रोहित शर्मा ने निकाल लिया जुगाड़! अब वनडे वर्ल्ड कप 2027 तक खेलना तय?

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Rohit Sharma ODI Retirement Update: पिछले दिनों भारतीय क्रिकेट टीम ने रोहित शर्मा की कप्तानी में चैंपियंस ट्रॉफी का टाइटल जीता. इसके बाद रोहित शर्मा ने साफ कर दिया कि वह वनडे फॉर्मेट में खेलते रहेंगे. फिलहाल, इस फॉर्मेट को अलविदा कहने का इरादा नहीं है. दरअसल, इससे पहले ऐसा माना जा रहा था कि चैंपियंस ट्रॉफी के बाद रोहित शर्मा वनडे फॉर्मेट को अलविदा कह देंगे, लेकिन उन्होंने अपने संन्यास के तमाम कयासों को खारिज कर दिया. अब सवाल है कि रोहित शर्मा वनडे फॉर्मेट में कब तक खेलेंगे? बहरहाल, इससे जुड़ी बड़ी जानकारी सामने आ रही है.

वनडे वर्ल्ड कप 2027 के लिए रोहित शर्मा?

रोहित शर्मा तकरीबन 38 साल के हो चुके हैं. इसके अलावा खराब फिटनेस पर लगातार सवाल उठते रहे हैं. लेकिन अब भारतीय कप्तान ने अपनी फिटनेस को दुरूस्त करने का तरीका ढूंढ़ लिया है. दरअसल, रोहित शर्मा अपनी फिटनेस को बेहतर बनाने पर काम करेंगे. इस मिशन में रोहित शर्मा का साथ टीम इंडिया के अस्सिसटेंट कोच अभिषेक नायर देंगे. अभिषेक नायर की मदद से रोहित शर्मा अपनी फिटनेस को नई ऊचांइयों पर पहुंचना के लिए तैयार हैं. ऐसा कहा जा रहा है कि वनडे वर्ल्ड कप 2027 पर रोहित शर्मा की निगाहें हैं. इस टूर्नामेंट में रोहित शर्मा खेलने के लिए काफी उत्सुक हैं.

ऐसा रहा है रोहित शर्मा का करियर

बताते चलें कि रोहित शर्मा ने 67 टेस्ट मैचों के अलावा 273 वनडे और 159 टी20 मैचों में टीम इंडिया का प्रतिनिधित्व किया है. इसके अलावा आईपीएल के 159 मुकाबले खेल चुके हैं. टेस्ट फॉर्मेट में रोहित शर्मा ने 40.58 की एवरेज से 4302 रन बनाए. वहीं, वनडे फॉर्मेट में रोहित शर्मा ने 92.81 की स्ट्राइक रेट और 48.77 की एवरेज से 11168 रन बनाए हैं. भारत के लिए टी20 मैचों में रोहित शर्मा ने 140.90 की स्ट्राइक रेट और 31.34 की एवरेज से 4231 रन बनाए हैं.

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होली पर Ola Electric के S1 रेंज के इलेक्ट्रिक स्कूटर पर फ्लैश सेल का ऐलान

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Ola Electric Holi Sale: ओला इलेक्ट्रिक ने होली के मौके पर अपने S1 रेंज के इलेक्ट्रिक स्कूटर पर फ्लैश सेल की घोषणा की है. इसके तहत कस्टमर्स S1 Air पर 26,750 रुपये और S1 X+ (जनरेशन 2) पर 22,000 रुपये तक की छूट का लाभ उठा सकते हैं. इन मॉडलों की कीमत क्रमशः 89,999 रुपये और 82,999 रुपये से शुरू होती है. 

इतने दिनों तक चलेगी सेल

यह फ्लैश सेल 13 मार्च से 17 मार्च तक लिमिटेड समय के लिए है. इसी के साथ ओला अपनी S1 रेंज के बाकी स्कूटरों पर भी 25,000 तक की छूट भी दे रही है, जिसमें S1 Gen 3 रेंज के सभी स्कूटर शामिल हैं. बता दें कि इस डिस्काउंट के बाद इनकी कीमत 69,999 रुपये से 1,79,999 रुपये के बीच होगी. इसके अलावा, ओला 10,500 रुपये तक का भी छूट दे रही है. यानी कि S1 Gen 2 स्कूटर को खरीदने वाले नए कस्टमर्स एक साल के लिए मुफ्त Move OS+ का लाभ उठा सकेंगे. इसके अलावा, 14,999 रुपये की एक्सटेंडेंट वारंटी 7,499 रुपये में मिलेगी. ओला के जनरेशन 3 पोर्टफोलियो में  S1 Pro+ 5.3kWh और 4kWh शामिल हैं जिनकी कीमत क्रमशः 1,85,000  रुपये और 1,59,999 रुपये है. 

इतनी है S1 रेंज के प्रोडक्ट्स की कीमत

S1 Pro के दो बैटरी ऑप्शंस हैं 4kWh और 3kWh,जिनकी कीमत क्रमश: 1,54,999 और 1,29,999 रुपये है. S1 X रेंज की कीमत 2kWh के लिए 89,999 रुपये, 3kWh के लिए 1,02,999 रुपये और 4kWh के लिए 1,19,999 रुपये है. जबकि  S1 X+ 4kWh बैटरी के साथ उपलब्ध है और इसकी कीमत 1,24,999 रुपये है.

जेनरेशन 2 के स्कूटर भी S1 X (2kWh, 3kWh, और 4kWh) बैटरी ऑप्शंस के साथ उपलब्ध हैं, जिनकी शुरुआती कीमत 1,49,999 रुपये, 84,999 रुपये, 97,999 रुपये, और 1,14,999 रुपये है. बता दें कि इससे पहले ओला ने कहा था कि कंपनी ने कहा था कि उनकी कॉस्ट कटिंग प्रोग्राम से ही महीने 90 करोड़ रुपये की बचत होगी और 2025-26 की पहली तिमाही के लिए EBITDA ब्रेक-ईवन हासिल करने में मदद मिलेगी. 

 

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Holi 2025 Lucky Colours: मेरी राशि के लिए कौन सा रंग है शुभ

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Holi 2025 Lucky Colours: होली रंगों का त्योहार है. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार हर रंग राशि, ग्रह और आध्यात्मिकता से भी जुड़ा हुआ है. होली के दिन लोग रंग-गुलाल और अबीर खेलते हैं. लेकिन अगर इस दिन आप अपनी राशि के अनुसार रंगों का चुनाव करते हैं और इन रंगों के साथ होली खेलते हैं तो आपके जीवन में सकारात्मकता, सफलता, सुख और समृद्धि का आगमन होगा.

शास्त्र के अनुसार रंगों का हमारे जीवन और भाग्य पर गहरा प्रभाव होता है. अगर हम सही रंग का चुनाव अपने जीवन में करते हैं तो इससे ऊर्जा संतुलित रहती है. साथ ही सही रंगों का उपयोग करने से ग्रहों से भी शुभ फल की प्राप्ति होती है. ज्योतिष शास्त्र में अलग-अलग राशियों के लिए अलग-अलग रंग बताए गए हैं जोकि उनके भाग्य से और ग्रहों से जुड़ा होता है. इसलिए यह जान लीजिए की होली के त्योहार में आपकी राशि के अनुसार कौन सा रंग आपके लिए शुभ रहेगा.

मेरी राशि के लिए कौन सा रंग है शुभ (Auspicious Color according to Zodiac Sign)

  • (मेष-वृश्चिक):- इस राशि वाले जातकों के स्वामी मंगल होते हैं. होली के दिन या आम दिनों में भी आपके लिए लाल गुलाबी और सुनहरा रंग का अधिक से अधिक उपयोग करना शुभ फलदाई रहेगा. यह रंग ऊर्जा आत्मविश्वास और सफलता के लिए भी जाना जाता है.
  • (वृषभ और तुला):- ये शुक्र के स्वामित्व वाली राशि है. आपकी राशि अनुसार सफेद हरा और नीला रंग आपके लिए बहुत ही शुभ रहेगा यह रंग शांति धन समृद्धि से जुड़ा होता है.
  • (कर्क राशि):- आपकी राशि के सफेद, सिल्वर और हल्का नीला रंग बहुत शुभ है.
  • (मिथुन और कन्या):- इस राशि के स्वामी बुध हैं. आपकी राशि अगर मिथुन या कन्या है तो आज आप हरा और पीला रंग होली खेलने के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं.
  • (सिंह राशि):- सिंह सूर्य के स्वामित्व वाली राशि है. इस रंग के लोगों के लिए गोल्डन, नारंगी और लाल रंग शुभ होता है. ये रंग आत्मविश्वास, सेहत, सफलता और प्रतिष्ठा से जुड़ा होता है.
  • (मकर और कुंभ): इस राशि के स्वामी शनि देव हैं. आपके लिए गहरा नीला, ग्रे, जामुनी आदि जैसे रंग शुभ रहेंगे. यह रंग जीवन में धैर्य और स्थिरता लाता है.
  • (धनु और मीन):  इन राशियों के स्वामी देव गुरु बृहस्पति हैं. आपके लिए पीला, नारंगी और सुनहरा रंग शुभ है. ये रंग भाग्य, आध्यात्मिकता और सफलता लाएंगे.

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जब ऐश्वर्या से होती थी दीया मिर्जा की तुलना, बराबरी के लिए 4 साल तक पहने थे ब्लू लेंस

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Dia Mirza On Aishwarya Rai Comparison: एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में एक्ट्रेसेस की एक-दूसरे से तुलना होना आम बात है. उनकी खूबसूरती से लेकर अभिनय और सफलता तक, हर चीज का कंपेरिजन किया जाता है. ऐसा ही कुछ अभिनेत्री और पूर्व मिस एशिया पैसिफिक इंटरनेशनल दीया मिर्जा के साथ हुआ ता. 18 या 19 साल की उम्र में अपने करियर की शुरुआत करने वाली इस एक्ट्रेस को अपने करियर के शुरुआती दौर में ऐसे कई दबावों का सामना करना पड़ा था. हाल ही में एक इंटरव्यू में दीया मिर्जा ने बताया कि पूर्व मिस वर्ल्ड ऐश्वर्या राय बच्चन से उनकी लगातार तुलना किए जाने से उन पर क्या असर पड़ा था.

ऐश्वर्या राय बच्चन से होती थी 19 साल की दीया मिर्जी की तुलना
दीया मिर्जा, ने 2001 में आर माधवन और सैफ अली खान स्टारर फिल्म ‘रहना है तेरे दिल में’ से बॉलीवुड में डेब्यू किया था. उन्होने अपने करियर की शुरुआत ब्यूटी पेजेंट से की थी. शोबिज में एंट्री करने से पहले उन्होंने फेमिना मिस इंडिया और मिस एशिया पैसिफिक इंटरनेशनल का खिताब जीता था. उनकी ब्यूटी और एक्टिंग स्किल ने जल्द ही उन्हें पहचान दिला दी थी. हालांकि, हाल ही में जूम के साथ बातचीत में, अभिनेत्री ने खुलासा किया कि उन्हें अपनी पहली कुछ फिल्मों में अपना लुक पसंद नहीं आया था.

दीया ने कहा, ‘अपने करियर के पहले 3-4 सालों में मैंने अपनी सभी फिल्मों में लाइट कलर के लेंस पहने. ये हंसा देने वाला था क्योंकि मैं उनकी ब्यूटी के आइडिया के मुताबिक ढलने की पूरी कोशिश कर रही थी. ये भी अजीब था कि इंटरनेशनल ब्यूटी पेजेंट जीतने के बावजूद मैं खुद को लेकर कंफर्टेबल नहीं थी.’ इसकी वजह बताते हुए दिया ने खुलासा किया, ‘जब मैंने एक एक्ट्रेस के रूप में शुरुआत की, तो मेरी तुलना पूर्व ब्यूटी क्वीन्स, खासकर ऐश्वर्या राय से की जाती थी. बेशक, 19 साल की उम्र में यह एक बहुत बड़ी तारीफ थी क्योंकि मैं अभी शुरुआत कर रही थी. लेकिन ये एक बहुत ही खतरनाक ट्रेंड भी था.’


ऐश्वर्या के ब्यूटी स्टैंडर्ड से मैच करने की की जाती थी उम्मीद
दिया ने आगे कहा, ‘इस वजह से, मुझसे उम्मीद की जाती थी कि मैं ऐश्वर्या की तरह ही रिफाइंड रहूं और उनके ब्यूटी स्टैंडर्स से मैच करूं. हालांकि, मुझे जल्द ही पता चल गया कि सुंदर दिखने के लिए आपकी लाइट आंथे और लाइट स्किन होने की ज़रूरत नहीं है. आप पूरी तरह से खुद से भी सुंदर हो सकते हैं.’

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मोबाइल पर आए ये मैसेज तो कर दें डिलीट, FBI का अलर्ट, ठगी के लिए स्कैमर्स ने ढूंढा नया तरीका

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Smishing Attack: डेटा चोरी और वित्तीय धोखाधड़ी के लिए स्कैमर्स नए-नए तरीके अपना रहे हैं. अब अमेरिकी एजेंसी FBI ने एक नई तरह के स्कैम को लेकर वॉर्निंग जारी की है. इस तरह के स्कैम में मोबाइल यूजर्स के पास एक फर्जी मैसेज आता है. इसमें टोल टैक्स न चुकाने पर जुर्माना लगने जैसा कोई झूठ बोला जाता है. इसके बाद मोबाइल यूजर्स को तुरंत जुर्माना चुकाने के लिए कहा जाता है. मैसेज में दिया गया लिंक एक स्पैम पेज खोलता है, जहां से स्कैमर्स के लिए यूजर की जानकारी चुराना आसान हो जाता है. इसे तरह के स्कैम को Smishing (SMS+Phishing) स्कैम कहा जा रहा है. 

नकली डोमेन का लिया जा रहा सहारा

पहले ये स्कैम सिर्फ टोल टैक्स के नाम पर फर्जी मैसेज भेजकर शुरू हुए थे और अब स्कैमर्स डिलीवरी सर्विस आदि के नाम पर भी लोगों को चूना लगाने की कोशिश कर रहे हैं. रिपोर्ट्स के अनुसार, स्कैमर्स ने इसके लिए 10,000 नकली डोमेन रजिस्टर किए हैं. असली जैसे दिखने वाले ये डोमेन स्कैमर्स की चाल होते हैं और मैसेज पर दिए लिंक पर क्लिक करते ही लोग यहां पहुंच जाते हैं. मैसेज में लोगों को पेनल्टी से बचने के लिए तुरंत जुर्माना चुकाने को कहा जाता है. अगर कोई गलती से इस लिंक पर क्लिक कर देता है तो उससे बैंक और क्रेडिट कार्ड आदि की जानकारी मांगी जाती है. यह पूरी जानकारी स्कैमर्स के पास पहुंचती है, जिससे उनके लिए डेटा चोरी के साथ-साथ पैसों की ठगी करना भी आसान हो जाता है.

ऐसे स्कैम से कैसे बचें?

FBI का कहना है कि अभी अमेरिका और कनाडा के कुछ इलाकों में Smishing के कुछ मामले आए हैं. एजेंसी ने इस तरह के स्कैम से बचाव के लिए ऐसे किसी भी मैसेज को तुरंत डिलीट करने की सलाह दी है. बता दें कि साइबर फ्रॉड के मामलों से बचने के लिए सावधानी जरूरी है और लोगों को किसी भी अनजान या संदिग्ध व्यक्ति से मिले लिंक पर क्लिक न करने की सलाह दी जाती है.

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परमाणु बम से चूल्हे नहीं जला करते पड़ोसियों! पाकिस्तान में इफ्तार के दौरान जमकर हुई खाने की लूट

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Trending Video: पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान के बारे में आपने अक्सर सुना होगा कि वहां महंगाई चरम पर है. आटे और दाल के भाव लोगों के ख्वाबों में आकर उन्हें खौफजदा करते हैं. पाकिस्तान में हर चीज की कीमत इन दिनों आसमान छू रही है. जिसके बाद गरीब और मध्यमवर्ग के लिए वहां जीना दुभर हो रखा है. इसके अलावा रमजान का पाक महीना भी चल रहा है, जिसे लेकर पाकिस्तान में आए दिन इफ्तार दावतों का आयोजन किया जाता है. जिसमें कई लोग बढ़ चढ़कर हिस्सा लेते हैं. लेना भी चाहिए अच्छी बात है.

लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक पाकिस्तानी इफ्तार के वीडियो को देख आपकी हंसी छूट जाएगी. हाल ही में वायरल इस वीडियो में आप देखेंगे कि कैसे पाकिस्तानी लोग इफ्तार की प्लेटों पर टूट पड़ते हैं. जिसे देखने के बाद आपको वहां के हालातों का अंदाजा खुद ही हो जाएगा.

इफ्तार खाने के लिए टूट पड़े पाकिस्तानी

रमजान के बीच पाकिस्तान में एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें सैकड़ों लोग मस्जिद के बाहर इफ्तार के दौरान मुफ्त खाना खाने के लिए दौड़ लगा रहे हैं. सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट के अनुसार, यह घटना इस्लामाबाद की शाह फैसल मस्जिद की है. फुटेज में पारंपरिक पोशाक पहने हुए लोग मस्जिद परिसर में प्लेटें रखे हुए देखते ही खाने की ओर दौड़ पड़ते हैं. वीडियो शेयर करते हुए एक पाकिस्तानी पत्रकार ने लिखा, “यह कोई पिछड़ा इलाका नहीं है. यह पाकिस्तान के सबसे विकसित इलाके इस्लामाबाद में फैसल मस्जिद है. मुफ्त इफ्तार का ऐलान होते ही पाकिस्तानी (भिखारी नहीं बल्कि आम आदमी) अपना हिस्सा हड़पने के लिए दौड़ पड़े.

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यूजर्स बोले, परमाणु बम से चूल्हे नहीं जला करते

वायरल वीडियो ने पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति और राष्ट्रीय प्राथमिकताओं को लेकर आलोचकों की बीच नई बहस को जन्म दे दिया है. कई सोशल मीडिया यूजर्स ने देश की आर्थिक चुनौतियों पर अपनी निराशा जाहिर की है. हालांकि घटना की तारीख साफ नहीं है, लेकिन इसने सोशल मीडिया पर कई तरह के रिएक्शन के साथ शेयर किया जा रहा है. एक यूजर ने लिखा, “फिर भी वे इस बारे में बात करने की हिम्मत करते हैं कि वे दुनिया के सबसे ताकतवर देशों में से हैं.” एक और यूजर ने लिखा, “यह इस बात का पर्याप्त सबूत है कि विश्व बैंक और चीनी ऋण किसी भी तरह से मदद नहीं कर रहे हैं.” तो वहीं एक और यूजर ने लिखा…परमाणु बम रखने से चूल्हे नहीं जला करते.

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अमेरिकी अदालत ने ट्रंप को दिया बड़ा झटका! इस मामले में सुनाया फैसला, अब क्या करेंगे राष्ट्रपति?

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US Court Setback Donald Trump: अमेरिकी अदालत ने डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन द्वारा बड़े पैमाने पर छंटनी का सामना कर रहे हजारों संघीय कर्मचारियों को दोबारा नियुक्त करने का आदेश दिया. यह आदेश छह संघीय एजेंसियों को दिया गया, जिनमें ट्रेजरी, वेटरन्स अफेयर्स, कृषि, रक्षा, ऊर्जा और आंतरिक विभाग शामिल हैं. इन कर्मचारियों को “खराब प्रदर्शन” के आधार पर निकाला गया था, लेकिन कोर्ट ने इस वजह को महज दिखावा करार दिया.

जस्टिस विलियम अलसुप ने यह फैसला एक याचिका पर सुनवाई के बाद सुनाया, जो कर्मचारी संघों की ओर से दायर की गई थी. न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, जज ने कहा कि ट्रंप प्रशासन ने खराब प्रदर्शन के आधार पर निकाले गए कर्मचारियों को गलत तरीके से हटाया था. उन्होंने कहा कि यह औचित्य केवल वैधानिक आवश्यकताओं से बचने का प्रयास था और यह कर्मचारियों के वास्तविक प्रदर्शन पर आधारित नहीं था.

जज ने क्या टिप्पणी की?

सैन फ्रांसिस्को में अमेरिकी कोर्ट ने कहा, ‘यह एक दुखद दिन है जब हमारी सरकार अच्छे कर्मचारियों को निकाल देती है और कहती है कि यह प्रदर्शन के आधार पर किया गया था, जबकि यह झूठ है.’ उन्होंने संघीय एजेंसियों को निर्देश दिया कि वे ऐसे किसी भी कर्मचारी को बहाल करें जिसे अनुचित तरीके से निकाला गया. 

ट्रंप प्रशासन के कार्यों पर अदालतों का प्रतिरोध 

व्हाइट हाउस लौटने के बाद से डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी सरकार के आकार को छोटा करने और खर्च में कटौती करने के लिए सख्त कदम उठाए हैं. इसमें हजारों संघीय कर्मचारियों को नौकरियों से निकाला जाना भी शामिल है. हालांकि, उनके इस फैसले को कर्मचारियों ने अदालतों में चुनौती दी. कई अदालतों ने कर्मचारियों को राहत देते हुए इस फैसले पर रोक लगाने का आदेश भी दिया. फिलहाल यह आदेश ट्रंप के सरकारी संरचनाओं में कटौती के प्रयासों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण झटका माना जा रहा है. कर्मचारियों के अधिकारों के लिए लड़ने वाले संघों ने इस निर्णय का स्वागत किया और कहा कि यह न्याय का उदाहरण है.

ट्रंप के फैसलों के खिलाफ कानूनी चुनौती!

कोर्ट का यह आदेश ट्रंप प्रशासन के बड़े पैमाने पर किए गए सरकारी सुधारों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कानूनी चुनौती है. यह फैसला संघीय कर्मचारियों के अधिकारों और प्रशासनिक फैसलों की वैधता पर महत्वपूर्ण सवाल खड़ा करता है. आने वाले समय में इस निर्णय के व्यापक प्रभाव देखने को मिल सकते हैं, जो ट्रंप प्रशासन की नीतियों को प्रभावित कर सकते हैं.

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छत्तीसगढ़ के पूर्व CM और ISRO के साइंटिस्ट पढ़ चुके हैं इस यूनिवर्सिटी से, ऐसे होता है एडमिशन

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छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर में स्थित गुरु घासीदास विश्वविद्यालय (GGV) राज्य का पहला केंद्रीय विश्वविद्यालय है, जो शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता का प्रतीक बन चुका है. आज हम इस प्रसिद्ध शिक्षा संस्थान के बारे में आपको विस्तार से बताएंगे. गुरु घासीदास विश्वविद्यालय की स्थापना 1983 में मध्य प्रदेश राज्य के अंतर्गत एक विश्वविद्यालय के रूप में हुई थी. छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के बाद 2009 में इसे केंद्रीय विश्वविद्यालय का दर्जा दिया गया. इस विश्वविद्यालय का नाम महान संत गुरु घासीदास के नाम पर रखा गया है, जो सतनामी आंदोलन के प्रवर्तक थे. विश्वविद्यालय का परिसर 655 एकड़ के विशाल क्षेत्र में फैला है, जिसमें हरियाली, आधुनिक इमारतें और छात्रों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं मौजूद हैं.

ऐसे मिलता हैं यूनिवर्सिटी में एडमिशन

गुरु घासीदास विश्वविद्यालय में प्रवेश पाने के लिए छात्रों को  CUET की परीक्षा में शामिल होना होता है. प्रवेश प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन है और विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट www.ggu.ac.in पर उपलब्ध है. प्रवेश परीक्षा के बाद मेरिट लिस्ट के आधार पर छात्रों को काउंसलिंग के लिए बुलाया जाता है, जहां दस्तावेज़ सत्यापन और शुल्क जमा करने के बाद प्रवेश की पुष्टि होती है.

जानिए कौन-कौन से कोर्स उपलब्ध हैं यूनिवर्सिटी में 

विश्वविद्यालय में 12 स्कूल और 36 विभागों के माध्यम से अनेक पाठ्यक्रम चलाए जाते हैं, जिनमें प्रमुख हैं:

– इंजीनियरिंग कोर्स: B.Tech और M.Tech (सिविल, मैकेनिकल, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स, कंप्यूटर साइंस, केमिकल)
– फार्मेसी कोर्स: B.Pharm और M.Pharm
– आर्ट्स और साइंस: BA, B.Sc, MA, M.Sc
– कॉमर्स और मैनेजमेंट: B.Com, M.Com, BBA, MBA
– कंप्यूटर एप्लिकेशन: BCA, MCA
– शिक्षा पाठ्यक्रम: B.Ed, M.Ed
– शोध पाठ्यक्रम: सभी विषयों में Ph.D

ये है अलग-अलग विभागों की फीस

– B.Tech/M.Tech: सामान्य वर्ग के लिए 55,000-65,000 रुपये और SC/ST वर्ग के लिए 35,000-45,000 रुपये
– B.Pharm/M.Pharm: सामान्य वर्ग के लिए 45,000-60,000 रुपये और SC/ST वर्ग के लिए 30,000-45,000 रुपये 
– MBA: सामान्य वर्ग के लिए 40,000-50,000 रुपये और SC/ST वर्ग के लिए 25,000-35,000 रुपये
– BA/B.Sc/B.Com: सामान्य वर्ग के लिए 10,000-15,000 रुपये और SC/ST वर्ग के लिए 5,000-10,000 रुपये
– MA/M.Sc/M.Com: सामान्य वर्गके लिए 12,000-18,000 रुपये और SC/ST वर्ग के लिए 6,000-12,000 रुपये

यहां से निकले हैं कई बड़े नाम

गुरु घासीदास विश्वविद्यालय से पढ़े कई छात्र आज देश के विभिन्न क्षेत्रों में अपना नाम कमा रहे हैं. इनमें कुछ प्रमुख नाम डॉ. रमन सिंह जोकि छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री रहे हैं. टी.एस. सिंहदेव जोकि छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ राजनेता और पूर्व मंत्री हैं. डॉ. चरण दास महंत जोकि प्रसिद्ध शिक्षाविद् और राजनेता हैं. विशाल वर्मा जोकि इसरो में कार्यरत प्रख्यात वैज्ञानिक हैं और दीपिका पाल जोकि प्रसिद्ध उद्यमी और सामाजिक कार्यकर्ता हैं. 

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Holi 2025 Live: होली का त्योहार आज, लेकिन चंद्र ग्रहण का साया भी‍‍‍‍ !

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Holi 2025 Live: होली का त्योहार आज शुक्रवार 14 मार्च 2025 पूरे देशभर में बड़े ही धूमधाम के साथ मनाया जाएगा. पंचांग के मुताबिक होली (Holi) का त्योहार हर साल चैत्र माह के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा को मनाया जाता है. खास बात यह है कि इस साल होली के दिन ही चंद्र ग्रहण का संयोग भी बना है. आज के लिए चंद्र ग्रहण भी लगने जा रहा है. आइये जानते हैं क्या ग्रहण का साया होली के रंग में भंग डालने का काम करेगा?

होली पर ग्रहण का साया (Lunar Eclipse on Holi 2025)

बता दें कि आज होली के दिन ही साल का पहला चंद्र ग्रहण (Chandra Grahan) लग रहा है. चंद्र ग्रहण (Grahan) भारतीय समयानुसार सुबह 10.39 मिनट से लेकर दोपहर 02.18 तक रहेगा. हालांकि ये खग्रास चंद्र ग्रहण होगा, जिसे भारत में नहीं देखा जा सकेगा. ऐसे में ग्रहण का प्रभाव होली पर नहीं पड़ेगा और आप सभी धूमधाम से होली का त्योहार मना सकते हैं. ग्रहण अदृश्य होने की वजह से भारत में इसका सूतक भी मान्य नहीं होगा.

होली 14 या 15 मार्च

देशभर के अलग-अलग हिस्सों में होली 14 और 15 दोनों ही दिन मनाई जा रही है. इसलिए 14 और 15 मार्च दोनों ही दिन खेली जाएगी. कुछ लोग होलिका दहन के बाद होली खेलते हैं तो वहीं कुछ प्रतिपदा तिथि के मुताबिक होली खेलते हैं. प्रतिपदा तिथि के मुताबिक 15 मार्च को होली खेली जाएगी. वहीं आज 14 मार्च को दोपहर तक ही पूर्णिमा तिथि रहेगी.

होली का महत्व

हिंदू धर्म में मनाए जाने वाले सभी तीज-त्योहारों का विशेष धार्मिक महत्व होता है. इसी तरह से होली को वसंत ऋतु का संदेशवाहक माना जाता है. वहीं धार्मिक मान्यता के अनुसार होली को बुराई पर अच्छाई की जीत के रूप में मनाया जाता है. इस दिन लोग आपसी मतभेद भलाकर एक दूसरे को रंग लगाते हैं. होली मनाने को लेकर यह भी धार्मिक मान्यता है कि होलिका दहन और होली के दिन भगवान श्री कृष्ण, श्रीहरि समेत देवी-देवताओं की पूजा करने से नकारात्मक ऊर्जा का नाश होता है और जीवन में सुख-समृद्धि व खुशहाली का आगमन होता है.

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खौफनाक वीडियो! पहले तीन लोगों को कार से कुचला, फिर लड़के ने लगाए ऐसे नारे, दहल जाएगा दिल

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Trending Video: देश में किसी की भी जान इतनी सस्ती हो गई है कि पहले लोगों को कार से कुचलो और फिर धार्मिक नारे लगाकर ऐसे बन जाओ जैसे कुछ हुआ ही न हो. सोशल मीडिया पर एक वीडियो इन दिनों तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक शख्स पहले तो तीन लोगों को अपनी कार से बुरी तरह से कुचलता है और उसके बाद बीच रोड पर जोर जोर से धार्मिक नारे लगाने लगता है. घटना गुजरात के तीसरे सबसे बड़े शहर वडोदरा की बताई जा रही है.

वीडियो में नजर आ रहा है कि एक प्राइवेट कंपनी के नाम से रजिस्टर्ड कार से शख्स ने तीन लोगों को बुरी तरह से कुचल दिया और फिर सड़क पर जोर-जोर से नारे लगाने लगा. यह दावा इंटरनेट पर वायरल इस वीडियो में किया जा रहा है. नजारा देख आपका भी खून खौल उठेगा कि कोई कैसे किसी की जान से खिलवाड़ करने के बाद धार्मिक नारेबाजी कर सकता है.

तीन लोगों को कुचलने के बाद नारेबाजी करने लगा शख्स

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो को देखकर हो सकता है आप भी अपना पारा चढ़ा बैठो. बात ही कुछ ऐसी है, जहां एक तेज रफ्तार कार ने पहले तो स्कूटी सवार तीन लोगों को टक्कर मारकर बुरी तरह से घायल कर दिया. इसके बाद जब भीड़ ने उसे घेरा तो बजाए गलती मानने के वह लड़का पहले तो अंग्रेजी में बिलबिलाने लगा. इसके बाद जब लगा कि बात नहीं बन रही है तो बीच सड़क पर ही जोर-जोर से धार्मिक नारे लगाने लगा. गाड़ी ठोकने के बाद शख्स बेसुध हो गया और आंखें बंद करके जोर-जोर से धार्मिक नारेबाजी करने लगा.

साथी ने भी किया किनारा, खुद को बचाते हुए आया नजर

लोगों ने जब देखा तो वे उसके पास आए और बीच सड़क पर चल रही इस ड्रामेबाजी को रुकवाया. वीडियो देखकर आप भी हैरान रह जाएंगे और कहेंगे कि बचने का कोई और बहाना लगा लेता भाई. कार सवार के साथ आगे बैठा लड़का भी इस टक्कर से इतना सहम गया कि उसने कार से बाहर निकलकर अपने हाथ खड़े कर दिए और इशारों में समझा दिया कि गाड़ी मैं नहीं चला रहा था. वीडियो में कार चालक का साथी खुद को इस दुर्घटना से दूर करता दिखाई दिया, मानो कह रहा हो कि जो करना है कार चालक के साथ करो, इसमें मेरी कोई गलती नहीं है.

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यूजर्स ने सुनाई खरी खोटी

वीडियो को @WasimAkramTyagi नाम के एक्स अकाउंट से शेयर किया गया है जिसे अब तक लाखों लोगों ने देखा है तो वहीं कई लोगों ने वीडियो को लाइक भी किया है. ऐसे में सोशल मीडिया यूजर्स वीडियो को लेकर तरह तरह के रिएक्शन भी दे रहे हैं. एक यूजर ने लिखा…भाई थोड़ा और जोर से लगा, मजा नहीं आया. एक और यूजर ने लिखा…सोचो, किस कदर इस पीढ़ी के बच्चे बचने के लिए धर्म का सहारा ले रहे हैं. तो वहीं एक और यूजर ने लिखा..पहले तीन लोगों को कुचलो फिर नारा लगाकर साइड हो जाओ.

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