ऑब्जेक्टिव शो को बाघ डे-बी- दिन हल्दी जा रही संख्या, टाइगर रिजर्व की राह आसान

सुपरमैरा आर्क रिजर्व का रास्ता आसान हो गया है। माइक्रोसॉफ्ट की सुविधा के लिए कोटा मोड़ से लेकर टाइगर रिजर्व तक की दूरी सूचक बोर्ड पर लगाए गए हैं। साथ ही एरो का निशान भी है, ताकि क्लासिक को बीच में- इधर न भटकाना पड़े। यह बोर्ड रिज़र्व प्रबंधन के अनुरोध पर प्लांट लगाए गए हैं।

द्वारा मनोज कुमार तिवारी

प्रकाशित तिथि: सोम, 18 नवंबर 2024 07:21:26 पूर्वाह्न (IST)

अद्यतन दिनांक: सोम, 18 नवंबर 2024 07:21:26 पूर्वाह्न (IST)

ऑब्जेक्टिव शो को बाघ डे-बी- दिन हल्दी जा रही संख्या, टाइगर रिजर्व की राह आसान
आपातकालीन जोखिम भंडार

पर प्रकाश डाला गया

  1. फ्लैशमार रिजर्व रिजर्व का सूचना बोर्ड बताएं रहे दूरी
  2. एक ऐसी जगह जहां भटकते थे लोग अब नहीं
  3. प्रबंधन के अनुरोध पर ब्लूटूथ ने दूरी तय की बोर्ड

नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर। बैमाती ने पहला बोर्ड सकरी कोटा मॉड के पास किया है। यहां की बोर्ड की सबसे ज्यादा जरूरत थी। रायपुर, कोरबा या बिलासपुर अचानक मार्च जाने वाले पर्यटक इस चौक पर ही होते थे।

मार्गदर्शक सूचना बोर्डप्लेन गए

सबसे ज्यादा पर्यटन मुंगेली की ओर बढ़े थे। सड़क के ठीक किनारे हरे रंग में, एरो का निशान और टाइगर रिजर्व कितनी दूरी पर है इसकी स्पष्ट जानकारी दी गई है। इस बोर्ड को लगे बामुश्किल तीन से चार दिन ही हुए हैं।

अब माइक्रोसॉफ्ट को किसी से प्लांट की आवश्यकता ही नहीं है, वह स्क्वायर पर पहुंच के बाद कोटा मार्ग की ओर मुड़ जाते हैं। इसके अलावा कोटा चौक, गोबरधनी पाठ सहित सात स्थानों पर सूचना बोर्ड लगाए गए हैं।

स्वागत का बोर्ड

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इसके अलावा जब भी आपाधापी अचानकमार पहुंच जाते हैं तो वहां स्वागत का बोर्ड लगा दिया जाता है। प्रबंधन का मानना ​​है कि पहले अन्य शेयरधारकों ने इक्विटी बोर्ड प्लेटफॉर्म थे, उनमें कोटा, लोरमी, अमरकंटक आदि स्थानों तक पहुंचने की जानकारी थी।

इनमें से एक भी बिलबोर्ड में फ्लैशमार की दूरी नहीं थी। इसके तहत उन नेटफ्लिक्स को सबसे बड़ी समस्या हुई थी, जो दूसरे जिले या प्रदेश से ताकतवर थे। पर्यटक स्थल पर पहुंचने के बाद इस नई व्यवस्था की प्रशंसा की जाती है और कहा जाता है कि बोर्ड ने टाइगर रिजर्व तक रात में ही आसानी से पहुंच कर दी है।

रविवार को प्रत्येक पाली में शोकाज

प्लास्टिक का दिन संख्या-बी- दिन हल्दी जा रही है। रविवार को दोपहर से लेकर शाम तक पाली में जिप्सी बुक रही। मैनेजमेंट का काम चल रहा है कि ए सर्वे की समीक्षा बढ़ती जा रही है।

इसका एक ऑब्जेक्टिव रोबोटिक्स भी है। एक दिन पहले शनिवार को मुंगेली, सिमगा और अंबिकापुर के तूफान में अचानक बाघ का दीदार किया गया। आने वाले दिनों में बाघ और अधिक संख्या में नज़र आएंगे।

सात जिप्सी, दो वजीर और एक बस की व्यवस्था

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फ्लैशमार टाइगर रिजर्व में अभी तक तीन सीटर दो वोलर वाहन और 20 सीटर एक की व्यवस्था के लिए रियल एस्टेट को घूमने की सुविधा दी गई है। प्रबंधन का मानना ​​है कि जिस तरह की फिल्मों की संख्या बढ़ रही है। उसे देखते हुए आने वाले दिनों में प्रबंधन को समुदाय की संख्या में वृद्धि हुई। अभी सभी वाहन बुक के कारण कई पर्यटक स्थल से होने वाली बातचीत जारी हैं। कोचिंग की व्यवस्था व्यवस्था लागू होने से पहले आओ, पहले पाओ जैसी स्थिति बन गई है।