेल चल रहा है.

अक्षय और ट्विंकल स्टैंड में पूर्व भारतीय कोच रवि शास्त्री के साथ बैठे हुए थे. जिसका फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. तीनों ही भारत और इंग्लैंड के बीच चल रहे रोमांचक मुकाबले का लुत्फ उठा रहे हैं.

अक्षय और ट्विंकल स्टैंड में पूर्व भारतीय कोच रवि शास्त्री के साथ बैठे हुए थे. जिसका फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. तीनों ही भारत और इंग्लैंड के बीच चल रहे रोमांचक मुकाबले का लुत्फ उठा रहे हैं.

अक्षय व्हाइट टी-शर्ट और गुलाबी कलर की ब्लेजर पहने हुए थे. अक्षय ने इस लुक के साथ ब्लैक चश्मा भी पहना था. वहीं ट्विंकल ने एक गुलाबी पैंटसूट पहनी हुई थी. वो काफी खूबसूरत लग रही थीं.

अक्षय व्हाइट टी-शर्ट और गुलाबी कलर की ब्लेजर पहने हुए थे. अक्षय ने इस लुक के साथ ब्लैक चश्मा भी पहना था. वहीं ट्विंकल ने एक गुलाबी पैंटसूट पहनी हुई थी. वो काफी खूबसूरत लग रही थीं.

बात करें मैच की तो भारतीय टीम की हालत खराब है. भारतीय टीम ने लंच तक 112 के स्कोर के 8 विकेट गंवा दिए हैं. रवींद्र जडेजा मैदान पर 17 रन बनाकर डटे हुए हैं.

बात करें मैच की तो भारतीय टीम की हालत खराब है. भारतीय टीम ने लंच तक 112 के स्कोर के 8 विकेट गंवा दिए हैं. रवींद्र जडेजा मैदान पर 17 रन बनाकर डटे हुए हैं.

भारतीय टीम का कोई बल्लेबाज पांचवें दिन टिक नहीं पाया. इसकी शुरुआत पंत से हुई. पंत सिर्फ 9 रन बनाकर आउट हो गए. राहुल ने अपने चौथे दिन के स्कोर में सिर्फ 6 रन जोड़े और वो भी आउट हो गए.

भारतीय टीम का कोई बल्लेबाज पांचवें दिन टिक नहीं पाया. इसकी शुरुआत पंत से हुई. पंत सिर्फ 9 रन बनाकर आउट हो गए. राहुल ने अपने चौथे दिन के स्कोर में सिर्फ 6 रन जोड़े और वो भी आउट हो गए.

वहीं वॉशिंगटन सुंदर अपना खाता भी नहीं खोल पाए. इसके बाद नीतीश कुमार रेड्डी ने 53 गेंद खेलकर भारतीय पारी को संभाला. लेकिन वो भी लंच से पहले की आखिरी ओवर में आउट हो गए.

वहीं वॉशिंगटन सुंदर अपना खाता भी नहीं खोल पाए. इसके बाद नीतीश कुमार रेड्डी ने 53 गेंद खेलकर भारतीय पारी को संभाला. लेकिन वो भी लंच से पहले की आखिरी ओवर में आउट हो गए.

Published at : 14 Jul 2025 06:51 PM (IST)

क्रिकेट फोटो गैलरी

क्रिकेट वेब स्टोरीज

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भांग खाकर काम करते हैं क्या? बिहार में ट्रैक्टर के बाद ब्लूटूथ का भी बना दिया आवास प्रमाण पत्र

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सरकारी कर्मचारी किस तरह काम करते हैं यह तो आपको पता ही होगा, लेकिन बात जब बिहार की हो तो मामला अलग ही नहीं अनोखा भी हो जाता है. बिहार में ट्रैक्टर का आवास प्रमाण पत्र बनाने जैसा मामला एक बार फिर सामने आया है. इस बार बिहार के अधिकारियों ने ब्लूटूथ डिवाइस के नाम का ही आवास प्रमाण पत्र जारी कर दिया है. मामला सोशल मीडिया पर वायरल है, जिस पर यूजर्स जमकर मजे ले रहे हैं. कुछ तो पूछ रहे हैं कि ये अधिकारी भांग खाकर काम करते हैं क्या? 

मामला पटना के बाढ़ अंचल कार्यालय का है, जहां युवक का दावा है कि आवासीय प्रमाण पत्र जारी करने के लिए आवेदन किया था. उसने कई दिन तक चक्कर लगाए, लेकिन अधिकारियों ने प्रमाण पत्र जारी नहीं किया. इसके बाद युवक ने फर्जी नाम ब्लूटूथ से आवेदन किया, लेकिन भांग खाकर बैठे अधिकारियों ने बिना जांच के लिए उसके पते पर आवासीय प्रमाण पत्र जारी कर दिया. 

ब्लूटूथ के पापा का का नाम ईस्टवूड

बिहार के बाढ़ अंचल कार्यालय के अधिकारियों का कारनामा सिर्फ ब्लूटूथ नाम तक ही सीमित नहीं है. अधिकारियों ने ब्लूटूथ के माता-पिता को भी नया नाम दिया है. आवासीय प्रमाण पत्र में ब्लूटूथ के पिता और माता का नाम ईस्टवूड रख दिया. इतना ही नहीं प्रमाण पत्र पर जारी फोटो भी ब्लूटूथ डिवाइस की ही है. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस फर्जी प्रमाण पर यूजर्स भड़के हुए हैं और लापरवाह अधिकारियों को पानी पी-पीकर गालियां दे रहे हैं. 

अधिकारियों के कारनामे पर मजे ले रहे यूजर्स

बिहार के अधिकारियों का यह अजूबा सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, जिस पर यूजर्स तरह-तरह के कमेंट्स कर रहे है. एक यूजर ने लिखा, इधर रियल अप्लाई करने पर रिजेक्ट हो जा रहा है. एक यूजर ने लिखा, सोचने वाली बात है बिहार की सारी भलाई में डोमेसाइल के नाम किस लेवल पर फर्जीवाड़े हुए होंगे. एक यूजर ने लिखा, सिस्टम ब्लाइंड हो चुका है. एक अन्य यूजर ने लिखा, बिहार में कुछ भी हो सकता है. 

यह भी पढ़ें: बसंती कुत्तों के आगे मत नाचना वीरू भाई सही थे….वायरल वीडियो देख ऐसा क्यों कहने लगे यूजर्स

Sawan 2025: बैकुंठ धाम में उमड़ी भक्तों की भीड़, हर-हर महादेव के जयकारों से गूंजा मंदिर!

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सावन की पहली सोमवारी: सावन का महीना भगवान शिव की आराधना के लिए सबसे पावन माना जाता है. आज श्रावण मास की पहली सोमवारी है, और इस अवसर पर बिहार के सभी शिवालयों में भक्तों की अपार भीड़ देखने को मिल रही है. भक्तों ने आस्था और श्रद्धा के साथ भोलेनाथ का जलाभिषेक और विशेष पूजन किया.

पटना से 35 किलोमीटर दूर खुसरूपुर स्थित बैकुंठ धाम गौरीशंकर मंदिर में आज अलसुबह से ही भोलेभक्तों का तांता लगा रहा. मंदिर का गर्भगृह तड़के 2 बजे ही खोल दिया गया, जिसके बाद से दर्शन के लिए श्रद्धालु लंबी कतारों में खड़े रहे. श्रद्धालु “बोल बम” और “हर हर महादेव” के जयकारों के साथ बाबा भोलेनाथ की स्तुति में लीन नजर आए.

श्रावण मास में भगवान शिव को जल, बेलपत्र, धतूरा, आक, भांग, और पुष्प अर्पित करने का विशेष महत्व है. आज भक्तों ने परंपरागत विधि से महादेव को जल चढ़ाकर पुण्य अर्जित किया. मान्यता है कि श्रावण सोमवारी पर भगवान शिव की पूजा करने से समस्त कष्ट दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं.

मंदिर के मुख्य पुजारी विजय शंकर तिवारी ने बताया कि श्रावण की पहली सोमवारी पर ऐसी अपार श्रद्धालु भीड़ पहले कभी नहीं देखी गई. भक्तों की आस्था से पूरा मंदिर परिसर भक्तिमय हो गया था. महिलाएं, कन्याएं, और युवतियां विशेष रूप से पूजा में शामिल हुईं. कन्याओं ने उपवास रखकर भगवान शिव से अच्छा जीवनसाथी और सुखी जीवन की प्रार्थना की.

श्रद्धालुओं का विश्वास है कि बैकुंठ धाम में सच्चे मन से की गई प्रार्थना जरूर स्वीकार होती है. अनेक भक्तों ने कहा कि भोलेनाथ की कृपा से जीवन में सुख-शांति, स्वास्थ्य और सफलता प्राप्त होती है. यही कारण है कि हर साल सावन में भक्त दूर-दूर से आकर इस पावन स्थल पर भगवान शिव की आराधना करते हैं.

आज का दिन संपूर्ण श्रद्धा, भक्ति और विश्वास का प्रतीक बन गया, जहां हजारों भक्तों ने एक स्वर में महादेव का स्मरण किया,“हर हर महादेव!”

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें. 

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शेयर बाजार लगातार चौथे दिन गिरावट के साथ हुआ बंद, 247 अंक लुढ़का सेंसेक्स, दबाव में IT शेयर

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शेयर बाजार लगातार चौथे दिन गिरावट के साथ सोमवार 14 जुलाई 2025 को बंद हुआ. बीएसई पर 30 अंकों वाला सेंसेक्स 247 अंक नीचे लुढ़क कर 82,253 के स्तर पर कारोबार करते हुए बंद हुआ. तो वहीं एनएसई पर निफ्टी 50 भी 0.27 प्रतिशत गिरकर 25,082 पर आ गया. सबसे ज्यादा गिरावट आईटी के शेयरों में दिखी. निफ्टी पर टॉप लूजर्स में जियो फाइनेंशियल सर्विसेज, टेक महिन्द्रा और एलएलटीएस रहा.

ज्यादातर निफ्टी के आईसी स्टॉक्स में 1.3 प्रतिशत तक दोपर 2.50 तक गिरावट दिखी. इसमें विप्रो, इन्फोसिस से लेकर टीसीएस तक शामिल है. 

गिरावट के साथ बंद बाजार

इधर, अमेरिकी डॉलर के मुकाबले आज रुपया 19 पैसे टूटकर 85.99 पर आ गया. इससे पहले शुक्रवार को 85.80 कारोबार करते हुए रुपया 85.80 पर जाकर बंद हुआ था. कारोबार के दौरान एटरनल के शेयर में 3 प्रतिशत की उछाल देखा गया. 

ये भी पढ़ें: ओला इलेक्ट्रिक का जून तिमाही में 23% बढ़ा घाटा, नतीजे के बाद टूट पड़े निवेशक, 16% उछले शेयर, जानें वजह

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धरती के लिए रवाना हुए शुभांशु शुक्ला, 22 घंटे अंतरिक्ष में बिताने के बाद कैलिफोर्निया में करेंग

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भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला और एक्सिओम-4 के तीन अन्य अंतरिक्ष यात्री 18 दिन इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन में गुजारने के बाद अब धरती पर लौट रहे हैं. शुभांशु शुक्ला और उनकी टीम ड्रैगन स्पेसक्राफ्ट में सवार हैं. उनका अंतरिक्ष यान शाम करीब 4:50 बजे (भारतीय समयानुसार) स्पेस स्टेशन से अनडॉकिंग हुआ है.

एक्सिओम-4 का स्पेसक्राफ्ट 22 घंटे से ज्यादा यात्रा करने करने बाद मंगलवार (15 जुलाई 2025) को भारतीय समयानुसार दोपहर 3 बजे कैलिफोर्निया तट पर उतरेगा. इसे स्पलेशडाउन कहा गया है. यह पूरी प्रक्रिया ऑटोमैटिक होगी और उसमें किसी मैनुअल हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं होगी.

आईएसएस से यान के अलग होने की प्रक्रिया के बाद, ड्रैगन यान कुछ इंजिन बर्न करेगा ताकि वह खुद को स्टेशन से सुरक्षित दूरी पर ले जा सके. इसके बाद वह धरती के वायुमंडल में दोबारा एंट्री करेगा. इस दौरान उसका तापमान 1,600 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. पैराशूट दो चरणों में खुलेंगे. पहले 5.7 किमी की ऊंचाई पर स्टेबलाइजिंग चूट्स और फिर लगभग दो किमी पर मेन पैराशूट खुलेंगे, जिससे स्पेसक्राफ्ट की सुरक्षित लैंडिंग संभव होगी.

एक्सिओम-4 मिशन ने अपनी अंतरिक्ष यात्रा 25 जून को शुरू की थी, जब ड्रैगन अंतरिक्ष कैप्सूल को ले जाने वाला फाल्कन-9 रॉकेट फ्लोरिडा से आईएसएस की ओर रवाना हुआ था. इंटरनेशनल स्पेस स्टेश पर रविवार (13 जुलाई 2025) को एक्सपीडिशन-73 मिशन के अंतरिक्ष यात्रियों ने एक्सिओम-4 मिशन के क्रू मेंबर के लिए विदाई समारोह आयोजित किया था. इस मौके पर शुभांशु शुक्ला ने कहा कि जल्दी ही धरती पर मुलाकात करते हैं.

शुभांशु शुक्ला का परिवार लखनऊ में उनकी सुरक्षित वापसी का बेसब्री से इंतजार कर रहा है. परिवार ने कहा कि उनके लिए यह बेहद खुशी की बात है. शुभांशु के पिता शंभू दयाल शुक्ला ने अपने बेटे के अंतरिक्ष मिशन में सहयोग के लिए जनता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया.

 

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