<पी शैली="पाठ-संरेखण: औचित्य सिद्ध करें;">कुछ लोगों के मन में यह सवाल आता होगा कि चोरी हुए सामान का क्या किया जाता है। लकड़ी के टुकड़े मजबूत होते हैं, इसलिए इसका कोई चित्र नहीं बनाया जा सकता। अगर फोन में लैपटॉप नहीं होगा तो चोरी करने वाला भी क्या चाहता है? इसका उत्तर यह है कि चोरी किये गये उत्पाद चीन भेजे जाते हैं। कुछ सिद्धांत के अनुसार, चोरी किये गए टुकड़े चीन के शेन्ज़ेन भेजे गए हैं। यहां सबसे पहले स्क्रीनशॉट लेने का प्रयास किया गया है। अगर फैक्ट्री न मिले तो सभी प्लांट नीचे दिए गए हैं।
चीन की सिलिकॉन वैली का नाम प्रसिद्ध शेन्ज़ेन से है
शेन्ज़ेन को चीन की सिलिकॉन वैली भी कहा जाता है। यह चीन का एक प्रमुख टेक्नोलॉजी हब है। यहां बड़ी संख्या में छोटे निर्माता और सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं, लेकिन यहां की एक कहानी और भी है। यहां लुओहू जैसे शहरों में चोरी वाले सामान के अलग-अलग सामान आसानी से मिल जाते हैं। समुद्री मार्ग से शेन्ज़ेन में चोरी का सामान रखा जाता है और फिर यहां पर उन्हें चुराने या चुराने का काम किया जाता है। यहां के शॉपिंग मॉल और अन्य स्टैच्यू पर सामान के सामान आपको आसानी से मिल जाएंगे।
एप्पल के पैसेंजर्स को स्थापित करना मुश्किल है
एप्पल के फीचर्स मजबूत होने के कारण डिजिटल में घुसपैठ करना मुश्किल हो जाता है। यदि कोई घुसपैठिया प्रयास करता है तो उसे ट्रैक किया जा सकता है। इसी वजह से यहां के सामानों में चोरी के सामानों को अलग-अलग तरह से लिया जाता है। इससे उन्हें ट्रैक नहीं किया जा सकता है और ऐपल के छोटे दाम भी मिल जाते हैं। अगर फोन से किसी पार्ट को लेकर जोखिम भरा होता है तो उस पार्ट को ग्लाकर उसकी सामग्री का पता चल जाता है। शेन्ज़ेन में ऐसे कई बाजार हैं, जहां आपको चोरी के सामान के सामान आसानी से उपलब्ध हो जाएंगे।
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