भूपेन्द्र यादव ने जारी की भारत की वन स्थिति रिपोर्ट भारत में 2021 से अब तक वन और वृक्ष आवरण 1445 वर्ग किमी बढ़ा
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भारत राज्य वन रिपोर्ट (आईएसएफआर) 2023: केन्द्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री भूपेन्द्र यादव ने शनिवार (21 दिसंबर, 2024) को भारत वन अनुसंधान संस्थान में भारत वन स्थिति रिपोर्ट 2023 (आईएसएफआर 2023) जारी की। खास बात यह है कि रिपोर्ट में यूनेस्को के लिए वन क्षेत्र को लेकर बेहतर स्थिति सामने आई है. इस पर केन्द्रीय पर्यावरण मंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि देश के कुल वन एवं वृक्ष क्षेत्रफल में 1445 वर्ग किलोमीटर की वृद्धि हुई है, साथ ही 559 वर्ग किलोमीटर के साथ यूपी दूसरे स्थान पर है।
भारतीय वन सर्वेक्षक (एफ असोसिएट) की ओर से हर दो साल में जारी होने वाली भारत वन स्थिति रिपोर्ट (एमएसएफआर) देश के वन और वृक्षों के बारे में सारी जानकारी सार्वजनिक करती है। रिपोर्ट के अनुसार देश में 156.41 वर्ग किलोमीटर वन क्षेत्र बढ़ा है, जबकि 1289.40 वर्ग किलोमीटर वन क्षेत्र बढ़ा है।
वन और वृक्ष
इस रिपोर्ट में वनस्पतियों के क्षेत्र, कार्बन स्टॉक की स्थिति और वनाग्नि जैसे मामलों पर भी देश भर में स्थिर स्थिति बताई गई है। कुल स्थिति देखें तो देश में कुल 827,357 वर्ग किलोमीटर वन और वृक्ष क्षेत्र है, जिस देश का भौगोलिक क्षेत्र 25.7% है। बड़ी बात यह है कि वन क्षेत्र बढ़ने वाले राज्यों में शीर्ष चार राज्य छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, ओडिशा और राजस्थान हैं। वहीं, उत्तराखंड के महल भी अच्छे नहीं हैं।
उत्तराखंड की स्थिति
उत्तराखंड, जो प्राकृतिक और वनस्पतियों के लिए जाना जाता है, इस रिपोर्ट में जंगल में आग लगने की घटनाओं के मामलों में सबसे अधिक प्रभावित राज्य के रूप में दिखाया गया है। पिछले की तुलना में जंगल में आग की लपटों की घटनाओं में गुना में कई वर्षों में वृद्धि हुई है। उत्तराखंड 2022-23 में 13वें स्थान पर था, जबकि 2023-24 में यह पहले स्थान पर था।
राज्य में जैव विविधता पर खतरा मंडरा रहा है। रिपोर्ट में फारेस्ट फायर फर्म और निगरानी में सुधार की आवश्यकता पर ज़ोर दिया गया है।
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