क्या करके मानेगा ये ‘डिप्लोमैट’, बॉक्स ऑफिस पर बढ़ता जा रहा फिल्म का कद, कर ली इतनी कमाई

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The Diplomat Box Office Collection Day 6: रियल लाइफ घटना पर बेस्ड जॉन अब्राहम और सादिया खतीब की फिल्म द डिप्लोमैट को रिलीज हुए 6 दिन हो चुके हैं. फिल्म के सामने थिएटर में विक्की कौशल-रश्मिका मंदाना की फिल्म छावा के होने के बावजूद फिल्म वीकडेज में भी ठीकठाक कमाई कर रही है.

जॉन की फिल्म की ओपनिंग बहुत खास नहीं रही, लेकिन फिल्म के वीकेंड कलेक्शन के बाद वीकडेज में भी फिल्म ने अपना पेस बनाकर रखा है. फिल्म की आज की कमाई से जुड़े शुरुआती आंकड़े बॉक्स ऑफिस से जुड़ा डेटा रखने वाली वेबसाइट सैक्निल्क पर आ चुके हैं, तो चलिए जानते हैं कि फिल्म ने अब तक कितनी कमाई कर ली है.

द डिप्लोमैट का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन

फिल्म ने ऑफिशियल आंकड़ों के मुताबिक, 4.03 करोड़ रुपये की ओपनिंग ली. दूसरे दिन फिल्म का कलेक्शन 4.68 करोड़ रुपये रहा. तीसरे दिन फिल्म की कमाई 4.74 करोड़ के साथ वीकेंड में फिल्म ने टोटल 13.45 करोड़ रुपये का कलेक्शन कर लिया.

फिल्म ने चौथे और पांचवें दिन 1.53 और 1.51 करोड़ रुपये का कलेक्शन किया. इस तरह से फिल्म ने पांच दिन में कुल 16.49 करोड़ रुपये का कलेक्शन कर लिया. फिल्म ने आज यानी छठवें दिन 10:25 बजे तक 1.40 करोड़ रुपये कमाए और फिल्म की कुल कमाई 17.89 हो चुकी है. ये डेटा फाइनल नहीं है, इसमें फेरबदल हो सकता है.


द डिप्लोमैट का वर्ल्डवाइड कलेक्शन

द डिप्लोमैट ने वर्ल्डवाइड सैक्निल्क के मुताबिक, 3.30 करोड़ रुपये 5 दिनों में कमा लिए हैं. इस कलेक्शन को जोड़ दें तो फिल्म ने अभी तक 21.19 करोड़ रुपये कमा लिए हैं. 

द डिप्लोमैट के बारे में

फिल्म के बजट को लेकर कोई ऑफिशियल जानकारी नहीं है. हालांकि, रिपोर्ट्स के मुताबिक इसे करीब 50 करोड़ रुपये में बनाया गया है. इस हिसाब से फिल्म ने अभी तक बजट का करीब 43 प्रतिशत बजट निकाल लिया है.

फिल्म को शिवम नायर ने डायरेक्ट किया है. इस फिल्म में जॉन अब्रहाम का किरदार पाकिस्तान में फंसी एक इंडियन लड़की को भारत लाने की कोशिश करता दिखा है. 

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रमजान में गाजा पर इजरायल का बड़ा एक्शन, एयर स्ट्राइक के बाद अब शुरू किए ग्राउंड ऑपरेशन्स

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फिलिस्तीन में एयर स्ट्राइक के अगले ही दिन बुधवार (19 मार्च, 2025) को इजरायल ने गाजा में टारगेटेड ग्राउंड ऑपरेशन्स शुरू कर दिया. इजरायल और हमास के बीच सीजफायर होने के बाद से अबतक दोनों के बीच मामला शांत था. जनवरी में हुए युद्ध विराम के बाद से एक बार फिर इजरायल ने फिलिस्तीन पर बड़ा हमला बोला है.

इजरायली डिफेंस फोर्स के मुताबिक, ‘पिछले दिनों आईडीएफ सैनिकों ने सुरक्षा क्षेत्र का विस्तार करने, उत्तरी और दक्षिणी गाजा के बीच आंशिक बफर बनाने के लिए मध्य और दक्षिणी गाजा पट्टी में जमीनी गतिविधियों को लक्षित करना शुरू कर दिया. जमीनी गतिविधियों के हिस्से के रूप में सैनिकों ने नेत्ज़ारिम कॉरिडोर के केंद्र तक अपना नियंत्रण बढ़ाया’.

‘आतंकवाद के खिलाफ गाजा पट्टी में जारी रहेगा ऑपरेशन’

IDF के अधिकारियों ने बताया कि टारगेटेड ग्राउंड ऑपरेशन्स के साथ ही ये निर्णय भी लिया गया है कि गोलानी ब्रिगेड दक्षिणी कमान क्षेत्र में तैनात रहेगी और गाजा पट्टी में ऑपरेशन के लिए तैयार रहेगी. आईडीएफ इजरायल राज्य के नागरिकों की सुरक्षा के लिए गाजा पट्टी में आतंकवादी संगठनों के खिलाफ काम करना जारी रखेगा. इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल कैट्ज ने गाजावासियों को अंतिम चेतावनी जारी करते हुए एक वीडियो बयान में कहा, ‘उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सलाह का पालन करना चाहिए और इजरायली बंधकों को वापस करना चाहिए और हमास को सत्ता से हटाना चाहिए’.

‘इजरायल के रक्षा मंत्री की गाजावासियों को आखिरी चेतावनी’

इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल कैट्ज ने कहा, ‘गाजावासियों ये आखिरी चेतावनी है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बात मान लो और हमास को समर्थन देना बंद कर दो. जितने भी नागरिकों को बंधक बनाया गया है सभी को सुरक्षित सौंप दो’. उन्होंने आगे कहा, ‘आप लोगों के लिए एक दूसरा ऑप्शन भी है आप चाहें तो गाजा छोड़कर किसी दूसरे देश में जहां भी जाना चाहें, जा सकते हैं’.

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पिशाच योग 2025: शनि-राहु से बनने वाला योग बड़े परिवर्तन का दे रहा संकेत

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Prediction 2025: ज्योतिष में पिशाच योग को एक खतरनाक अशुभ योग के तौर पर बताया गया है. ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक, जब शनि और राहु ग्रह एक ही घर में होते हैं, तब पिशाच योग बनता है. इसके अलावा, कुछ और स्थितियों में भी पिशाच योग बनता है. जैसे, जब किसी व्यक्ति की कुंडली के पहले भाव में राहु और चंद्रमा, पांचवें भाव में शनि, और नवम भाव में मंगल स्थित हों. इसके साथ ही इन स्थितियों में भी पिशाच योग बनता है-

  • जब चंद्रमा पर राहु और शनि की दृष्टि हो. 
  • मंगल, राहु और शनि की युति एक साथ हो. 
  • चंद्रमा, केतु और शनि एक ही स्थान पर हों. 
  • कुंडली में राहु और केतु का संबंध दूसरे या चौथे भाव से हो जाए. 

इस वर्ष 29 मार्च 2025 से यह योग बनने जा रहा है. राहु, शनि और सूर्य के विशेष संयोग से यह योग प्रभावी होगा, जो मीन राशि में बनने जा रहा है. इस योग का प्रभाव करीब 50 दिनों तक रहेगा. देखने में आया है कि जब जब इस तरह की स्थिति बनी है पूर्व में देश-दुनिया में कुछ बड़ी घटनाएं देखने को मिली हैं. इस योग के दौरान में पूर्व में जो बड़ी घटनाएं हुई हैं, उन्हें भी जान लेते हैं-

इतिहास में पिशाच योग और इसके प्रभाव

1. 1930-1931 (महामंदी और विश्व युद्ध के संकेत)

  • पिशाच योग के दौरान आर्थिक मंदी चरम पर थी.
  • शेयर बाजार ध्वस्त हुआ, जिससे वैश्विक आर्थिक संकट पैदा हुआ.
  • युद्ध और राजनीतिक अस्थिरता की शुरुआत हुई, जिसने द्वितीय विश्व युद्ध का आधार तैयार किया.

2. 1986-1987 (वैश्विक आर्थिक संकट और आतंकवादी घटनाएं)

  • दुनिया के कई शेयर बाजारों में तेज़ गिरावट देखी गई.
  • राजनीतिक विद्रोह और अस्थिरता का दौर शुरू हुआ.
  • चेरनोबिल परमाणु दुर्घटना (26 अप्रैल 1986) इसी दौरान हुई, जब पिशाच योग मीन राशि में था.
  • इस समय राहु और शनि की युति के साथ मंगल वक्री था, जिससे परमाणु आपदा घटी.

3. 2008-2009 (वैश्विक आर्थिक संकट और राजनीतिक बदलाव)

  • अमेरिका में सबप्राइम क्राइसिस हुआ, जिससे वैश्विक मंदी आई.
  • कई सरकारों का पतन हुआ और आर्थिक नीतियों में बदलाव हुए.
  • बेरोजगारी, महंगाई और अस्थिरता में वृद्धि हुई.

पिशाच योग 2025: शनि-राहु से बनने वाला योग बड़े परिवर्तन का दे रहा संकेत, जानें ज्योतिषीय भविष्यवाणी

2025 में संभावित वैश्विक प्रभाव

शेयर बाजार और बैंकिंग संकट

  • राहु और शनि की युति से वैश्विक वित्तीय संस्थानों पर दबाव बढ़ेगा.
  • अमेरिका, यूरोप और एशिया के शेयर बाजारों में अस्थिरता बढ़ेगी.

युद्ध और विद्रोह की संभावना

  • रूस-यूक्रेन और मध्य पूर्व में संघर्ष बढ़ सकता है.
  • एशियाई देशों में राजनीतिक अस्थिरता आ सकती है.

मुद्रास्फीति और खाद्य संकट

  • खाद्यान्न और ऊर्जा स्रोतों की कीमतों में भारी वृद्धि होगी.
  • वैश्विक स्तर पर आर्थिक दबाव बढ़ेगा.

जलवायु और प्राकृतिक आपदाएं

  • भूकंप, ज्वालामुखी विस्फोट और सुनामी जैसी घटनाओं की संभावना बढ़ सकती है.
  • ग्लोबल वॉर्मिंग से जलवायु परिवर्तन और अधिक चरम पर जा सकता है. समुद्र में कुछ बड़ी हलचल देखने को मिल सकती है. क्योंकि मीन राशि एक जल तत्व की राशि है.

ग्रहों की स्थिति और पिशाच योग की अवधि

पिशाच योग की अवधि: 29 मार्च 2025 – 18 मई 2025 तक रहेगी, इस दौरन ये सबसे अधिक प्रभावी रहेगा. पिशाच योग का किस तरह का प्रभाव देखने को मिल सकता है, जानते हैं-

पिशाच योग 2025: शनि-राहु से बनने वाला योग बड़े परिवर्तन का दे रहा संकेत, जानें ज्योतिषीय भविष्यवाणी

वैश्विक आर्थिक प्रभाव

  • शेयर बाजार में भारी गिरावट के संकेत
  • राहु और शनि की युति अस्थिरता और अनिश्चितता को जन्म देगी.
  • निवेशकों को भारी नुकसान हो सकता है.
  • डॉलर, यूरो, और भारतीय रुपये में अस्थिरता बढ़ सकती है.

तेल और ऊर्जा संकट

  • शनि-राहु के संयोग से कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि होगी.
  • रूस, मध्य पूर्व और अमेरिका में ऊर्जा संकट बढ़ सकता है.

मुद्रास्फीति (Inflation) में वृद्धि

  • खाद्य पदार्थों, धातुओं और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतें बढ़ सकती हैं.
  • आम जनता पर आर्थिक दबाव बढ़ेगा.

टेक्नोलॉजी और आईटी सेक्टर पर असर

  • राहु का प्रभाव डिजिटल डेटा में हैकिंग और साइबर क्राइम बढ़ा सकता है.
  • बड़ी टेक कंपनियों को चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा.

बैंकिंग और वित्तीय संकट

  • बैंकों में घोटाले, धोखाधड़ी और वित्तीय अनियमितताओं का जोखिम बढ़ सकता है.
  • क्रिप्टोकरेंसी और डिजिटल पेमेंट सेक्टर में उतार-चढ़ाव रहेगा.

पिशाच योग 2025: शनि-राहु से बनने वाला योग बड़े परिवर्तन का दे रहा संकेत, जानें ज्योतिषीय भविष्यवाणी

पिशाच योग का प्रभाव 12 राशियों पर भी देखने को मिलेगा. ज्योतिष के अनुसार जब ग्रहों की चाल से कोई शुभ-अशुभ योग बनता है तो उसका प्रभाव देश-दुनिया के साथ राशियों पर भी पड़ता है. 29 मार्च से बनने वाले इस योग का आपकी राशि पर क्या असर होगा, जानते हैं-

  1. मेष- निवेश में नुकसान, करियर में बदलाव
  2. वृषभ- व्यापार में अस्थिरता, संपत्ति विवाद
  3. मिथुन- विदेशी संबंधों में कठिनाई, स्वास्थ्य समस्याएं
  4. कर्क- पारिवारिक तनाव, करियर में चुनौती
  5. सिंह- धन हानि, सरकार से जुड़े कार्यों में बाधा
  6. कन्या- मानसिक तनाव, रिश्तों में दरार
  7. तुला- भाग्य में उतार-चढ़ाव, धन हानि
  8. वृश्चिक- अचानक धन लाभ, लेकिन स्वास्थ्य चिंता
  9. धनु- लंबी यात्रा के योग, कानूनी विवाद
  10. मकर- सरकारी लाभ, लेकिन शत्रु पक्ष मजबूत
  11. कुंभ- करियर में बदलाव, विदेश में सफलता
  12. मीन- खर्च बढ़ेगा, लेकिन आर्थिक लाभ भी होगा

वेद, पुराण और ज्योतिष ग्रंथ, पिशाच योग पर क्या कहते हैं?

1- बृहद संहिता (वराहमिहिर)

“राहुयुक्ते शनि भौमे, दोषं कुर्याद भयं महत्. अर्थनाशं जनयेत्, राष्ट्रे च व्याधि संकटम्..”
(राहु, शनि और मंगल का संयोग बड़ा आर्थिक संकट और महामारी ला सकता है.)

2- महाभारत और भविष्य पुराण

“यदा राहुः शनैश्च संयोगं लभते, तदा भूमौ महा संकटं भवति..”
(जब राहु और शनि संयोग करते हैं, तब पृथ्वी पर बड़ी उथल-पुथल होती है.)

समाधान और उपाय

  • राहु-शनि के दुष्प्रभाव से बचने के लिए हनुमान चालीसा का पाठ करें.
  • प्रतिदिन महामृत्युंजय मंत्र जप करें.
  • काले तिल और सरसों के तेल का दान करें.
  • राहु और शनि से संबंधित ग्रहों की शांति के लिए नीलम और गोमेद रत्न धारण करें.
  • शिवलिंग पर जल चढ़ाएं और महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें.

2025 का पिशाच योग वैश्विक स्तर पर आर्थिक संकट, व्यापारिक मंदी, युद्ध और राजनीतिक अस्थिरता को जन्म दे सकता है. खासकर तेल, वित्तीय, बैंकिंग और कृषि क्षेत्रों पर इसका गहरा प्रभाव पड़ेगा. ऐसे में सतर्क रहने और उचित ज्योतिषीय उपाय से पिशाच योग के अशुभ प्रभावों से बचा जा सकता है.

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भेदभाव के मामले में Google देगा $28 मिलियन का हर्जाना! जानें क्या है पूरा मामला

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Google: गूगल ने एक क्लास एक्शन लॉसूट के निपटारे के लिए $28 मिलियन का भुगतान करने पर सहमति जताई है. इस मुकदमे में आरोप लगाया गया था कि कंपनी गोरे और एशियाई कर्मचारियों को अधिक वेतन देती है और उन्हें अन्य कर्मचारियों की तुलना में बेहतर करियर अवसर प्रदान करती है. इस मामले की अगुवाई मेक्सिको मूल की अना कैंटू ने की जो स्वदेशी (इंडिजिनस) समुदाय से हैं. उन्होंने गूगल में हिस्पैनिक, लेटिन और मूल अमेरिकी कर्मचारियों के हक की लड़ाई लड़ी. पिछले सप्ताह कैलिफोर्निया के सांता क्लारा काउंटी सुपीरियर कोर्ट के जज चार्ल्स एडम्स ने इस समझौते को मंजूरी दी. उन्होंने इसे 15 फरवरी 2018 से 31 दिसंबर 2024 के बीच गूगल में काम कर चुके 6,632 कर्मचारियों के लिए एक न्यायसंगत और उचित फैसला बताया है.

गूगल ने आरोपों को बताया गलत

हालांकि, गूगल ने इस समझौते को स्वीकार कर लिया है फिर भी कंपनी के प्रवक्ता ने कहा कि वे इन आरोपों से सहमत नहीं हैं. उन्होंने कहा, “हम किसी भी कर्मचारी के साथ भेदभाव नहीं करते हैं और वेतन, भर्ती और प्रमोशन में निष्पक्षता बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं.”

कैंटू ने आरोप लगाया था कि गूगल में सात साल तक बेहतरीन प्रदर्शन करने के बावजूद उन्हें उसी पद पर बनाए रखा गया जबकि गोरे और एशियाई कर्मचारियों को तरक्की और अधिक सैलरी दी गई. उन्होंने यह भी दावा किया कि समान कार्य करने के बावजूद गोरे और एशियाई कर्मचारियों को ऊंचे पद पर रखा गया, जबकि जो कर्मचारी इस भेदभाव की शिकायत करते उन्हें प्रमोशन और इंक्रीमेंट से वंचित कर दिया जाता.

Equal Pay Act का उल्लंघन

जानकारी के लिए बता दें कि सितंबर 2021 में कैंटू ने गूगल छोड़ दिया और आरोप लगाया कि कंपनी ने कैलिफोर्निया के समान वेतन कानून (Equal Pay Act) का उल्लंघन किया है. इस समझौते की कुल राशि $28 मिलियन है लेकिन कानूनी शुल्क, पेनल्टी और अन्य खर्चों को घटाने के बाद कर्मचारियों को $20.4 मिलियन की राशि प्राप्त होगी. इस राशि को गूगल कर्मचारियों को देगा. हालांकि, गूगल ने उनपर लगे आरोपों को सिरे से नकारा है.

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RCB का IPL 2025 में भी खिताब जीतना मुश्किल, इन 3 कमजोरियों को नहीं कर पाई दूर

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RCB weaknesses in ipl 2025: आईपीएल सीजन 18 का पहला मैच रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ होगा, जो 22 मार्च को ईडन गार्डन्स स्टेडियम पर होगा. आरसीबी टीम की कप्तानी रजत पाटीदार के हाथों में हैं, तो केकेआर की कमान अजिंक्य रहाणे संभाल रहे हैं. बेशक विराट कोहली के कारण आरसीबी सबसे प्रसिद्ध टीमों में हैं लेकिन अभी भी टीम कोई आईपीएल खिताब नहीं जीतने के कारण आलोचना का शिकार होती है. इस बार टीम अपने पहले आईपीएल खिताब को जीतने के इरादे से मैदान में हैं लेकिन अभी भी टीम की कई कमजोर कड़ियां हैं जो उन्हें खिताब से दूर रखने के लिए जिम्मेदार हो सकती है.

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु आईपीएल में अपना तीसरा मैच अपने होम ग्राउंड (एम चिन्नास्वामी स्टेडियम) पर खेलेगी. एक टीम अधिकतम 25 प्लेयर्स स्क्वाड में रख सकती है जबकि आरसीबी दल में 22 प्लेयर्स शामिल हैं. आरसीबी के पास सबसे ज्यादा गेंदबाजों की संख्या हैं, उनकी टीम में 9 गेंदबाज हैं. इस टीम में 6 बल्लेबाज और 7 ऑल-राउंडर हैं. इस स्क्वाड में 3 कमजोर कड़ियाँ हैं.

आरसीबी की तेज गेंदबाजी

आरसीबी टीम में जोश हेजलवुड को छोड़कर कोई इम्पैक्टफुल विदेशी प्लेयर नहीं हैं. लुंगी एनगिडी के रूप में इस टीम में एक और विदेशी गेंदबाज है लेकिन उनका इम्पैक्ट आईपीएल में खास नहीं रहा है. एनगिडी ने अपना आखिरी आईपीएल मैच 2021 में खेला था. हेजलवुड भी चोट से वापस लौटे हैं और एनगिडी का भी कुछ दिन पहले तक खेलना मुश्किल लग रहा था. ऐसे में देखना होगा कि इनका गेंदबाजी प्रदर्शन कैसा रहता है. टीम में नुवान तुशारा, रोमारियो शेफर्ड भी हैं लेकिन उनका भी इम्पैक्ट बहुत खास नहीं है.

आरसीबी में स्पिन गेंदबाजी का अनुभव कम

भारत में स्पिनर्स का रोल बहुत महत्वपूर्ण होता है लेकिन आरसीबी टीम में अच्छे स्पिनर्स की कमी हैं. बेशक ये गेम बल्लेबाजों का माना जाता है लेकिन अच्छे स्पिनर्स मिडिल आर्डर में महत्वपूर्ण रोल निभाते हैं, इसकी कमी आरसीबी को खेलने वाली है.

ऑलराउंडर्स की कमी

बेशक इस बार टीम में 7 ऑलराउंडर प्लेयर हैं लेकिन इस क्षेत्र में भी टीम कमजोर ही नजर आ रही है. लियाम लिवगिंस्टोन को टीम लगभग पहले मैच से हर मैच में मौके देगी लेकिन उनका हालिया फॉर्म बहुत खराब रहा है. फिल साल्ट के रूप बल्लेबाज और जोश हेजलवुड के रूप में गेंदबाज के बाद टीम सिर्फ 2 विदेशी प्लेयर्स को चुन सकती है ऐसे में टिम डेविड, रोमारियो शेफर्ड का एक साथ खेलना थोड़ा मुश्किल हो सकता है. 

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु प्लेयर्स आईपीएल 2025

रजत पाटीदार (कप्तान), विराट कोहली, स्वास्तिक चिकारा, देवदत्त पडिक्कल, जितेश शर्मा, फिलिप सॉल्ट, मनोज भंडागे, टिम डेविड, क्रुणाल पंड्या, लियाम लिविंगस्टोन, रोमारियो शेफर्ड, जैकब बेटेल, स्वप्निल सिंह, भुवनेश्वर कुमार, जोश हेजलवुड, नुवान तुषारा, लुंगी एनगिडी, यश दयाल, रसिख दार सलाम, सुयश शर्मा, मोहित राठी, अभिनंदन सिंह.

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देश के सबसे पुराने केंद्रीय विश्वविद्यालय में दाखिला कैसे लें? बेहद कम है फीस

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Dr. Hari Singh Gour University: डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय, जिसे पहले सागर विश्वविद्यालय के नाम से जाना जाता था उसकी स्थापना 18 जुलाई, 1946 को हुई थी. यह मध्य प्रदेश का सबसे पुराना विश्वविद्यालय है और सागर शहर में स्थित है. इस विश्वविद्यालय का नाम महान कानूनविद, शिक्षाविद और स्वतंत्रता सेनानी डॉ. हरिसिंह गौर के नाम पर रखा गया है. 2009 में इसे केंद्रीय विश्वविद्यालय का दर्जा मिला, जिससे इसका महत्व और बढ़ गया.

विश्वविद्यालय 369 एकड़ के विशाल परिसर में फैला हुआ है, जो हरियाली और आधुनिक सुविधाओं से भरपूर है. यहां अत्याधुनिक लैब्स, स्मार्ट क्लासरूम और एक बड़ा लाइब्रेरी है जो छात्रों के लिए ज्ञान का भंडार है.

जानिए यूनिवर्सिटी की प्रवेश प्रक्रिया  

डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय में प्रवेश सीयूईटी (CUET) के माध्यम से अंडरग्रेजुएट और पोस्ट ग्रेजुएट कोर्सेज के लिए में प्रवेश दिया जाता है.

यूनिवर्सिटी में मौजूदा कोर्सेज 

विश्वविद्यालय में 12 स्कूल हैं जो विभिन्न विषयों में 85 से अधिक कोर्सेज ऑफर करते हैं जिनमें अंडरग्रेजुएट कोर्सेज में बी.ए. (ऑनर्स), बी.एससी. (ऑनर्स), बी.कॉम. (ऑनर्स), बी.टेक, बी.फार्मा, बी.एड और पोस्टग्रेजुएट कोर्सेज में एम.ए., एम.एससी., एम.कॉम, एम.टेक, एम.फार्मा, एम.एड, एम.बी.ए.,एल.एल.एम. जबकि रिसर्च प्रोग्राम्स में पीएच.डी. विभिन्न विषयों में ऑफर करते हैं. 

कोर्सेज की फीस 

विश्वविद्यालय की फीस अन्य प्राइवेट यूनिवर्सिटीज की तुलना में काफी किफायती है. 

  • अंडरग्रेजुएट कोर्सेज: 8,000 रुपये से 25,000 रुपये प्रति वर्ष
  • पोस्टग्रेजुएट कोर्सेज: 10,000 रुपये से 30,000 रुपये प्रति वर्ष
  • प्रोफेशनल कोर्सेज (बी.टेक, एम.बी.ए.): 30,000 रुपये से 60,000 रुपये प्रति वर्ष
  • पीएच.डी. प्रोग्राम्स: 15,000 रुपये से 25,000 रुपये प्रति वर्ष
  • इसके अलावा, मेधावी छात्रों के लिए विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाएं भी उपलब्ध हैं.

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यूनिवर्सिटी से प्रसिद्ध पूर्व छात्र 

डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय के कई पूर्व छात्र आज देश के विभिन्न क्षेत्रों में अपना योगदान दे रहे हैं. कुछ प्रमुख नाम हैं:

1. डॉ. नरेंद्र जाधव: प्रसिद्ध अर्थशास्त्री और शिक्षाविद
2. अरुण यादव: जाने-माने लेखक और साहित्यकार
3. विनोद दुआ: वरिष्ठ पत्रकार
4. डॉ. बलराम जाखड़: प्रसिद्ध वैज्ञानिक
5. शैलेंद्र सिंह: आईएएस अधिकारी
6. दिव्या प्रकाश शुक्ला: प्रसिद्ध कवि और लेखक

विश्वविद्यालय निरंतर विकास की ओर अग्रसर है. आने वाले वर्षों में कुछ नए कोर्सेज जैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा साइंस और रिन्यूएबल एनर्जी में स्पेशलाइज्ड प्रोग्राम्स शुरू करने की योजना है. साथ ही, इंटरनेशनल कोलैबोरेशन को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं.

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भारत में तैयार हो रही है अरबों की गेमिंग इंडस्ट्री, नए छात्रों को मिलेगा नौकरी का मौका

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भारत में एक नई इंडस्ट्री तेजी से विकसित हो रही है. यह इंडस्ट्री कितनी तेजी से बढ़ रही है, इसका अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि साल 2029 तक इसके 9.1 बिलियन डॉलर, लगभग 75,000 करोड़ रुपये तक पहुंचने की उम्मीद है.

क्या कहती है रिपोर्ट?

दरअसल यह जानकारी WinZO Games और इंटरएक्टिव एंटरटेनमेंट एंड इनोवेशन काउंसिल (IEIC) की एक संयुक्त रिपोर्ट में सामने आई है. इस रिपोर्ट के अनुसार, 2024 में इसका मार्केट साइज, 3.7 बिलियन डॉलर, लगभग 30,000 करोड़ रुपये है. 2029 तक अनुमान है कि इसका मार्केट साइज, 9.1 बिलियन डॉलर यानी लगभग 75,000 करोड़ रुपये का हो सकता है. सबसे बड़ी बात की इस इंडस्ट्री के रेवेन्यू का मुख्य स्रोत, रियल मनी गेमिंग है, जो कुल रेवेन्यू का 86 फीसदी है.

भारत का गेमिंग इकोसिस्टम

भारत में गेमर्स की संख्या लगभग 591 मिलियन 59.1 करोड़ है, जो दुनिया के कुल गेमिंग पॉपुलेशन का 20 फीसदी है. वहीं, भारत में 11.2 बिलियन लगभग 112 करोड़ मोबाइल गेम ऐप डाउनलोड किए गए हैं. पीटीआई की एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लगभग 1,900 गेमिंग कंपनियां हैं, जो 1.3 लाख प्रोफेशनल्स को रोजगार दे रही हैं. इस सेक्टर में 3 बिलियन डॉलर, लगभग 25,000 करोड़ रुपये का विदेशी निवेश भी हुआ है, जिसमें से 85 फीसदी पे-टू-प्ले सेगमेंट में गया है.

ग्लोबल गेमिंग हब बनने की राह पर भारत

WinZO Games के सह-संस्थापक पावन नंदा ने पीटीआई से बात करते हुए कहा कि भारत का गेमिंग इंडस्ट्री एक अभूतपूर्व ग्रोथ ट्रैजेक्टरी पर है. उन्होंने कहा कि टेक्नोलॉजिकल एडवांसमेंट और इनोवेशन की वजह से भारत ग्लोबल गेमिंग हब बन सकता है.

2034 तक क्या होगा?

रिपोर्ट के मुताबिक, भारत की डिजिटल इकोनॉमी, ग्रोइंग डेवलपर इकोसिस्टम और अनुकूल रेगुलेटरी एनवायरनमेंट की वजह से 2034 तक यह सेक्टर 60 बिलियन डॉलर, लगभग 5 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है. इस ग्रोथ से देश में 20 लाख से ज्यादा नौकरियां पैदा हो सकती हैं. इससे गेमिंग इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी (IP) के एक्सपोर्ट में बढ़ोतरी होगी और विदेशी निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा.

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गाजा में शांति के दो ही उपाय, या तो शर्त मानो नहीं तो… इजरायली राजदूत ने हमास को दी चेतावनी

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Israel-Hamas Conflict : इजरायल और हमास के बीच संघर्ष लगातार जारी है. 42 दिन के अस्थायी युद्धविराम के बाद इजरायल ने मंगलवार (18 मार्च) की सुबह में भयंकर हवाई हमला कर दिया. इजरायल के इस भयंकर हमले में गाजा पट्टी में 419 से ज्यादा लोगों की मौत की पुष्टि हो गई. वहीं, अब भारत में इजरायल के राजदूत ने हमास को लेकर एक बड़ा बयान दिया है.

भारत में इजरायली राजदूत रूवेन अजार ने एनडीटीवी वर्ल्ड से कहा, “इजरायल और हमास के बीच 42 दिनों को अस्थायी युद्धविराम अब टूट चुका है और हमास अगवा किए गए इजरायली बंधकों को रिहा करने के अपने वादे से पीछे हट चुका है. यह युद्धविराम के नियमों का उल्लंघन था, इसलिए इजरायल के पास अब सैन्य दबाव का इस्तेमाल करने के अलावा कोई और विकल्प नहीं बचा है.”

हमास के पास सिर्फ ही ऑप्शन हैं– इजरायली राजदूत

इजरायली राजदूत ने कहा, “इजरायल और गाजा में आज ही शांति स्थापित हो जाए, अगर हमास सहमत हो जाए और शांति के लिए रखी गई सारी शर्तें मान लें.” गाजा में शांति बनाने के लिए हमास के पास सिर्फ दो ही उपाय है, जिसमें आतंकी संगठन के अगवा किए गए सारे इजरायली बंधकों की रिहाई और वह भविष्य में कभी भी इजरायल के खिलाफ आतंकी हमला करने के लिए कभी हथियार न उठाए. लेकिन इजरायली बंधकों को रिहा न करने के हमास के फैसले का हवाला देते हुए उन्होंने कहा, “हमास शांति नहीं चाहता है.”

अमेरिकी मध्यस्थों के प्रस्ताव मानने तक को तैयार नहीं

उन्होंने आगे कहा, “हमास अमेरिकी मध्यस्थों के किसी प्रस्ताव को मानने तक के लिए तैयार नहीं है. उनसे उनके हर प्रस्ताव को बार-बार खारिज कर दिया है. उसने बंधकों को रिहा करने से भी साफ इनकार कर दिया है. ऐसे में अब इजरायल के पास सैन्य कार्रवाई करने के अलावा कोई और अन्य उपाय नहीं बचा है.”

अमेरिका ने इजरायल को दिया है पूर्ण समर्थन

इजरायली राजदूत ने कहा, “संयुक्त राज्य अमेरिका ने इजरायल को पूर्ण समर्थन दिया है. अमेरिका ने गाजा में किसी भी आतंकवादी को खत्म करने और दोनों पक्षों में शांति बनाए रखने के लिए इजरायल का समर्थन किया है.”

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Vivo को टक्कर देने Realme ने लॉन्च किए दो नए 5G Smartphones! 12GB RAM के साथ है 6000mAh की बैटर

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Realme P3 Ultra 5G: Realme ने भारत में अपना पहला Ultra स्मार्टफोन लॉन्च कर दिया है. इस नए डिवाइस के साथ ही कंपनी ने इस सीरीज़ का स्टैंडर्ड मॉडल, Realme P3 5G भी भारतीय बाज़ार में उतारा है. दोनों ही स्मार्टफोन्स में दमदार बैटरी के साथ स्टाइलिश लुक भी दिया गया है. ये फोन मार्केट में वीवो, सैमसंग और शाओमी के फोन्स को कड़ी टक्कर देने में सक्षम होगा.

Realme P3 Ultra and Realme P3 Specifications

Realme P3 Ultra में 6.83 इंच की 1.5K क्वाड-कर्व्ड डिस्प्ले दी गई है जो 2,000 निट्स की पीक ब्राइटनेस सपोर्ट करती है. वहीं, Realme P3 में 6.67 इंच की AMOLED डिस्प्ले दी गई है जिसकी अधिकतम ब्राइटनेस 1,500 निट्स है. दोनों ही स्मार्टफोन 120Hz हाई रिफ्रेश रेट के साथ आते हैं.

Realme P3 Ultra में दमदार MediaTek Dimensity 8350 Ultra प्रोसेसर दिया गया है जिसे 12GB LPDDR5x RAM और 256GB UFS 3.1 स्टोरेज के साथ जोड़ा गया है. दूसरी ओर, Realme P3 में Qualcomm Snapdragon 6 Gen प्रोसेसर दिया गया है जिसमें अधिकतम 8GB RAM और 256GB स्टोरेज मिलता है. दोनों ही स्मार्टफोन में 6,000mAh की पावरफुल बैटरी दी गई है. Ultra मॉडल 80W फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करता है जबकि स्टैंडर्ड वेरिएंट 45W चार्जिंग के साथ आता है.

कैमरा सेटअप

Realme P3 Ultra में डुअल-कैमरा सेटअप दिया गया है जिसमें 50MP का OIS सपोर्ट वाला मेन कैमरा और 8MP का अल्ट्रा-वाइड कैमरा शामिल है. वहीं, स्टैंडर्ड मॉडल में 50MP का प्राइमरी कैमरा और 2MP का सेकेंडरी कैमरा मिलता है. दोनों फोन में 16MP का फ्रंट कैमरा दिया गया है. ये स्मार्टफोन Android 15 पर आधारित Realme UI 6 पर चलते हैं जिससे यूज़र्स को शानदार अनुभव मिलेगा.

Realme P3 Ultra की भारत में कीमत

Realme P3 Ultra को भारत में सिर्फ 26,999 रुपये की शुरुआती कीमत पर लॉन्च किया गया है. यह फोन तीन स्टोरेज वेरिएंट्स में उपलब्ध होगा. इसके 8GB+128GB वेरिएंट की कीमत 26,999 रुपये, 8GB+256GB वेरिएंट की कीमत 27,999 रुपये और 12GB+256GB वेरिएंट की कीमत 29,999 रुपये रखी गई है. ग्राहक इस स्मार्टफोन को दो आकर्षक रंगों, Neptune Blue और Orion Red में खरीद सकते हैं. इसकी बिक्री 25 मार्च दोपहर 12 बजे से शुरू होगी जिसे कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट, Flipkart और ऑफलाइन रिटेल स्टोर्स से खरीदा जा सकेगा.

Realme P3 5G की भारत में कीमत

Realme P3 5G की कीमत की बात करें तो इसके 6GB+128GB वेरिएंट की कीमत 16,999 रुपये, 8GB+128GB वेरिएंट की कीमत 17,999 रुपये और 8GB+256GB वेरिएंट की कीमत 19,999 रुपये रखी है. इस स्मार्टफोन का पहला अर्ली बर्ड सेल आज 19 मार्च को शाम 6 बजे से रात 10 बजे तक चलेगा जबकि इसकी आधिकारिक बिक्री 26 मार्च को दोपहर 12 बजे शुरू होगी.

Vivo V50 5G को मिलेगी कड़ी टक्कर

Vivo V50 5G एक दमदार स्मार्टफोन है जिसमें 6.77 इंच की क्वाड-कर्व्ड AMOLED डिस्प्ले दी गई है. इसका रिफ्रेश रेट 120Hz है और यह 2392 x 1080 पिक्सल के रेजोल्यूशन को सपोर्ट करता है. यह स्मार्टफोन Snapdragon 7 Gen 3 प्रोसेसर पर चलता है और लेटेस्ट Android 15 आधारित FOS15 पर काम करता है. इसके अलावा, इसे पानी और धूल से बचाने के लिए IP68 और IP69 रेटिंग दी गई है जिससे यह हर तरह के मौसम में सुरक्षित रहता है.

फोटोग्राफी के शौकीनों के लिए Vivo V50 5G में डुअल रियर कैमरा सेटअप दिया गया है. इसमें 50MP का ZEISS प्राइमरी कैमरा मिलता है जबकि सेकेंडरी कैमरा भी 50MP का ही है. सेल्फी और वीडियो कॉलिंग के लिए फोन में 50MP का फ्रंट कैमरा मौजूद है.

पावर के लिए इसमें भी 6000mAh की दमदार बैटरी दी गई है जो 90W फ्लैश चार्जिंग को सपोर्ट करती है. Vivo V50 5G के 8GB RAM और 256GB स्टोरेज वेरिएंट की कीमत Flipkart पर 42,999 रुपये लिस्ट की गई है. हालांकि, इसे अभी आकर्षक डिस्काउंट के साथ कम कीमत में भी खरीदा जा सकता है.

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स्पेस स्टेशन से कैसे ड्रैगन कैप्सूल में पहुंचीं सुनीता विलियम्स, इस ग्राफिक्स वीडियो ने दिखाया

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सुनीता विलियम्स हाल ही में अंतरिक्ष से वापस धरती पर लौट आई हैं. पिछले 9 महीनों से सुनीता अपने साथी बुच विल्मोर के साथ ISS में फंसी हुई थी. हालांकि काफी सारी दिक्कतों का सामना करने के बाद आखिरकार नासा की ओर से भेजी गई टीम उन्हें धरती पर ले ही आई. लेकिन इस टीम को किन दिक्कतों का सामना करना पड़ा और क्यों सुनीता को धरती पर लाने में इतना वक्त लग गया. इसे सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में ग्राफिक की मदद से समझाने की कोशिश की गई है. अब वीडियो इंटरनेट पर वायरल है और लोग इसे देखकर हैरान भी हैं और सवाल भी खड़े कर रहे हैं.

किस तरह सुनीता विलियम्स को ISS से कैप्सूल में लाया गया

सुनीता विलियम्स को अंतरिक्ष से लाने में ड्रैगन कैप्सूल का इस्तेमाल किया गया. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में बताया गया है कि कैसे नासा की टीम ISS में पहुंची और क्यों उन्हें वहां पहुंचने में इतना वक्त लग गया. दरअसल, ड्रैगन कैप्सूल को फॉल्कन 9 रॉकेट के जरिए लॉन्च किया जाता है. इस लॉन्चिंग में सबसे बड़ी समस्या थी हीलियम गैस का लीक होना. कैप्सूल में लगे थ्रस्टर में हिलियम गैस काफी जरूरी होती है. यह गैस टैंक से प्रेशर देती है जिससे थ्रस्टर इसे बूस्ट करते हैं. लेकिन हीलियम गैस इस टैंक से लीक हो रही थी, जिससे पर्याप्त प्रेशर नहीं बन पा रहा था.

क्या आ रही थी समस्या

आपको बता दें कि ज्यादा हिलियम का लॉस होना propulsion के लिए खतरनाक है जिससे कैप्सूल वापस धरती की तरफ तेजी से गिर सकता है. आपको बता दें कि हिलियम आमतौर पर किसी के साथ रिएक्शन नहीं करती है. लेकिन स्पेस में काफी ज्यादा रेडिएशन होता है जिससे यह चुनौती थोड़ी और बढ़ जाती है. वीडियो में कैप्सूल की कार्यप्रणाली से लेकर उसके लॉन्चिंग तक की प्रक्रिया दिखाई गई है.

क्या है ड्रैगन कैप्सूल

स्पेसएक्स का ड्रैगन कैप्सूल दुनिया का पहला प्राइवेट स्पेसक्राफ्ट है, जो लगातार अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) तक एस्ट्रोनॉट्स और कार्गो को पहुंचाता और वापस लाता है. इसकी ऊंचाई 15 फीट है, और यह अधिकतम सात अंतरिक्ष यात्रियों को ले जाने में सक्षम है. यह कैप्सूल 2019 से लगातार सफल उड़ानें भर रहा है और स्पेसएक्स के फॉल्कन 9 रॉकेट के माध्यम से लॉन्च किया जाता है. सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर को इसी कैप्सूल से वापस लाया गया है.

यूजर्स हुए हैरान

वीडियो को @aitelly3d नाम के एक्स अकाउंट से शेयर किया गया है जिसे अब तक लाखों लोगों ने देखा है तो वहीं कई लोगों ने वीडियो को लाइक भी किया है. ऐसे में सोशल मीडिया यूजर्स वीडियो को लेकर तरह तरह के रिएक्शन दे रहे हैं. एक यूजर ने लिखा…स्पेस एक्स को बधाई, कर दिखाया. एक और यूजर ने लिखा…विज्ञान ने बहुत तरक्की कर ली है. तो वहीं एक और यूजर ने लिखा…इस कैप्सूल पर नींबू हरी मिर्च लगा देते, इतने तामझाम करने की जरूरत ही नहीं थी.

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