पुरानी कर व्यवस्था के तहत पोस्ट ऑफिस के इन स्कीम्स बचा सकते हैं 1.5 लाख रुपये तक टैक्स

[ad_1]

Post Office Schemes: मौजूदा विष वर्ष (2024-25) के खत्म होने में भले ही अभी कई दिन बचे हैं, लेकिन इससे पहले एक ठोस निवेश और टैक्स सेविंग्स का प्लान बनाना जरूरी है. अगर आपने पुरानी कर व्यवस्था चुनी है, तो टैक्स बचाने के लिए 31 मार्च 2025 तक निवेश करना जरूरी है. आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 80सी के तहत, टैक्सपेयर 1.5 लाख तक के निवेश पर टैक्स छूट का दावा कर सकते हैं. 

पोस्ट ऑफिस स्मॉल सेविंग्स स्कीम

भारत सरकार समर्थित कई पोस्ट ऑफिस स्मॉल सेविंग्स स्कीम ऐसी हैं, जिन पर निवेश से टैक्स पर छूट का लाभ मिलता है. पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF), सुकन्या समृद्धि योजना (SSY), राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC), वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (SCSS) और सावधि जमा इन्हीं में से हैं. ये निवेश के सुरक्षित विकल्प हैं, जिन पर रिटर्न भी अच्छा मिलता है और टैक्स बेनिफिट्स भी हैं. 

पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF)

अगर पोस्ट ऑफिस पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) की बात करें, तो इसमें हर साल आप कम से कम 500 रुपये से अधिकतम 1.5 लाख रुपये तक जमा कर सकते हैं. इसमें जमा राशि पर 7.1 परसेंट की रेट से इंटरेस्ट मिलता है. पीपीएफ में किए गए निवेश पर सेक्शन 80सी के तहत टैक्स छूट का क्लेम कर सकते हैं. इसमें इंटरेस्ट की रकम और मैच्योरिटी अमाउंट दोनों टैक्स फ्री है. 

सुकन्या समृद्धि योजना (SSY)

इसी तरह से बेटियों की शिक्षा और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए भारत सरकार ने सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) की शुरुआत की, जिस पर 8.2 परसेंट इंटरेस्ट मिलता है. इसमें भी धारा  80सी के तहत सालाना 1.5 लाख रु. तक टैक्स में छूट का दावा कर सकते हैं. पुरानी कर व्यवस्था के तहत टैक्स पर छूट के लिए राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) भी एक अच्छा ऑप्शन है. इसमें ब्याज दर 7.7 परसेंट है, जिसका भुगतान 5 साल बाद मैच्योरिटी के वक्त किया जाता है. इसमें निवेशकों को कम्पाउंड इंटरेस्ट ग्रोथ का लाभ मिलता है. 

वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (SCSS)

वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (SCSS) 60 साल से अधिक आयु वाले लोगों के लिए है. इसमें 8.2 परसेंट तक का इंटरेस्ट मिलता है. इस स्कीम में अधिकतम 30 लाख रुपये तक का निवेश किया जा सकता है. NSC और SCSS दोनों ही विविधतापूर्ण टैक्स सेविंग पोर्टफोलियो के अभिन्न अंग हैं.
पोस्ट ऑफिस की 5 साल वाली स्कीम के भी कई फायदे हैं. डाकघर सावधि जमा योजना (Post Office Time Deposit) लोगों के बीच धीरे-धीरे प्रचलित हो रहा है. इसमें 7.5 परसेंट इंटरेस्ट मिलता है. धारा 80सी के तहत इसमें भी 1.5 लाख रुपये तक के निवेश पर टैक्स छूट है. 

ये भी पढ़ें:

2025 में अधिकतम क्रेडिट कार्ड रिवार्ड्स प्राप्त करने के 5 स्मार्ट तरीके, मिलेंगे ढेरों फायदे

[ad_2]

गाजा पट्टी को लेकर क्या है मिस्र का प्लान, जिसे मिला OIC देशों का साथ

[ad_1]

OIC Against On Trump Gaza Plan: इस्लामिक सहयोग संगठन (OIC) ने सऊदी अरब के जेद्दा में एक आपातकालीन बैठक के दौरान गाजा पर कब्जा करने की अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की विवादास्पद योजना के खिलाफ अरब लीग की तरफ से पेश किए गए प्रति-प्रस्ताव का समर्थन किया है. OIC के 57-सदस्यीय समूह ने इस बैठक में मिस्र द्वारा प्रस्तावित गाजा पुनर्निर्माण योजना को मंजूरी दी.

मिस्र द्वारा तैयार किए गए इस प्रस्ताव में गाजा पट्टी का पुनर्निर्माण फिलिस्तीनी प्राधिकरण के प्रशासन के तहत करने का प्रस्ताव है. इस योजना के तहत अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से समर्थन लेने की कोशिश की जा रही है. मिस्र के विदेश मंत्री बद्र अब्देलती ने कहा कि यह प्रस्ताव अब एक अरब-इस्लामी योजना बन गया है, जिसे व्यापक समर्थन की आवश्यकता है.

डोनाल्ड ट्रंप की विवादास्पद योजना
डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा पर कब्जा करने और इसे “मध्य पूर्व का रिवेरा” बनाने का सुझाव दिया, जिससे फिलिस्तीनी निवासियों को मिस्र या जॉर्डन में विस्थापित करने का आह्वान किया गया. इस योजना ने वैश्विक आक्रोश को बढ़ावा दिया है, और इसे अरब देशों ने खारिज कर दिया है.

OIC का समर्थन और आगे का कदम
मिस्र ने अंतर्राष्ट्रीय समुदाय, जैसे यूरोपीय संघ, जापान, रूस, और चीन से इस योजना का समर्थन लेने की बात कही है. यह योजना एक अंतर्राष्ट्रीय योजना बन सकती है यदि इसे इन प्रमुख वैश्विक दलों की तरफ से अपनाया जाता है. OIC ने भी इसे व्यापक समर्थन दिलाने के लिए अपनी प्रतिबद्धता जताई है.

सीरिया की OIC में वापसी
इसके साथ ही OIC ने सीरिया को भी फिर से शामिल कर लिया है, जिसे 2012 में गृहयुद्ध के दौरान निलंबित कर दिया गया था. यह निर्णय सीरिया को एक स्वतंत्र और न्यायपूर्ण राज्य के रूप में अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के सामने वापस लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.

गाजा पर ट्रंप की योजना का विरोध
OIC का गाजा पर ट्रंप की योजना का विरोध और मिस्र के पुनर्निर्माण प्रस्ताव का समर्थन गाजा संकट के समाधान के लिए महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकता है. OIC और अरब लीग द्वारा पेश की गई यह योजना अब अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर समर्थन प्राप्त करने की दिशा में बढ़ रही है.

ये भी पढ़ें: Bangladesh Strategy Against India: भारत के खिलाफ कुछ बड़ा करने वाला है बांग्लादेश! जानें कैसे चीन-PAK के साथ मिलकर बढ़ा रहा दायरा?



[ad_2]

करीना कपूर ने एक्स शाहिद कपूर को भरी महफिल में लगाया गले, फिर साथ दिए पोज, देखें वीडियो

[ad_1]

Kareena Kapoor Hugs Shahid Kapoor: जयपूर में आज IIFA 2025 होस्ट किया गया है जहां एक के बाद एक सेलेब्स पहुंच रहे हैं. करीना कपूर, कार्तिक आर्यन, फिल्म मेकर करण जौहर से लेकर शाहिद कपूर और कृति सेनन भी इवेंट में शिरकत करने पहुंच चुके हैं. इसी दौरान एक बहुत शानदार मूमेंट देखने को मिला जब करीना कपूर ने शाहिद कपूर को गले लगाया. 

पिछले साल दादा साहेब फाल्के अवॉर्ड्स से एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें करीना कपूर शाहिद कपूर को इग्नोर करते हुए रेड कार्पेट से आगे चली गई थीं. वहीं अब IIFA में करीना कपूर ने शाहिद को मंच पर देखते ही गले लगा लिया. इतना ही नहीं करीना ने रुककर शाहिद से काफी देर तक बातचीत भी की और एक साथ खड़े होकर पोज भी दिए. इस दौरान मंच पर करण जौहर, बॉबी देओल और कार्तिक आर्यन भी मौजूद रहे.


स्टाइलिश लुक में IIFA पहुंचीं करीना कपूर
करीना कपूर IIFA में न्यूज पेपर प्रिंटेड कॉर्सेट में अपना स्टाइलिश लुक फ्लॉन्ट करती नजर आईं. ब्लैक बूट्स के साथ उन्होंने अपने लुक को इनहैन्स किया और खुले बालों में अपना लुक पूरा किया. वहीं ऑफ व्हाइट ब्लेजर पैंट में शाहिद कपूर भी काफी हैंडसम दिख रहे थे. एक्टर ने ब्राउन फॉर्मल शूज के साथ अपने लुक को पूरा किया था.

सालों की डेटिंग के बाद हुआ था करीना-शाहिद का ब्रेकअप
बता दें कि करीना कपूर और शाहिद कपूर कभी बॉलीवुड के पॉपुलर कपल्स में से एक हुआ करते थे. कई रिपोर्ट्स के मुताबिक कई सालों की डेटिंग के बाद साल 2007 में उनका ब्रेकअप हो गया था. दोनों ने एक साथ कई फिल्मों में काम किया जिनमें जब वी मेट सबसे ज्यादा पॉपुलर रहा.

ये भी पढ़ें: करिश्मा-रवीना की तकरार ने मुश्किल कर दी थी ‘अंदाज अपना अपना’ की शूटिंग! 31 साल बाद आमिर खान ने किया खुलासा



[ad_2]

स्कैमर्स की नई चाल, कोर्ट के नकली आदेश दिखाकर कर रहे ठगी का प्रयास, ऐसे रहें अलर्ट

[ad_1]

साइबर क्राइम की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं और स्कैमर्स अलग-अलग तरीकों से लोगों को अपने जाल में फंसाने की कोशिश कर रहे हैं. अब एक ताजा कोशिश में स्कैमर्स कोर्ट का फर्जी आदेश दिखाकर लोगों को डरा रहे हैं. सरकार की पीआईबी फैक्ट चेक यूनिट ने इस ईमेल को लेकर लोगों को सावधान किया है. आइए जानते हैं कि स्कैमर्स के भेजे जा रहे इस ईमेल में क्या लिखा है और ऐसे स्कैम से कैसे बचें.

इंटरनेट ट्रैफिक को लेकर की जा रही शिकायत

स्कैमर्स की तरफ से भेजे जा रहे इस ईमेल में इंटरनेट ट्रैफिक को लेकर कोर्ट का फर्जी आदेश है. इसमें लिखा गया है कि आपने अपने ऑफिशियल या प्राइवेट इंटरनेट को अश्लील कंटेट देखने का प्लेटफॉर्म बना लिया है. इसमें आगे किसी एजेंसी के बारे में बताया गया है. सरकार की पीआईबी फैक्ट चेक यूनिट ने लोगों को इससे सावधान करते हुए इसे फर्जी बताया है. पीआईबी ने लिखा कि यह ईमेल फर्जी है. इससे सावधान रहे. यह आपको निशाना बनाने वाला एक फिशिंग स्कैम हो सकता है. पोस्ट में ऐसे किसी भी ईमेल की शिकायत सरकार के साइबर क्राइम पोर्टल पर करने की अपील की गई है.

ऐसे स्कैम से खुद को कैसे बचाएं?

  • ऑनलाइन स्कैम से बचने के लिए सतर्क रहना जरूरी है. जरा-सी लापरवाही बड़ा नुकसान करवा सकती है. ऐसी घटनाओं से बचने के लिए अपने मोबाइल और कंप्यूटर को हमेशा अपडेट रखें. इससे डिवाइस सिक्योर रहते हैं. 
  • सोशल मीडिया से लेकर बैंक अकाउंट तक, हमेशा मजबूत पासवर्ड यूज करें. कभी भी ऐसे पासवर्ड सेट न करें, जिनका अंदाजा लगाना आसान हो. साथ ही ब्राउजर में पासवर्ड सेव करने से बचें.
  • किसी भी संदिग्ध ईमेल, लिंक या मैसेज पर क्लिक न करें. साइबर क्रिमिनल ऐसे ही लिंक भेजकर लोगों को फंसाने की कोशिश करते हैं. इसलिए हमेशा सावधान रहें.
  • अगर आप साइबर फ्रॉड का शिकार हो गए हैं तो तुरंत संबंधित एजेंसियों से संपर्क करें. शुरुआती कुछ मिनटों में नुकसान रोका जा सकता है. 

ये भी पढ़ें-

हर फोटो आएगी झक्कास! Samsung के इस फ्लैगशिप मोबाइल में मिल सकता है 324MP कैमरा, ये जानकारी आई सामने



[ad_2]

आमलकी एकादशी क्या होती है, इस दिन व्रत रखने और पूजा करने से जीवन में किन परेशानियों से मुक्ति मिलती है

[ad_1]

Amalaki Ekadashi 2025: आमलकी एकादशी क्या होती है, इस दिन व्रत रखने और पूजा करने से जीवन में किन परेशानियों से मुक्ति मिलती है

[ad_2]

कोलेस्ट्रॉल से लेकर यूरिक एसिड तक, किसी दवा से कम नहीं हैं किचन में रखे ये मसाले

[ad_1]

माना जाता है कि हल्दी की चाय, अदरक की चाय, दालचीनी की चाय और हिबिस्कस की चाय जैसे कुछ मसाले से भरपूर ड्रिंक कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में काफी ज्यादा फायदेमंद होते हैं. आज हम कुछ ऐसे मसालों के बारे में बताएंगे जिसके जरिए आप कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल कर सकते हैं. हल्दी में भरपूर मात्रा में करक्यूमिन होता है जो शरीर की सूजन  और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं जो कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कंट्रोल करते हैं. हिबिस्कस फूल की सूखी पंखुड़ियों से बनी हिबिस्कस चाय न केवल ताजगी देती है बल्कि कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने में भी प्रभावी है.

हालांकि आप सही डाइट और कुछ घरेलू नुस्खों से इसे काफी हद तक कंट्रोल कर सकते हैं. आज हम आपको कुछ ऐसी असरदार चीजों के बारे में बता रहे हैं तो आपके शरीर में बढ़े हुए खराब कोलेस्ट्रॉल को तुरंत कम कर देंगे. आइये जानते हैं कौन से खाद्य पदार्थों से कोलस्ट्रोल लेवल को कम किया जा सकता है.

कोलेस्ट्रॉल को कम करने के घरेलू उपाय

1- लहसुन खाएं– अगर आपके शरीर में बेड कोलेस्ट्रॉल बढ़ा हुआ है तो आपको सुबह खाली पेट या फिर रात में सोने से पहले कच्चा लहसुन खाना चाहिए. लहसुन में एलिसन नामक तत्त्व होता है जो खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करता है. लहसुन खाने से ब्लड प्रेशर भी कंट्रोल रहता है. 

2- ग्रीन टी पिएं– ग्रीन टी हमारी हेल्थ के लिए बहुत फायदेमंद है. इसमें ऐसे तत्त्व पाए जाते हैं जो सेहत के लिए अच्छे होते हैं. रोजाना ग्रीन टी पीने से मेटाबोलिज्म तेज होता है और कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद मिलती है. ग्रीन टी आपके वजन को भी कंट्रोल रखती है. 

3- अलसी के बीज खाएं- असली सीड्स में लिनोलेनिक एसिड होता है, जो सीधा बैड कोलेस्ट्रॉल पर हमला करता है. अलसी खाने से शरीर को कई पॉवरफुल तत्त्व मिलते हैं. असली में भरपूर ओमेगा 3 फैटी एसिड होता है. ये सभी तत्व कोलेस्ट्रॉल को कम करते हैं. 

4- आंवला खाएं– आंवला को सुपरफूड कहते हैं. कोलेस्ट्रॉल को कम करने में भी आंवला मदद करता है. आप रोजाना आंवला का पाउडर खाएं. इससे अनिमो एसिड और एंटी-ऑक्सीडेंट मिलते हैं, जो खराब कोलेस्ट्रॉल को खत्म करते हैं. आवला इम्यूनिटी बढ़ाने में भी मदद करता है. 

यह भी पढ़ें : रंगों से कैसे रखें अपनी स्किन का ख्याल? होली पर ये हैक्स आपको रखेंगे एकदम सेफ

5- हल्दी वाला दूध– जिनका कोलेस्ट्रॉल लेवल हाई रहता है उन्हें रोजाना हल्दी वाला दूध पीना चाहिए. हल्दी में ऐसे तत्त्व होते हैं जो बेड कोलेस्ट्रॉल को कम करते हैं. हल्दी वाला दूध इम्यूनिटी को भी मजबूत बनाता है. आपको रोजाना हल्दी वाला दूध जरूर पीना चाहिए.

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

यह भी पढ़ें: ‘मुझे जीना ही नहीं है अब…’ दीपिका पादुकोण ने छात्रों को सुनाई अपने डिप्रेशन की कहानी

Check out below Health Tools-
Calculate Your Body Mass Index ( BMI )

Calculate The Age Through Age Calculator

[ad_2]

असिस्टेंट प्रोफेसर और Dangerous गुड्स इंस्पेक्टर के पदों पर वैकेंसी, 27 मार्च तक करें आवेदन

[ad_1]

इस भर्ती के तहत हिंदी, इतिहास, केमिस्ट्री, कॉमर्स, कंप्यूटर साइंस, इंग्लिश, ज्योग्राफी, फिजिक्स, राजनीति विज्ञान और अर्थशास्त्र सहित विभिन्न विषयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों को भरा जाएगा. आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक नोटिफिकेशन को ध्यान से पढ़ने की सलाह दी जाती है, क्योंकि किसी भी गलती की स्थिति में फॉर्म रिजेक्ट किया जा सकता है.

इस भर्ती के तहत हिंदी, इतिहास, केमिस्ट्री, कॉमर्स, कंप्यूटर साइंस, इंग्लिश, ज्योग्राफी, फिजिक्स, राजनीति विज्ञान और अर्थशास्त्र सहित विभिन्न विषयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों को भरा जाएगा. आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक नोटिफिकेशन को ध्यान से पढ़ने की सलाह दी जाती है, क्योंकि किसी भी गलती की स्थिति में फॉर्म रिजेक्ट किया जा सकता है.

उम्मीदवार के पास संबंधित विषय में 55% अंकों के साथ पोस्ट ग्रेजुएशन (PG) डिग्री होनी चाहिए. साथ ही NET परीक्षा पास होना जरूरी है.

उम्मीदवार के पास संबंधित विषय में 55% अंकों के साथ पोस्ट ग्रेजुएशन (PG) डिग्री होनी चाहिए. साथ ही NET परीक्षा पास होना जरूरी है.

जनरल वर्ग के उम्मीदवारों के लिए अधिकतम आयु 35 वर्ष निर्धारित की गई है. आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमानुसार आयु सीमा में छूट मिलेगी.

जनरल वर्ग के उम्मीदवारों के लिए अधिकतम आयु 35 वर्ष निर्धारित की गई है. आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमानुसार आयु सीमा में छूट मिलेगी.

UPSC ने असिस्टेंट प्रोफेसर के अलावा Dangerous गुड्स इंस्पेक्टर के पदों पर भी भर्ती निकाली है. इस पद के लिए किसी भी स्ट्रीम में ग्रेजुएशन की डिग्री आवश्यक है. सामान्य श्रेणी के उम्मीदवारों के लिए अधिकतम आयु 40 वर्ष निर्धारित की गई है.

UPSC ने असिस्टेंट प्रोफेसर के अलावा Dangerous गुड्स इंस्पेक्टर के पदों पर भी भर्ती निकाली है. इस पद के लिए किसी भी स्ट्रीम में ग्रेजुएशन की डिग्री आवश्यक है. सामान्य श्रेणी के उम्मीदवारों के लिए अधिकतम आयु 40 वर्ष निर्धारित की गई है.

इस अभियान के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को आवेदन शुल्क का भुगतान करना होगा. सामान्य ओबीसी और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के उम्मीदवारों को 25 रुपये का आवेदन शुल्क देना होगा. जबकि एससी एसटी पीएच (दिव्यांग) और सभी वर्गों की महिलाओं को कोई शुल्क नहीं देना होगा.

इस अभियान के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को आवेदन शुल्क का भुगतान करना होगा. सामान्य ओबीसी और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के उम्मीदवारों को 25 रुपये का आवेदन शुल्क देना होगा. जबकि एससी एसटी पीएच (दिव्यांग) और सभी वर्गों की महिलाओं को कोई शुल्क नहीं देना होगा.

इन दोनों ही भर्ती के लिए आवेदन प्रोसेस शुरू हो गई है. कैंडिडेट्स 27 मार्च 2025 तक आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं.

इन दोनों ही भर्ती के लिए आवेदन प्रोसेस शुरू हो गई है. कैंडिडेट्स 27 मार्च 2025 तक आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं.

Published at : 08 Mar 2025 01:22 PM (IST)

शिक्षा फोटो गैलरी

शिक्षा वेब स्टोरीज

[ad_2]

जब महिलाओं ने एक दिन के लिए छोड़ दिया था पूरा काम, पूरे पुरुष समाज में मच गई खलबली

[ad_1]

Trending News: अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस इसी हफ्ते की 8 मार्च को पूरी दुनिया में मनाया जाना है जैसा कि हर साल मनाया जाता है. यह दिन महिलाओं के अधिकारों, समानता और उपलब्धियों को सम्मान देने के लिए समर्पित है. इस दिन को मनाने का उद्देश्य महिलाओं को समान अधिकार दिलाना, उनके संघर्षों को पहचान देना और लैंगिक समानता की दिशा में जागरूकता फैलाना है. यह दिन महिलाओं की आर्थिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक उपलब्धियों का जश्न मनाने के साथ साथ लैंगिक भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाने के लिए भी एक खास दिन है.

इसी मौके पर हम आपको महिलाओं की शक्ति का अहसास कराने वाले उस पल के बारे में बताने जा रहे हैं जब महिलाओं ने काम करना ही बंद कर दिया था. जिसके बाद पुरुषों की वो हालत हुई थी कि आप भी जानेंगे तो हैरान रह जाएंगे. जिसकी चर्चा सोशल मीडिया पर भी काफी हो रही है.

इस दिन इस देश में महिलाओं ने दिखाई थी अपनी ताकत

बात 40 साल पहले की है. दिन 24 अक्टूबर 1975 का, ये दिन आइसलैंड को हमेशा याद रहेगा, क्योंकि इसी से आइसलैंड में महिलाओं के लिए नई सोच ने जन्म लिया. दरअसल इस दिन आइसलैंड में महिलाओं ने हड़ताल कर दी थी. ये हड़ताल ऐसी वैसी नहीं थी, बल्कि इस दिन इस पूरे देश की महिलाओं ने काम न करने का फैसला किया. महिलाओं ने न ही घर के काम न ही नौकरी और न ही कोई दूसरा काम किया. सभी महिलाएं प्रोटेस्ट के लिए बाहर निकल गईं. अब ऐसे में महिला दिवस के मौके पर सोशल मीडिया पर इस दिन को काफी याद किया जा रहा है.

पुरुषों की हो गई थी हवा टाइट

घर में बच्चों से लेकर हर काम पुरुषों को संभालना पड़ा. लिहाजा बैंक, कारखाने और कुछ दुकानें बंद करनी पड़ीं, साथ ही स्कूल और नर्सरी भी बंद करनी पड़ीं. इस दिन सॉस इतने बिके की दुकानों पर बचे ही नहीं. कुछ पिताओं के लिए बच्चों को संभालना इतना मुश्किल हो गया था कि इस दिन को एक और नाम दिया गया, लॉन्ग फ्राइडे. दरअसल यह विरोध  उन्होंने घर, दफ्तर, स्कूल और दूसरी जगहों पर काम छोड़कर महिला समानता और वेतन असमानता के खिलाफ किया था. इसका इतना असर हुआ कि आइसलैंड सरकार को जेंडर इक्वालिटी पर बड़े सुधार करने पड़ गए थे.

यह भी पढ़ें: रुई और सफेद रेत से बना स्नो विलेज देख लगी पर्यटकों की भीड़, पोल खुलने पर हुआ जमकर बवाल, देखें वीडियो

यूजर्स बताया, क्या है महिला शक्ति

सोशल मीडिया पर 24 अक्टूबर 1975 को लोग खासा याद कर रहे हैं. हाल ही में महिला बनाम पुरुष की बहस काफी ज्यादा लंबी हो गई है, जिसके बाद यूजर्स भी इस बहस से अलग हटकर महिला शक्ति के बारे में बातें कर रहे हैं. एक यूजर ने लिखा…महिला है तो यह संसार है. एक और यूजर ने लिखा…स्त्री के बगैर घर जहन्नम है. तो वहीं एक और यूजर ने लिखा..मेरी मां भी तो एक महिला है, सभी महिलाओं की ताकत की पहचान हमें होनी चाहिए.

यह भी पढ़ें: स्पैम कॉल समझकर काटता रहा शख्स! एक महीने बाद सच्चाई पता चली तो दीवार पर दे मारा सिर

व्हाइट हाउस में फिर गरमाया माहौल, कैबिनेट मीटिंग में भिड़े मस्क, देखते रहे डोनाल्ड ट्रंप

[ad_1]

Cabinet Meeting: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कैबिनेट बैठक में उस समय तनाव बढ़ गया जब विदेश मंत्री मार्को रूबियो और उद्योगपति एलन मस्क के बीच तीखी बहस हो गई. न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार ये बहस कर्मचारियों में की गई कटौती के मुद्दे पर हुई. इस दौरान रूबियो ने मस्क पर झूठ बोलने का आरोप लगाया जिससे माहौल और गरमा गया.

रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार इस बैठक में ट्रंप ने अपने कैबिनेट प्रमुखों को स्पष्ट कर दिया कि सरकारी एजेंसियों में स्टाफिंग और नीति को लेकर अंतिम फैसला उन्हीं का होगा न कि मस्क का. जानकारी के अनुसार हाल के दिनों में अमेरिका में सरकारी एजेंसियों में बड़े पैमाने पर छंटनी की गई है जिससे कई विभाग प्रभावित हुए हैं. इस मुद्दे पर रूबियो और मस्क के बीच तीखी बहस हो गई.

अमेरिका में बड़े पैमाने पर नौकरियों में कटौती

ट्रंप प्रशासन ने सरकारी नौकरियों में भारी कटौती की है जिसे लेकर कई विभागों में असंतोष है. ट्रंप का कहना है कि सरकार पर 36 लाख करोड़ डॉलर का कर्ज है और इसे कम करने के लिए कड़े फैसले लेने की जरूरत है. पिछले साल अमेरिका को करोड़ों डॉलर का घाटा हुआ था जिसे देखते हुए सरकारी खर्चों में कटौती की जा रही है.

ट्रंप ने बहस को किया खारिज

जब ट्रंप से इस बहस के बारे में पूछा गया तो उन्होंने इसे खारिज कर दिया. उन्होंने कहा “ऐसा कुछ नहीं हुआ. कोई क्लैश नहीं हुआ. एलन और मार्को बहुत अच्छे से पेश आते हैं और दोनों शानदार काम कर रहे हैं.” ट्रंप ने रूबियो की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने विदेश मंत्री के रूप में शानदार काम किया है वहीं मस्क को एक अनोखा और प्रभावशाली व्यक्ति बताया.

पहले भी हो चुकी हैं तीखी बहसें

इससे पहले भी ट्रंप प्रशासन में तीखी बहसें हो चुकी हैं. हाल ही में व्हाइट हाउस में यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की और ट्रंप के बीच शांति प्रस्ताव को लेकर गर्मागर्म बहस हुई थी. ट्रंप ने जेलेंस्की पर समझौता न करने का आरोप लगाया था और कहा था कि अमेरिका ने यूक्रेन को 350 अरब डॉलर और सैन्य उपकरण दिए हैं लेकिन उनके रुख में बदलाव नहीं आया.

ये भी पढ़ें: Weather Forecast: उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड के बाद अब गर्मी के संकेत, दिल्ली-NCR में बदला मौसम, बूंदाबांदी से बढ़ी ठंडक, जानिए कहां कैसा रहेगा मौसम

[ad_2]