इंदौर एयर क्वालिटी इंडेक्स: कैसा है इंदौर का हवा, 64 हजार एक पीयूसी सेंटर पर

इंदौर एयर क्वालिटी इंडेक्स: कैसा है इंदौर का हवा, 64 हजार एक पीयूसी सेंटर पर

प्रदूषण संवर्धन में सामारिअम से आमिर वाला स्टिरी भी जिम्मेदार है। होटल में होटल मालिक की जांच नहीं हो रही है। वर्तमान शहर में एक्यू 250 के पार पहुंच का भुगतान किया गया है। हवा में प्रदूषण का विशाल विस्तार में सामुद्रिक से आश्रम वाले स्मारक की भी अहम भूमिका है।

द्वारा प्रेम जाट

प्रकाशित तिथि: बुध, 20 नवंबर 2024 08:26:59 पूर्वाह्न (IST)

अद्यतन दिनांक: बुध, 20 नवंबर 2024 08:35:15 पूर्वाह्न (IST)

प्रेम जाट, नईदुनिया इंदौर(इंदौर में प्रदूषण)। औद्योगिक शहर की हवा में बढ़ रहे प्रदूषण पर प्लास्टर लगाने के लिए प्लास्टर को नियंत्रण में (पीयूसी) के तहत प्लास्टर लेना जरूरी है, ताकि प्लास्टर को बढ़ाने से पहले प्रदूषण को रोका जा सके।

इंदौर में परिवहन विभाग के आंकड़े के अनुसार 32 लाख से अधिक वाहन पंजीकृत हैं। इन एसोसिएशन के प्यूसी सोसायटी के लिए शहर में 53 सेंटर संचालित हो रहे हैं। एक केंद्र पर 64 हजार सोसायटी का दबाव है, लेकिन केंद्रों की संख्या नहीं बढ़ रही है।

दिल्ली हाल डेकोर जैसी जगहों पर न हो

ये हाल प्रदेश के अन्य महानगरों के हैं। प्रदूषण फैलाने वाले सामुहिक संघ की जांच जरूरी है क्योंकि दिल्ली में प्रदूषण के कारण 450 से अधिक का भुगतान किया गया है, जबकि दिल्ली में प्रदूषण के मामले में प्रदूषण की स्थिति न हो इसलिए सतर्कता जरूरी है। स्वच्छ शहर की हवा में लगातार प्रदूषण बढ़ रहा है।

प्रदूषण बढ़ने का सबसे ज्यादा असर हमारे स्वास्थ्य पर पड़ता है। इससे फेफड़े और दिल से संबंधित रोग होते हैं। इसके साथ ही इससे रक्त की संरचना भी बढ़ जाती है। यह हमारे शरीर के लिए बहुत बेकार है।

इंदौर में 53 पीयूसी सेंटर

इंदौर प्रदेश में सर्वाधिक 32 लाख 12 हजार 171 वाहन पंजीकृत हैं, इसके बावजूद प्रदूषण जांच वाले केंद्रों की संख्या कम है। कुछ महीने पहले इंदौर में 110 पीयूसी सेंटर संचालित हो रहे थे, लेकिन ट्रांसपोर्ट पोर्टल पर नामांकन अनिवार्य करने के बाद अब 53 सेंटर ही संचालित हो रहे हैं। ऑनलाइन की अनिवार्यता के कारण कई केंद्र बंद हो गए।

अधिकांश पेट्रोल पंप बंद हुए केंद्र

इंदौर में 200 के करीब पेट्रोल पंप संचालित हैं, लेकिन ज्यादातर पेट्रोल पंप पीयूसी सेंटर पर बंद हो चुके हैं। नियमों के अनुसार सभी पंपों पर पीयूसी सेंटर खोलना अनिवार्य है। आम तौर पर पीयूसी विला में वाहन चालक भी त्योहार मनाते रहते हैं।

इसके बड़े प्रदेश प्रदेश में पीयूसी प्लांट की जांच प्रमुख नहीं है। परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस जांच के दौरान अन्य दस्तावेजों की जांच करती है, लेकिन पीयूसी मांगती नहीं है।

सभी पंपों पर सेंटर खुलेंगे तो संख्या बढ़ेगी

पीयूसी केंद्रों के लिए पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य है। शहर में अब तक 53 पीयूसी सेंटरों पर परिवहन पोर्टल द्वारा पंजीकरण कराया जा चुका है। शहर के सभी पेट्रोल पंपों को पीयूसी सेंटर पर संचालित करने के लिए पत्र लिखा है। यदि सभी पंप पीयूसी सेंटर पर खुलेंगे तो संख्या बढ़ेगी। – प्रदीप शर्मा, गोदाम

पीयूसी सेंटर को बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा

मध्य प्रदेश में जिस अनुपात में वाहन हैं, उस खाते से पीयूसी सेंटर नहीं हैं। कुछ शहरों में प्यूसी सेंटरों की संख्या कम है। उदाहरण के लिए बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। – राघव विनोद, ज्वाइंट कमिश्नर, परिवहन विभाग मप्र

बाकी में सिर्फ एक पीयूसी सेंटर

मध्य प्रदेश के आसपास के महानगरों की हालत खराब है। बाकी में तो एक पीयूसी सेंटर संचालित हो रहा है, जबकि कम्युनिटी की संख्या 12 लाख से ज्यादा है। जबलपुर में दोस्ती की संख्या 8.30 लाख है। फिर भी 57 पीयूसी सेंटर हैं। प्रदेश की राजधानी भोपाल में 17 लाख कम्यूनिटी जांच के लिए 52 पीयूसी सेंटर हैं। इंदौर में 32 लाख से अधिक गाड़ियाँ और 53 केंद्र संचालित हो रहे हैं।