टूट गए सारे रिकॉर्ड, इंग्लैंड की टीम ने बना दिए 800 रन; हुई शतकों की बारिश

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Surrey vs Durham County Championship: इंग्लैंड में काउंटी चैंपियनशिप चल रही है, जिसमें एक मुकाबले में रनों की बारिश हुई है. टेस्ट क्रिकेट में एक ही टीम ने पहली पारी में 800 से ज्यादा रन बना दिए. इस टीम में चार बल्लेबाजों ने शतक जड़े हैं. वहीं इनमें से एक खिलाड़ी ने तिहरा शतक लगाया. काउंटी चैंपियनशिप डिविजन 1 में ऐसा पहली बार हुआ है, जब किसी टीम ने एक ही पारी में 800 से ज्यादा रन बनाए हों. इसी के साथ ये पारी इतिहास में दर्ज हो गई है.

Surrey के इस खिलाड़ी ने जड़ा तिहरा शतक

काउंटी चैंपियनशिप डिविजन 1 का 42वां मैच सरे और डरहम (SUR vs DUR) के बीच खेला जा रहा है. सरे टीम के ओपनिंग बल्लेबाज डोमिनिक सिबली (Dominic Sibley) ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए तिहरा शतक लगाया. सिबली ने 475 गेंदों में 305 रनों की पारी खेली, जिसमें इस खिलाड़ी ने 29 चौके और दो छक्के लगाए.

Durham को मिला 821 रनों का लक्ष्य

सरे की टीम ने धमाकेदार बल्लेबाजी करते हुए 9 विकेट के नुकसान पर 820 रन बनाकर पारी घोषित कर दी है. आज इस टेस्ट मैच का दूसरा ही दिन है. वहीं सरे ने दो दिनों में 800 से ज्यादा रन बना दिए, जिसमें चार खिलाड़ियों ने शतक जड़े. डोमिनिक सिबली के तिहरे शतक के अलावा सैम करन, डेनियल लॉरेंस और विल जैक्स ने भी शतक लगाया.

सैम करन ने 124 गेंदों में 108 रन बनाए. वहीं डेनियल लॉरेंस ने 149 गेंदों में 178 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेली. लॉरेंस ने अपनी इस धमाकेदार पारी में 19 चौके और चार छक्के जड़े. वहीं इंग्लैंड के धाकड़ बल्लेबाज विल जैक्स ने भी 94 गेंदों में 119 रनों की पारी खेली. जैक्स ने इस पारी में 8 चौके और 6 छक्के लगाए.

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रनवे पर पलटते-पलटते बचा यात्रियों से भरा बोइंग विमान, Viral Video देख मुंह को आ जाएगा कलेजा 

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बीते दिनों अहमदाबाद में हुए विमान हादसे की खौफनाक यादें लोगों के जेहन में अभी भी जिंदा हैं. इस विमान हादसे में 241 लोग जिंदा जल गए थे. इस बीच सोशल मीडिया पर एक ऐसा वीडियो सामने आया है, जिसे देखकर एक बार फिर आप सिहर उठेंगे और कलेजा मुंह को आ जाएगा. यह वीडियो इतना खौफनाक है कि अहमदाबाद हादसे में मची चीख-पुकार आपके कानों में गूंजने लगेगी. वीडियो इंडोनेशिया से सामने आया है, जिसमें यात्रियों से भरा एक विमान हादसे का शिकार होते-होते बचा है. 

सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा वीडियो इंडोनेशिया के सोएकरनो-हट्टा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का है, जहां एक बड़ा प्लेन हादसा होते बाल-बाल बच गया. जानकारी के मुताबिक, यह विमान Batik Air का बोइंग 373 था, जो लैंडिंग का प्रयास कर रहा था, तभी यह प्लेन खराब मौसम की चपेट में आ गया. 

पलटते-पलटते बचा विमान

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो देखकर आपका कलेजा कांप जाएगा. इस वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक विमान जो खराब मौसम की चपेट में आ गया और लैंडिंग के वक्त पलटते-पलटते बचा. वीडियो में आप देख सकते है कि जैसे ही यह विमान लैंडिंग के वक्त रनवे से टच किया विमान में हिलने-डुलने लगा और एक ओर पूरा झुक गया. इस दौरान प्लेन में बैठे यात्री भी दहशत में आ गए और जिसने भी यह घटना लाइव देखी, वह सहम गया. 

पायलट की सूझ-बूझ से टल गया हादसा

इंडोनेशिया के एयरपोर्ट का यह वायरल वीडियो देखकर किसी के भी दिल में दहशत पैदा करने के लिए काफी है. हालांकि, गनीमत यह रही कि इतनी कठिन परिस्थितियों में भी विमान के पायलट ने नियंत्रण नहीं खोया और अपनी सूझ-बूझ के कारण वह विमान पर संतुलन बनाए रखने में कामयाब रहा, जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया. 

खौफ में हैं यूजर्स

सोशल मीडिया पर यह वीडियो आग की तरह वायरल हो रहा है. इस वीडियो को देखकर यूजर्स भी खौफ में हैं और अपने रिएक्शन दे रहे हैं. एक यूजर ने लिखा, गनीमत है कि विमान बाल-बाल बच गया. एक यूजर ने लिखा, पायलट को सलाम. एक यूजर ने लिखा, यह सब कलयुग का प्रभाव है जी. एक यूजर  ने माजकिया अंदाज में लिखा, ये पायलट स्टंट क्यों मार रहा है? 

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PPF, NSC और पोस्ट ऑफिस FD पर ब्याज दरें जस की तस, निवेशकों को ना झटका ना राहत

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अगर आप PPF, NSC या पोस्ट ऑफिस की फिक्स्ड डिपॉजिट स्कीमों में निवेश कर रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए अहम है. सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही (जुलाई से सितंबर) के लिए स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है. यानी, यह छठा लगातार क्वार्टर है जब सरकार ने इन स्कीमों की ब्याज दरें जैसे की तैसी रहने दी हैं.

वित्त मंत्रालय का नोटिफिकेशन क्या कहता है?

वित्त मंत्रालय ने सोमवार को अधिसूचना जारी कर कहा,”1 जुलाई 2025 से 30 सितंबर 2025 तक की तिमाही के लिए विभिन्न स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स पर ब्याज दरें वैसी ही रहेंगी जैसी पहली तिमाही (1 अप्रैल से 30 जून 2025) में लागू थीं.”

स्कीम के हिसाब से ब्याज दरें











योजना का नाम ब्याज दर अतिरिक्त जानकारी
सुकन्या समृद्धि योजना 8.2% बेटी के नाम पर निवेश करने वाले परिवारों के लिए बेहतरीन
तीन साल की टर्म डिपॉजिट 7.1% स्थिर रिटर्न देने वाली FD
PPF (पब्लिक प्रोविडेंट फंड) 7.1% टैक्स बचत और लंबी अवधि के निवेश के लिए लोकप्रिय
पोस्ट ऑफिस सेविंग अकाउंट 4% लिक्विड सेविंग्स के लिए
किसान विकास पत्र (KVP) 7.5% 115 महीनों में मैच्योर
नेशनल सेविंग्स सर्टिफिकेट (NSC) 7.7% मिड-टर्म निवेश के लिए भरोसेमंद
मंथली इनकम स्कीम (MIS) 7.4% मासिक कमाई चाहने वाले रिटायर्ड या वरिष्ठ नागरिकों के लिए

निवेशकों के लिए इसका मतलब क्या है?

सरकार ने आखिरी बार स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स की ब्याज दरों में बदलाव 2023-24 की चौथी तिमाही में किया था. उसके बाद से लगातार छह तिमाहियों से कोई बदलाव नहीं हुआ है. इसका मतलब है कि सरकार फिलहाल इन योजनाओं को स्थिर बनाए रखना चाहती है, शायद महंगाई और ब्याज दरों के वैश्विक हालात को ध्यान में रखते हुए.

न घाटा, न फायदा

छोटे निवेशकों को राहत तो नहीं मिली, लेकिन निराशा भी नहीं हुई. ब्याज दरें स्थिर रहने का मतलब है कि आप अपने निवेश की योजना में कोई बड़ा बदलाव किए बिना आगे बढ़ सकते हैं. लेकिन अगर आप ज्यादा रिटर्न की उम्मीद कर रहे हैं, तो आपको जोखिम वाले विकल्पों की ओर भी देखना पड़ सकता है.

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चीन में सेना करेगी तख्तापलट? 16 दिनों के लिए गायब हो गए थे शी जिनपिंग, टॉप अधिकारियों को भी नही

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China Political Crisis: आतंक के पनाहगार पाकिस्तान की मदद करने वाले चीन के भीतर सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है. चीनी सेना के भीतर से ऐसी खबरें सामने आ रही है, जिससे यह साफ हो गया है कि ड्रैगन के सैन्य अधिकारी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से खुश नहीं हैं. शी जिनपिंग 21 मई से 5 जून 2025 तक अचानक सार्वजनिक रूप से गायब हो गए थे.

खबरों से पूरी तरह गायब रहे चीन के राष्ट्रपति

इस दौरान उनका न कहीं का दौरा हुआ और न ही कोई बयान जारी किया हुआ. चीन के सरकारी अखबार से भी 16 दिनों तक उनकी तस्वीर गायब रही और न ही उनसे जुड़ी कोई खबर चली. चीनी अर्थव्यवस्था की बात करें तो कई अहम सेक्टर्स में वह चुनौतियों का सामना करना कर रहा है. इस दौरान जिनपिंग की पार्टी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) में बड़े पैमाने पर फेरबदल भी हुए.

शी जिनपिंग जब गायब थे तो चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग और उप प्रधानमंत्री हे लीफेंग ने विदेश मेहमानों से मुलाकात की. बताया जा रहा है कि आंतरिक गुटबाजी से निपटने के लिए ऐसा किया गया. चीन के पूर्व विदेश मंत्री किन गैंग और पूर्व रक्षा मंत्री ली शांगफू भी अपने पदों से हटाए जाने से पहले सार्वजनिक रूप से गायब हो गए थे.

तीन टॉप अधिकारियों को किया बर्खास्त

चीनी सरकार ने शुक्रवार (4 जुलाई 2025) को सेना के तीन सीनियर अधिकारियों को पद से हटा दिया. जिन अफसरों को हटाया गया उसमें जनरल मियाओ हुआ, नेवी के चीफ ऑफ स्टाफ वाइस एडमिरल ली हानजुन और चाइना नेशनल न्यूक्लियर कॉरपोरेशन के डिप्टी चीफ इंजीनियर लियू शिपेंग शामिल हैं. 

साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक भ्रष्टाचार की वजह से तीनों अधिकारियों पर एक्शन लिया गया. हालांकि कई जानकार ये मानते हैं कि शी जिनपिंग को बगावत का डर था इसलिए ये कार्रवाई की गई. सैन्य अधिकारियों पर लिए गए इस एक्शन के बाद चीन की आंतरिक सुरक्षा पर सवाल उठने लगे हैं.

चीन की स्टेट काउंसिल के 50 से ज्यादा मंत्रियों और कई अफसरों ने 6 जून 2025 को शपथ ली थी. इस दौरान शी जिनपिंग वहां मौजूद नहीं थे. आमतौर पर ऐसा नहीं हुआ है कि इतने बड़े समारोह से राष्ट्रपति शी जिनपिंग गायब हों.

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कैलाश मानसरोवर यात्रा में कितने किलोमीटर चलना पड़ता है पैदल, कितने रुपये होते हैं खर्च?

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कैलाश मानसरोवर यात्रा एक बार फिर शुरू हो गई है. इसकी शुरुआत 30 जून से हुई. चीन से तनातनी के बीच पिछले कई वर्षों से ये यात्रा बंद थी, लेकिन अब वर्ष 2020 के बाद पहली बार श्रद्धालु कैलाश मानसरोवर यात्रा पर जा रहे हैं. ऐसे में इस यात्रा पर जाने की चाह रखने वालों के मन में कई तरह के सवाल रहते हैं. जैसे इस यात्रा के लिए कितना किमी पैदल चलना पड़ता है, यात्रा में कितना खर्च आता है? आइए कुछ ऐसे ही सवालों के जवाब जानते हैं.

कितने किमी चलना पड़ता है पैदल?

हिंदू मान्यताओं में कैलाश पर्वत का विशेष स्थान है. हिंदू इसे भगवान शिव का निवास स्थान मानते हैं. ऐसे में कैलाश मानसरोवर की यात्रा फिर से शुरू होना इन श्रद्धालुओं के लिए किसी खुशखबरी से कम नहीं है. लेकिन कैलाश मानसरोवर की यात्रा काफी चुनाैतीपूर्ण मानी जाती है. इसके लिए फिट होना जरूरी होता है. ऐसे में इस यात्रा पर जाने का विचार करने से पहले ये जान लेना चाहिए कि यात्रा के दाैरान कितना पैदल चलना पड़ता है. 

ऐसा है कैलाश मानसरोवर का रूट

एक रूट उत्तराखंड के लिपुलेख दर्रे से होकर जाता है. दूसरा रूट सिक्किम के नाथुला दर्रे से खोला गया है. इन दोनों रूटों को श्रद्धालु के लिए खोला गया है. इसके अलावा तिब्बत के शिगात्से शहर से शुरू होकर एक रूट कैलाश मानसरोवर तक जाता है. कैलाश पर्वत तक पहुंचने के लिए तीर्थ यात्रियों को कम से कम 53 किमी की पैदल यात्रा करनी होती है. लिपुलेख दर्रे से कैलाश की दूरी लगभग सौ किमी है. यहां तक धारचुला-लिपुलेख सड़क से पहुंचा जा सकता है, जिसकी शुरुआत घाटियाबागढ़ से होती है और लिपुलेख दर्रे पर खत्म होती है. यह रोड 6000 फीट से शुरू होकर 17060 फीट की ऊंचाई तक जाती है. 

लिपुलेख दर्रे से यात्रा में लगभग 24 दिन लगते हैं, जबकि नाथुला दर्रे से यात्रा में 21 दिन का समय लगता है. फ्लाइट से काठमांडू जाकर भी सड़क मार्ग से मानसरोवर तक जाया जा सकता है. लैंड क्रूजर फिर ल्हासा होकर मानसरोवर और कैलाश तक यात्रियों को ले जाते हैं. इस पूरी यात्रा का 16 फीसदी हिस्सा चीन में पूरा होता है.

मानसरोवर झील भी जाते हैं श्रद्धालु

कैलाश के दर्शन के साथ ही श्रद्धालु मानसरोवर झील भी जाते हैं, जो कैलाश पर्वत के उत्तर में स्थित है. इसकी ऊंचाई समुद्र तल से 14950 फीट है. यह हैरानी की बात है कि दुनिया में सबसे ऊंचाई पर स्थित मानसरोवर ताजे पानी की झील है. मानसरोवर कैलाश पर्वत से 30 किमी की दूरी पर स्थित है और यह करीब 90 किलोमीटर क्षेत्रफल में फैली है. सर्दी के मौसम में यह झील पूरी तरह से जम जाती है. 

इतना आता है खर्चा

लिपुलेख पास (उत्तराखंड) से कैलाश मानसरोवर यात्रा का खर्च करीब एक व्य​क्ति का 1.74 लाख रुपये आता है. वहीं, नाथु ला (सिक्किम) से एक व्य​क्ति का करीब खर्च 2.83 लाख रुपये आता है.

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फोन और लैपटॉप को साइबर हमलों से बचाना है? सरकार ने सुझाए ये मुफ़्त टूल्स, अभी करें इस्तेमाल!

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Cyber Attack: आजकल ऑनलाइन धोखाधड़ी और साइबर हमलों की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं, जिससे आम लोगों को बड़ी आर्थिक हानि का सामना करना पड़ रहा है. इसी खतरे को देखते हुए भारत सरकार ने नागरिकों को जागरूक और सुरक्षित रखने के लिए एक खास पहल शुरू की है. इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) की साइबर स्वच्छता केंद्र पहल के तहत कुछ अहम साइबर सुरक्षा टूल्स की जानकारी दी गई है.

ये टूल्स खास तौर पर आपके स्मार्टफोन, डेस्कटॉप और लैपटॉप को मैलवेयर, बॉट्स और दूसरे साइबर खतरों से सुरक्षित रखने में मदद करते हैं. सबसे अच्छी बात यह है कि ये सभी टूल्स विंडोज और एंड्रॉयड यूजर्स के लिए पूरी तरह मुफ्त उपलब्ध हैं.

लैपटॉप के लिए ये एंटीवायरस हैं फायदेमंद

अगर आप अपने विंडोज लैपटॉप को वायरस और बॉट्स से बचाना चाहते हैं, तो सरकार ने तीन प्रभावी एंटीवायरस सॉफ्टवेयर सुझाए हैं.

  • K7 Security
  • eScan Antivirus
  • Quick Heal

इन टूल्स की मदद से आप अपने डिवाइस को मालवेयर और अन्य साइबर खतरों से सुरक्षित रख सकते हैं.

मोबाइल सुरक्षा के लिए जरूरी टूल्स

एंड्रॉयड फोन यूज़ कर रहे हैं? तो आपके लिए भी सरकार ने दो जरूरी ऐप्स की जानकारी दी है.

eScan Antivirus Mobile Version: यह ऐप खतरनाक बॉट्स को पहचानकर उन्हें आपके फोन से हटाने में मदद करता है.

M-Kavach 2: यह सुरक्षा ऐप C-DAC हैदराबाद द्वारा MeitY के सहयोग से तैयार किया गया है. इसमें एंटी-थेफ्ट, ऐप ब्लॉकिंग, डेटा सिक्योरिटी और संदिग्ध लिंक से बचाव जैसे कई जरूरी फीचर्स मौजूद हैं.

क्यों जरूरी है इन टूल्स का इस्तेमाल?

साइबर क्राइम के बढ़ते मामलों को देखते हुए अब सिर्फ पासवर्ड बदलना या एंटीवायरस इंस्टॉल करना काफी नहीं है. आपको भरोसेमंद और सरकारी स्तर पर प्रमाणित सुरक्षा टूल्स का इस्तेमाल करना होगा ताकि आपका डेटा और डिजिटल जीवन दोनों सुरक्षित रह सकें.

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CUET रिजल्ट के बाद क्या करें? काउंसलिंग से लेकर कम मार्क्स पर भी कर सकते हैं एडमिशन, जानिए पूरी

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जिन स्टूडेंट्स ने CUET UG 2025 एग्जाम दिया था, उन्हें बेसब्री से नतीजों का इंतजार है. छात्रों का नतीजों को लेकर इंतजार बेहद जल्द खत्म हो जाएगा. आइए जानते हैं कि रिजल्ट आने के बाद कैसे आप दाखिला ले सकेंगे और आगे का क्या प्रोसेस है…

जैसे ही NTA CUET UG 2025 का रिजल्ट जारी करेगा, सबसे पहले आप cuet.nta.nic.in पर जाकर अपना स्कोरकार्ड डाउनलोड करें. CUET के स्कोर के आधार पर देश की 200 से ज्यादा यूनिवर्सिटीज जिनमें केंद्रीय, राज्य और निजी कॉलेज शामिल हैं एडमिशन देती हैं. लेकिन सिर्फ स्कोर लाना काफी नहीं है, हर यूनिवर्सिटी के अपने एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया, मेरिट रैंक, डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन, इंटरव्यू आदि होते हैं.

काउंसलिंग कैसे होती है?

CUET के बाद हर यूनिवर्सिटी अपना काउंसलिंग पोर्टल ओपन करती है. यहां स्टूडेंट्स को रजिस्ट्रेशन कर अपनी पसंद के कोर्स और कॉलेज भरने होते हैं. DU में एडमिशन के लिए ugadmission.uod.ac.in पर जाकर रजिस्ट्रेशन करना होता है.

यूनिवर्सिटी CSAS सिस्टम के तहत स्कोर और प्रेफरेंस के आधार पर राउंड-वाइज सीटें अलॉट करती है. काउंसलिंग के कई राउंड होते हैं—फर्स्ट लिस्ट, सेकंड लिस्ट, स्पॉट राउंड इत्यादि. हर बार कट ऑफ घटती-बढ़ती रहती है.

कम मार्क्स आने पर क्या करें?

  • कटऑफ का विश्लेषण करें: देखें कि आपकी पसंदीदा यूनिवर्सिटी में कटऑफ कितनी है और क्या आगे के राउंड में मौका मिल सकता है.
  • कम कटऑफ वाले कोर्स पर ध्यान दें: कई कॉलेजों में अच्छे कोर्सेज के लिए भी कटऑफ कम होती है.
  • स्पॉट राउंड का इंतजार करें: जब सीटें खाली रह जाती हैं, तब कई यूनिवर्सिटीज स्पॉट राउंड या ओपन काउंसलिंग करती हैं यह एक अच्छा मौका हो सकता है.
  • वैकल्पिक कोर्स चुनें: वोकेशनल या सर्टिफिकेट प्रोग्राम भी भविष्य में अपग्रेड के लिए रास्ता खोल सकते हैं.

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कोर्स पहले या कॉलेज?

कॉलेज का नाम जितना जरूरी है, उतना ही कोर्स का चयन भी अहम है. प्रोफेशनल कोर्स (जैसे B.Tech, BBA) में कॉलेज इंफ्रास्ट्रक्चर और प्लेसमेंट अहम होते हैं. लेकिन आर्ट्स या साइंस जैसे कोर्स में रुचि और स्किल ज्यादा मायने रखते हैं. कोशिश करें कि आप पहले कोर्स को प्राथमिकता दें, क्योंकि यही आपके करियर की नींव है.

जरूरी सलाह

हर यूनिवर्सिटी की वेबसाइट रोजाना चेक करें. काउंसलिंग में सीट मिलने पर समय रहते सीट लॉक करें और दस्तावेज वेरिफिकेशन पूरा करें. फीस समय पर जमा करें, नहीं तो सीट कैंसिल हो सकती है.

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बड़ी-बड़ी डींगें हांक रहा था इंग्लैंड का पूर्व खिलाड़ी, आकाश चोपड़ा ने फैक्ट दिखाकर किया मुंह बंद

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Aakash Chopra Shuts Up Micheal Vaughan With Facts: इंग्लैंड के पूर्व खिलाड़ी माइकल वॉन ने बेन डकेट की जमकर तारीफ की है. डकेट ने भारत के खिलाफ पहले टेस्ट में शानदार पारी खेली थी. डकेट ने पहली पारी में अर्धशतक और दूसरी पारी में शतक जड़ा था. डकेट ने पहली पारी में 62 रन बनाए थे. वहीं 371 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए डकेट ने शानदार 149 रनों की पारी खेली थी. जिसके बाद वॉन ने कहा कि डकेट इस समय तीनों फॉर्मेट के दुनिया के बेस्ट प्लेयर हैं. हालांकि भारत के पूर्व खिलाड़ी आकाश चोपड़ा इस बात से असहमत दिखाई दिए. 

आकाश ने फैक्ट से दिया वॉन को जवाब, इस खिलाड़ी को बताया बेहतर

वॉन ने डकेट को तीनों फॉर्मेट का इस समय का बेस्ट प्लेयर बताया. हालांकि आकाश ने इस बात पर असहमति जताते हुए कहा कि डकेट को अभी भी भारत, साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया में अच्छा करने की जरुरत है. उन्होंने ट्रेविस हेड को डकेट से बेहतर बताया है.

आकाश ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा, “मैं सहमत हूं कि मौजूदा खिलाड़ियों में, जो तीनों फॉर्मेट खेल रहे हैं, वह अच्छे हैं. अगर आप पिछले दो साल में उनका प्रदर्शन देखें तो, उन्होंने तीनों फॉर्मेट में काफी बढ़िया प्रदर्शन किया है. लेकिन एक दिक्कत है.”

आकाश ने आगे कहा, “वह टेस्ट क्रिकेट खेलने अभी ऑस्ट्रेलिया नहीं गए हैं. साउथ अफ्रीका में उन्होंने सिर्फ तीन पारियां खेली हैं. भारत में उनका प्रदर्शन ठीकठाक ही रहा. शायद पाकिस्तान अच्छा रहा. लेकिन बाकी जगह में उनका प्रदर्शन उतना अच्छा नहीं रहा है. पिछले दो साल में वो काफी अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं. लेकिन आपको ट्रेविस हेड को भी देखना होगा, उन्होंने भी पिछले कुछ सालों में शानदार प्रदर्शन किया है.”

आकाश ने हेड के बारे में कहा, “उनके पास बड़े मैचों में प्रदर्शन करने की क्षमता है. 2023 WTC फाइनल और 2023 वनडे वर्ल्ड कप फाइनल को देखिए. अगर आप मैन टू मैन मार्किंग करते हैं तो दोनों के आंकड़ें बराबर हैं. लेकिन मेरी राय में, हेड उनसे थोड़ा आगे हैं.”

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