इंदौर में 20 नवंबर को रोजगार मेला, 80 से अधिक कंपनियों में मिलेगी नौकरियां

इंदौर में 20 नवंबर को ITI नंदानगर में रोजगार मेला आयोजित होगा। इसमें 80 से ज्यादा कंपनियां 400 से अधिक पदों पर भर्ती करेंगी। आवेदन करने के लिए 18 से 40 वर्ष आयु वाले उम्मीदवार 10वीं से लेकर स्नातकोत्तर तक शैक्षिक योग्यता के साथ आवेदन कर सकते हैं।

By Neeraj Pandey

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 08:23:55 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 08:24:18 PM (IST)

इंदौर में 20 नवंबर को रोजगार मेला, 80 से अधिक कंपनियों में मिलेगी नौकरियां
कई क्षेत्रों की 80 से ज्यादा कंपनियां देंगी जॉब

HighLights

  1. इंदौर के ITI नंदानगर में 20 नवंबर को रोजगार मेला
  2. सेल्स, टेलीकॉलर, मशीन ऑपरेटर जैसे पदों पर भर्ती
  3. 10वीं से पीजी तक के उम्मीदवार ले सकते हैं भाग

नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : जिल रोजगार कार्यालय-औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था (आइटीआई) व जिला उद्योग केंद्र मिलकर बड़े रोजगार मेले का आयोजन कर रहा है। बेरोजगार युवाओं को निजी क्षेत्र की प्रतिष्ठित कंपनियों में नौकरी दिलाने को लेकर रोजगार मेला 20 नवंबर को लगाया जाएगा। ITI नंदानगर में मेला सुबह 10 से शाम 4 बजे तक रहेगा।

चयनित उम्मीदवारों को सेल्स एग्जीक्यूटिव, टेलीकॉलर, मशीन ऑपरेटर सहति विभिन्न पदों पर नियुक्तियां दी जाएगी। अधिकारियों के मुताबिक हाई स्कूल से लेकर स्नातकोत्तर उत्तीर्ण उम्मीदवार आवेद कर सकते है। रोजगार मेले के माध्यम से युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त किए जाएंगे। साथ ही व्यवसाय प्रारम्भ करने के लिये लोन की प्रक्रिया को लेकर मार्गदर्शन दिया जाएगा।

400 से ज्यादा पदों पर भर्ती

रोजगार मेले में 80 से ज्यादा प्रतिष्ठित कम्पनियां हिस्सा लेंगी। ये विभिन्न पदों पर उम्मीदवारों का चयन करेंगी। करीब 400 से ज्यादा पद रखे गए हैं। सेल्स एग्जीक्यूटिव, टेलीकॉलर, मशीन ऑपरेटर, पैकिंग, सेल्स, टीम लीडर, ड्राइवर, बैक ऑफिस, हैल्पर, इलेक्ट्रीशियन, फिटर, वेल्डर, आफिस बाय आदि पदों पर भर्ती होगी। रोजगार मेले में कम्पनियों के प्रतिनिधियों द्वारा प्रत्यक्ष रूप से आवेदकों के साक्षात्कार लेकर प्रारम्भिक रूप से चयन करेंगे।

0वीं-12वीं, यूजी व पीजी आवेदन कर सकेंगे उम्मीदवार

रोजगार मेले में शामिल होने वाले उम्मीदवारों की आयु 18 से 40 वर्ष तक रखी है। शैक्षणिक योग्यता में 10वीं-12वीं, यूजी व पीजी कर चुके उम्मीदवार आवेदन कर सकेंगे। वहीं तकनीकी योग्यता में आइटीआइ पास अभ्यर्थी को भी प्राथमिकता दी जाएगी। रोजगार मेले में सम्मिलित होने वाले आवेदक शैक्षणिक योग्यतानुसार प्रमाण पत्रों, बायोडेटा की प्रतियों एवं अन्य आवश्यक प्रमाण पत्र तथा आइडी व आधार कार्ड प्रस्तुत करना होंगे।

रवि शास्त्री ने टीम इंडिया के किस स्टार लिए कहा ऐसा- वो तकलीफ में था, दोबारा क्रिकेट खेलने की उम्मीद नहीं थी

मेलबर्न. भारतीय क्रिकेट टीम ऑस्ट्रेलिया के लिए बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी खेलने के लिए तैयारी कर रही है. इस दौरे पर टीम इंडिया के विकेटकीपर ऋषभ पंत को एक्स फैक्टर माना जा रहा है. टॉप फॉर्म में चल रहे इस खिलाड़ी ने पिछली कुछ सीरीज में धमाकेदार खेल दिखाकर ऑस्ट्रेलिया खेमे में दहशत फैला दी है. भारत के पूर्व कोच रवि शास्त्री ने भीषण कार दुर्घटना के बाद जब विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत को अस्पताल में देखा था. तब उनके क्रिकेट भविष्य को लेकर अनिश्चित थे. उन्होंने विकेटकीपर बल्लेबाज के चोट से उबरने को ‘चमत्कार’ करार दिया.

ऋषभ पंत ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पिछले सीजन में लिमिटेड ओवर क्रिकेट में वापसी करने के बाद दलीप ट्रॉफी से रेड बॉल क्रिकेट में वापसी की थी. बांग्लादेश और न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम का हिस्सा थे. शास्त्री ने ‘न्यूज डॉट कॉम डॉट एयू’ से कहा, ‘‘ईमानदारी से कहूं तो, अगर आपने उसे देखा होता तो आप उससे दोबारा क्रिकेट खेलने की उम्मीद नहीं करते.’’

भारत के पूर्व कोच ने कहा, ‘‘मैं इसे कभी नहीं भूलूंगा. वह बहुत पीड़ादायक स्थिति में था. उसके चोटिल होने के एक महीने बाद मैं उसे अस्पताल में देखने गया था. उसे काफी चोट लगी थी और पूरे शरीर पर चोट के निशान थे. उसका एक बड़ा ऑपरेशन हुआ था और हर जगह टांके लगे थे. उस स्थिति से ठीक होकर क्रिकेट खेलना एक चमत्कार है. फिर आगे बढ़ना और विश्व कप विजेता टीम में खेलना और टेस्ट टीम का हिस्सा बनना वास्तव में एक बड़ी और उल्लेखनीय उपलब्धि है.’’

भारतीय टीम 22 नवंबर से शुरू होने वाली पांच मैचों बॉर्डर गावस्कर सीरीज के लिए ऑस्ट्रेलिया में है. इस देश में पंत का औसत 62 का है. उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के पिछले दो दौरे में टीम की सफलता में शानदार भूमिका निभाई थी. सड़क दुर्घटना की चोट से वापसी करने के बाद से (पंत दिसंबर 2022 में नयी दिल्ली से अपने गृह नगर रुड़की लौटते समय कार दुर्घटना में घायल हो गए थे.) पंत शानदार लय में है. शास्त्री ने कहा, ‘‘वह शानदार लय के साथ ऑस्ट्रेलिया आया है. वह ऐसा खिलाड़ी जिसका खौफ ऑस्ट्रेलिया की टीम में है. जब वह अस्पताल में था तब हालांकि इस बात की बेहद कम संभावना था कि वह इस दौरे का हिस्सा बनेगा.’’

शास्त्री ने कहा, ‘‘अब जब आप उनसे बात करते हैं तो खेल के प्रति उनके मन में सम्मान और भी बढ़ जाता है. अपनी वापसी के बाद से वह इस खेल को और अधिक महत्व देता है. मैंने उसे टेस्ट क्रिकेट के मुताबिक फिटनेस हासिल करने के लिए काफी कड़ी मेहनत करते हुए देखा है.’’

Tags: Border Gavaskar Trophy, India vs Australia, Ravi shastri, Rishabh Pant

जयपुर में बेटी की शादी करने गया था परिवार, सूने मकान को निशाना बनाकर चोरों ने उड़ाए जेवरात और नकदी

तीन नवंबर को पूरा परिवार खुशी खुशी बेटी के शादी के लिए जयपुर रवाना हुआ था, शनिवार को जब परिवार लौटा तो देखा घर का पूरा समान बिखरा हुआ था, अलमारी खुली थी और घर में रखी नकदी और जेवरात नदारद थे। उन्होंने तत्काल इसकी सूचना टीटी नगर पुलिस को दी।

By prashant vyas

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 07:58:42 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 08:06:02 PM (IST)

चोरी की प्रतीकात्मक तस्वीर।

HighLights

  1. तीन नवंबर को भोपाल से जयपुर शादी कराने गया था पूरा परिवार।
  2. शनिवार शाम को घर वापस लौटे तो चोरी की घटना का पता चला।
  3. पुलिस सीसीटीवी खंगालकर चोरों की पता लगाने में जुटी है।

नवदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। टीटी नगर इलाके के सुनहरी बाग कटसी में चोरों ने एक सूने मकान के ताले तोड़कर जेवरात और नकदी उड़ा दी। परिवार के लोग बेटी की शादी करने जयपुर गए थे। शुक्रवार को वे वापस लौटे तो ताले टूटे पड़े थे और घर की अलमारी खुली हुई थी, जिसमें रखे जेवरात और नकदी गायब मिले।

टीटी नगर थाना पुलिस ने अज्ञात चोरों के विरूद्ध प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एएसआइ दौलत सिंह मीणा ने बताया कि अमन सेन सुनहरी बाग में रहते हैं और प्राइवेट काम करते हैं। वे अपनी बहन की शादी करने के लिए परिवार के साथ तीन नवंबर को जयपुर गए थे।

शनिवार शाम को घर वापस लौटे तो चोरी की घटना का पता चला। घर के सभी ताले टूटे पड़े थे और सामान बिखरा हुआ था। साथ ही अलमारी में रखे जेवरात भी गायब थे। परिवार के सभी लोग वापस नहीं पहुंचे हैं, जिससे की चोरी के पूरे सामान की जानकारी नहीं हुई है। पुलिस सीसीटीवी खंगालकर चोरों की पतासाजी में जुटी है।

Sach ke Saath Sathi Seniors: मुंबई में वरिष्‍ठजनों को दी गई फैक्‍ट चेकिंग और सायबर सिक्योरिटी की जानकारी

मुंबई में ‘सच के साथी सीनियर्स’ अभियान के तहत मीडिया साक्षरता पर एक कार्यक्रम हुआ। इसमें वरिष्ठ नागरिकों को फैक्ट चेकिंग, सोशल मीडिया धोखाधड़ी, और Deepfake वीडियो के बारे में जानकारी दी गई। यह अभियान 15 राज्यों में चलाया जा रहा है, जो समाज को भ्रामक सूचनाओं से निपटने के लिए प्रशिक्षित कर रहा है।

By Neeraj Pandey

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 07:02:51 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 08:03:22 PM (IST)

Sach ke Saath Sathi Seniors: मुंबई में वरिष्‍ठजनों को दी गई फैक्‍ट चेकिंग और सायबर सिक्योरिटी की जानकारी
15 राज्यों में चलाया जा रहा मीडिया साक्षरता जागरूकता अभियान।

HighLights

  1. “सच के साथी सीनियर्स” अभियान मुंबई में आयोजित
  2. विश्‍वास न्‍यूज ने फैक्ट चेकिंग टूल्स की जानकारी दी
  3. AI और Deepfake वीडियो के बारे में बताया गया

मुंबई (मुंबई ब्‍यूरो)। जागरण न्‍यू मीडिया की फैक्‍ट चेकिंग टीम विश्‍वास न्‍यूज अपने ‘सच के साथी सीनियर्स’ अभियान के तहत शनिवार को मुंबई में थी। मुंबई के भारतीय विद्या भवन में मीडिया साक्षरता को लेकर एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इससे पहले राज्‍य के नवी मुंबई और पुणे में भी ऐसा आयोजन किया जा चुका है।

मुंबई में हुए कार्यक्रम में शहर के वरिष्‍ठ नागरिकों को मीडिया साक्षरता, फैक्‍ट चेकिंग क्‍यों जरूरी है, वित्‍तीय धोखाघड़ी से कैसे बचें, जैसे विषय के बारे में विस्‍तार से बताया गया। कार्यक्रम को जागरण न्‍यू मीडिया के एडिटर-इन-चीफ और एग्जीक्यूटिव प्रेसिडेंट राजेश उपाध्‍याय और विश्‍वास न्‍यूज की डिप्‍टी एडिटर देविका मेहता ने संबोधित किया।

सच के साथी सीनियर्स

कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए राजेश उपाध्‍याय ने ‘सच के साथी सीनियर्स’ अभियान के बारे में विस्‍तार से बताया। उन्‍होंने कहा कि विश्‍वास न्‍यूज के मीडिया साक्षरता कार्यक्रम का उद्देश्य वरिष्‍ठ नागरिकों को सोशल मीडिया पर वायरल हो रही फर्जी पोस्ट से बचाना है। वरिष्‍ठ नागरिक अपना काफी समय स्मार्टफोन पर बिताते हैं। ऐसे में उन्‍हें फर्जी पोस्‍ट या धोखाधड़ी वाले लिंक के जरिए आसानी से निशाना बनाया जा सकता है। उन्‍होंने वरिष्‍ठ नागरिकों को सलाह दी कि हमेशा मजबूत पासवर्ड का इस्‍तेमाल करें।

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फर्जी सूचनाओं से बचाने में SURE

प्रतिभागियों से रूबरू होते हुए राजेश उपाध्‍याय ने श्‍योर (SURE) कॉन्‍सेप्‍ट के बारे में बताया। उन्‍होंने कहा कि किसी भी प्रकार के झूठ, अफवाह, फर्जी सूचनाओं से बचाने में SURE की भूमिका महत्‍वपूर्ण है। कोई भी सूचना आपके पास आए, तो सबसे पहले SURE से इनश्‍योर हो जाएं। S का मतलब यहां See से है।

मतलब कोई भी सूचना को सबसे पहले ध्‍यान से देखें। इसी तरह U का मतलब है – अंडरस्‍टैंड यानी समझें। फिर आता है R, आर से मतलब रीचेक से है। इसी तरह E का मतलब है- Execute अर्थात इसके बाद ही किसी सूचना को आगे बढ़ाएं या उपयोग में लें।

फर्जी वीडियो प्रोडक्ट के प्रमोशन

विश्‍वास न्‍यूज की देविका मेहता ने आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) के नुकसान और फायदे बताते हुए टूल्स की मदद से बनाए जा रहे डीपफेक वीडियो और तस्वीरों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कई डीपफेक वीडियो का उदाहरण देते हुए कहा कि आजकल इस तरह के कई फर्जी वीडियो किसी प्रोडक्ट के प्रमोशन के लिए बनाए जा रहे हैं। ऐसे वीडियो को पहचानने के लिए उन्हें ध्यान से देखें। अक्सर इन वीडियो में कुछ खामियां होती हैं। जैसे- चेहरे के हावभाव बनावटी दिखेंगे या अंगुलियों की बनावट या संख्या कुछ अजीब हो सकती है।

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ट्रेनिंग में देविका मेहता ने विस्‍तार से फैक्ट चेकिंग टूल्स और जेनेरेटिव एआई के बारे में जानकारी दी। उन्‍होंने कहा कि यदि कोई भी सूचना आपको संदिग्ध लगती है, तो उसके बारे में कीवर्ड से गूगल पर ओपन सर्च किया जा सकता है। इससे उनके असली सोर्स तक पहुंचा जा सकता है। इससे आपको वायरल मैसेज की सच्चाई पता लग जाएगी। साथ ही उन्होंने उदाहरण के माध्यम से वायरल तस्वीरों को गूगल लेंस टूल की मदद से जांचना भी सिखाया।

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15 राज्‍यों में कार्यक्रम

महाराष्‍ट्र के अलावा, यह कार्यक्रम झारखंड, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और बिहार में भी आयोजित किया जा चुका है। विश्‍वास न्‍यूज अपने मीडिया लिटरेसी अभियान के तहत 15 राज्यों के 50 शहरों में वरिष्ठ और अन्य नागरिकों को मिस-इन्फॉर्मेशन के खिलाफ सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रशिक्षित कर रही है। गूगल न्यूज इनीशिएटिव की पहल पर MICA के सहयोग से विश्वास न्यूज के इस अभियान का उद्देश्य समाज को भ्रामक सूचनाओं से निपटने के लिए तैयार करने के साथ उन्हें फैक्ट चेक की बुनियादी जानकारी से रूबरू कराना है।

‘सच के साथी-सीनियर्स’ अभियान के बारे में

‘सच के साथी-सीनियर्स’ विश्वास न्यूज का जागरूकता के लिए प्रशिक्षण और मीडिया साक्षरता अभियान है। विश्वास न्यूज जागरण समूह की फैक्ट चेकिंग टीम है, जो अब तक करीब छह करोड़ से अधिक नागरिकों को जागरूकता अभियान से जोड़ चुकी है। विश्वास न्यूज टीम इंटरनेशनल फैक्ट चेकिंग नेटवर्क (आईएफसीएन) और गूगल न्यूज इनीशिएटिव के साथ फैक्ट चेकिंग और मीडिया लिटरेसी पर 2018 से काम कर रही है।

ऑस्ट्रेलिया ने 19 बॉल पर 50 रन ठोक की शुरुआत, फिर हारिस राऊफ ने ढाया कहर, बल्लेबाजों ने टेके घुटने

नई दिल्ली. पाकिस्तान की टीम वनडे सीरीज में जीत हासिल करने के बाद ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टी20 मुकाबले खेल रही है. पहले मैच में बुरी तरह से हारने के बाद दूसरे टी20 मुकाबले में पाकिस्तान ने जोरदार वापसी करते हुए कंगारू टीम को 147 रन पर रोकने में कामयाबी हासिल की. तीन मैचों की सीरीज में बने रहने के लिए यह मैच मेहमान टीम के लिए जीतना जरूरी है. हारिस राऊफ ने ऑस्ट्रेलिया के लिए इस मुकाबले में विकेट 4 झटके जबकि अब्बास अफरीदी ने 3 बल्लेबाजों को आउट किया.

ऑस्ट्रेलिया की टीम ने टॉस जीतकर दूसरे टी20 मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लिया. तूफानी शुरुआत करते हुए जेक फ्रेजर-मैकगर्क और मैथ्यू शॉर्ट ने मिलकर पहले विकेट के लिए चौथे ओवर में ही अर्धशतकीय साझेदारी कर डाली. इसके बाद पाकिस्तान के गेंदबाजों ने मैच पर शिकंजा कस लिया. फ्रेजर 20 रन बनाकर आउट हुए और एक बॉल बाद ही कप्तान जोश इंगलिस बिना खाता खोले वापस लौट गए. अगले ओवर में 32 रन पर खेल रहे मैथ्यू शॉट को अब्बास अफरीदी ने बोल्ड कर दिया.

पाकिस्तानी गेंदबाजों का जबरदस्त प्रदर्शन
ऑस्ट्रेलिया की टीम ने तूफानी शुरुआत करते हुए महज 19 बॉल में 50 रन बना डाले थे. इसके बाद भी मेजबान टीम पाकिस्तान के सामने महज रन का ही लक्ष्य रख पाई. हारिस राऊफ ने एक बार फिर से टीम के लिए कमाल कर दिखाया. 4 ओवर के कोटे में 22 रन देकर 4 विकेट चटकाए. अब्बास अफरीदी ने 4 ओवर में 17 रन देकर 3 विकेट झटके. स्टार गेंदबाज शाहीन अफरीदी और नसीम शाह को एक भी विकेट नहीं मिला.

FIRST PUBLISHED : November 16, 2024, 15:25 IST

फर्जीवाड़ा के आरोप में बुलेट शोरूम का मैनेजर गिरफ्तार

फर्जी दस्तावेजों से महंगी बाइक फाइनेंस करा सस्ते में बेचने के मामले में फरार बुलेट के शो रूम संचालक को जशपुर पुलिस ने मध्यप्रदेश के विदिशा जिले से गिरफ्तार कर लिया है। मामला जिले के कोतबा चौकी क्षेत्र की है। चौकी प्रभारी राकेश सिंह ने बताया कि कोतबा निवासी आशीष शर्मा ने 12 अगस्त को शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्हें डाक से एक लिफाफा मिला था।

By Yogeshwar Sharma

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 06:58:39 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 06:58:39 PM (IST)

नईदुनिया प्रतिनिधि,जशपुरनगरः फर्जी दस्तावेजों से महंगी बाइक फाइनेंस करा सस्ते में बेचने के मामले में फरार बुलेट के शो रूम संचालक को जशपुर पुलिस ने मध्यप्रदेश के विदिशा जिले से गिरफ्तार कर लिया है। मामला जिले के कोतबा चौकी क्षेत्र की है। चौकी प्रभारी राकेश सिंह ने बताया कि कोतबा निवासी आशीष शर्मा ने 12 अगस्त को शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्हें डाक से एक लिफाफा मिला था।

इस लिफाफा में उनके नाम से खरीदी गई एक बुलेट बाइक के रजिस्ट्रेशन से संबंधित दस्तावेज थे। इस दस्तावेज के अनुसार इस बाइक को हिंदुजा फाइनेंस कंपनी ने ऋण उपलब्ध कराया था। प्रार्थी का कहना था कि उन्होनें ना तो बुलेट बाइक खरीदा है और ना ही इसे खरीदने के लिए किसी अन्य व्यक्ति को अपने दस्तावेज दिए हैं। प्रार्थी ने इस पूरे मामले में फर्जीवाड़े की आशंका जताते हुए मामले की जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की थी। मामले की जांच के लिए एसपी शशि मोहन सिंह ने विशेष पुलिस टीम गठित किया था।

जांच के दौरान इस पूरे मामले में सूरजपुर जिले के प्रतापपुर थाना क्षेत्र के खोरमा निवासी शाहरूख खान (26) और अंबिकापुर के रसुलपुर निवासी वसीम खान (40) की संलिप्तता सामने आई। जशपुर की पुलिस टीम ने छापामार कर इन दोनों आरोपितों से फर्जी दस्तावेजों का उपयोग कर फाइनेंस कराए गए 10 बुलेट और 1 स्कूटी बरामद किया। आरोपित शाहरूख खान की आपराधिक पृष्ठभूमि टटोले जाने पर पुलिस को पता चला कि आरोपित के विरुद्ध अंबिकापुर के सिटी कोतवाली और बलरामपुर के राजपुर थाना में पहले से धारा 420 के अंर्तगत ठगी का अपराध पंजीबद्ध है।

फर्जीवाड़े के इस मामले में बैकुंठपुर के बुलेट शो रूम का मैनेजर मनीष डेविड की संलिप्तता भी सामने आई। लेकिन आरोपित शाहरूख और वसीम खान की गिरफ्तारी की भनक पाकर मनीष डेविड फरार हो गया था। जशपुर पुलिस की टीम उसकी तलाश में जुटी हुई थी। मुखबिरों से पुलिस को सूचना मिली कि आरोपित मैनेजर मनीष डेविड बैकुंठपुर में अपने घर में छिपा हुआ है। सूचना पर कार्रवाई करते हुए जशपुर पुलिस की टीम ने आरोपित के घर में छापा मारकर उसे पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपित के अपराध स्वीकार करने पर उसे गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है।

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Cyber Fraud: दुबई माड्यूल का साइबर ठग तेलंगाना से गिरफ्तार, 111 बैंक खाते हैं फ्रीज

इंदौर में साइबर ठगी के आरोपित कृष्ण कुमार को गिरफ्तार किया गया। जयसिन्हा रेड्डी का भाई, गिरोह का सदस्य था, जो दुबई से ठगी संचालित करता था। 12 लाख रुपये की धोखाधड़ी की गई, 400 फर्जी सिम कार्ड और 111 बैंक खातों का उपयोग किया गया। पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है।

By Neeraj Pandey

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 07:24:12 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 07:24:49 PM (IST)

Cyber Fraud: दुबई माड्यूल का साइबर ठग तेलंगाना से गिरफ्तार, 111 बैंक खाते हैं फ्रीज
400 फर्जी सिम कार्ड गिरोह ने इनका इस्तेमाल किया।

HighLights

  1. साइबर ठगी गिरोह जयसिन्हा रेड्डी दुबई से संचालित करता है
  2. 12 लाख रुपये ठगी सॉफ़्टवेयर इंजीनियर युवती से धोखाधड़ी
  3. क्रिप्टो करंसी ठगी से अर्जित रुपये बायनेंस के माध्यम से भेजे

नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : अपराध शाखा ने साइबर ठगी (डिजिटल अरेस्ट) के आरोपित के. कृष्ण कुमार को साइबराबाद (तेलंगाना) से गिरफ्तार किया है। गिरोह का मास्टर माइंड इसका भाई जयसिन्हा रेड्डी है, जो दुबई से नेटवर्क संचालित करता है। आरोपितों की कर्नाटक, दिल्ली, महाराष्ट्र, तेलंगाना सहित छह राज्यों की पुलिस को तलाश है। पुलिस इस गिरोह के 111 बैंक खातों को फ्रीज करवा चुकी है।

भंवरकुआं क्षेत्र निवासी साफ्टवेयर इंजीनियर युवती के साथ 12 लाख 10 हजार रुपये की धोखाधड़ी हुई थी। पुलिस ने जांच कर झालावाड़ (राजस्थान) के आनंद कुमार को पकड़ा तो उसके अनुसार उसने जयसिन्हा के इशारे पर फर्जी खातों की व्यवस्था की थी। पुलिस दो महीने पूर्व जयसिन्हा के घर पहुंची तो पत्नी श्वेता रेड्डी ने बताया कि वह दुबई से गैंग आपरेट करता है। जयसिन्हा पहले आनलाइन गेमिंग के माध्यम से ठगी करता था।

श्वेता और जयसिन्हा विशाखापट्टनम में लाखों रुपयों की धोखाधड़ी के मामले में भी गिरफ्तार हो चुके हैं। गुरुवार को अपराध शाखा ने जयसिन्हा के भाई के. कृष्ण कुमार को गिरफ्तार कर लिया। कृष्ण कुमार रुपयों को ठिकाने लगाने और गिरोह के सदस्यों में बंटवारा करने का काम करता था। आरोपितों द्वारा 400 से ज्यादा फर्जी सिमकार्ड का उपयोग किया गया था। इसमें कई सिम वृद्ध बीवीएन रेड्डी के नाम पर जारी करवाई थी।

पूछताछ में कृष्ण कुमार ने बताया कि जयसिन्हा ज्यादा वक्त दुबई में बिताता है। धोखाधड़ी के रुपयों से बायनेंस (एक्सचेंज) के माध्यम से यूएसडीटी (क्रिप्टो करंसी टेथर) खरीद कर दुबई में कैश करवा लेता था। रुपये भारत में हवाला के माध्यम से भेजे जाते थे। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है।

युवती की शादी के लिए रखी पूंजी डीसीपी बनकर ठगी एडिशनल डीसीपी (अपराध) राजेश दंडोतिया के अनुसार युवती बेंगलुरु में साफ्टवेयर इंजीनियर है। स्वजन उसकी शादी की तैयारी कर रहे थे। युवती ने शादी के लिए ही रुपये जमा किए थे। आरोपितों ने 25 मई को कोरियरकर्मी बनकर काल कर बताया कि उसके द्वारा मुंबई से ताइवान भेजा पार्सल कस्टम विभाग ने रद कर दिया है। उसमें फर्जी पासपोर्ट, 200 ग्राम ड्रग, क्रेडिट कार्ड, पांच किलो कपड़े, एक लैपटाप शामिल है।

आरोपित ने कहा कि पार्सल आधार कार्ड से लिंक भी किया गया है। उसने फर्जी साइबर क्राइम (अंधेरी) में काल ट्रांसफर की और गिरोह के सदस्यों को इंस्पेक्टर बनाकर बात करवाई। ठग ने युवती से कहा कि चार घंटे के अंदर बयान दर्ज करवाने के लिए मुंबई आना होगा। उसने युवती को स्काइप काल से जोड़ा और फर्जी डीसीपी (बालूसिंह) से बात करवाई। उसने भी मनी लान्ड्रिंग, तस्करी, धोखाधड़ी जैसे मामलों में गिरफ्तार करने की धमकी दी और खाते की जांच का झांसा देकर 12 लाख 10 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिए।

आरोपितों ने कहा कि उसके तीन खातों में गैरकानूनी तरीकों से तीन करोड़ रुपयों का लेनदेन हुआ है। 400 से ज्यादा फर्जी सिमकार्ड का इस्तेमाल पुलिस ने जांच की तो पता चला जयसिन्हा द्वारा संगठित गिरोह संचालित किया जा रहा है। इस गिरोह द्वारा पूरे देश में इसी तरह ठगी की जाती है। 25 मई को ठग के खाते में एक करोड़ से ज्यादा रुपये जमा हुए हैं।

पुलिस ने 111 बैंक खातों को फ्रीज करवाया है। मोबाइल नंबरों की जांच की तो पता चला कि 400 से ज्यादा सिमकार्ड का उपयोग किया गया है। पुलिस आरोपितों के विरुद्ध रेड कार्नर नोटिस जारी कर रही थी कि जयसिन्हा साइबराबाद आ गया। पुलिसकर्मियों ने रैकी कर दबिश दी, लेकिन वह फरार हो गया और कृष्ण कुमार पुलिस के हत्थे चढ़ गया।

मां-बाप के निधन के बाद भाई-बहनों की संभाली जिम्मेदारी, अब UP का लड़का बना टीम इंडिया का स्टार कप्तान

सहारनपुर: यहां के खिलाड़ी लगातार नए मुकाम हासिल कर रहे हैं, जिससे शहर का नाम देश-विदेश में गूंज रहा है. खासतौर पर क्रिकेट में सहारनपुर ने कई बेहतरीन खिलाड़ियों को तैयार किया है. इन्हीं में से एक नाम है मोहम्मद अमान, जिन्होंने अपनी कड़ी मेहनत और लगन से भारतीय अंडर-19 क्रिकेट टीम में न केवल जगह बनाई, बल्कि अपनी बेहतरीन बल्लेबाजी और नेतृत्व क्षमता के दम पर टीम की कप्तानी का गौरव भी हासिल किया.

29 नवंबर से यूएई में होने वाले अंडर-19 एशिया कप के लिए मोहम्मद अमान को एक बार फिर भारतीय अंडर-19 क्रिकेट टीम का कप्तान नियुक्त किया गया है. यह सहारनपुर के लिए गर्व का क्षण है. इससे पहले, अमान ने ऑस्ट्रेलिया दौरे में टीम की कप्तानी करते हुए तीन मैचों की वनडे सीरीज में ऑस्ट्रेलिया को 3-0 से हराया था. उनकी इस उपलब्धि पर सहारनपुर के खेल प्रेमियों, क्रिकेट खिलाड़ियों और सहारनपुर डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन (SDCA) के पदाधिकारियों ने खुशी जाहिर की है.

गरीब परिवार से उठकर बने स्टार
मोहम्मद अमान का जीवन संघर्षों से भरा रहा है. उनके माता-पिता का निधन हो चुका है, लेकिन उनकी काबिलियत और मेहनत को सहारनपुर क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहम्मद अकरम साहब का भरपूर सहयोग मिला. अकरम साहब ने अमान को हर कदम पर सपोर्ट किया और उनके करियर को निखारने में अहम भूमिका निभाई.

एसडीसीए का योगदान
एसडीसीए के मीडिया प्रभारी सैय्यद मशकूर ने बताया कि अमान को टीम का रेगुलर कप्तान बनाया जाना सहारनपुर के लिए बड़ी उपलब्धि है. उन्होंने कहा कि यह सब मोहम्मद अकरम साहब के प्रयासों का नतीजा है, जिनके नेतृत्व में सहारनपुर क्रिकेट को राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है.

उम्मीदों का नया सफर
मोहम्मद अमान की इस सफलता से चयनकर्ताओं को भी एशिया कप में भारतीय टीम के शानदार प्रदर्शन की उम्मीद है. सहारनपुर और देश को गर्व है कि मोहम्मद अमान जैसे खिलाड़ी भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

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संत हिरदाराम नगर स्टेशन तक दूसरा मार्ग जल्दी शुरू होगा, हजारों यात्रियों को होगा फायदा

संत हिरदाराम नगर स्टेशन लंबे समय से लोग ट्रैफिक की समस्या से परोशान थे, दूसरा मार्ग पूरी तरह बनने से यहां से गुजरने वाले हजारों राहगीरों को इससे फायदा होगा। उनकी यात्रा सुगम होगी और रोज रोज होने वाली समस्या से निजात मिलेगी। रेलवे प्रशासन अपने हिस्सो का काम तेज गति से कर रहा है।

By dilip mangtani

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 07:04:19 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 07:04:19 PM (IST)

नए स्टेशन रोड का काम अंतिम चरण में है।

HighLights

  1. यात्रियों को दूसरे मार्ग की सौगात मिलने जा रही है।
  2. दूसरे को प्रस्थान मार्ग बनाने का प्रस्ताव भी दिया।
  3. पुराने स्टेशन रोड पर बार-बार जाम से मुक्ति मिलेगी।

नवदुनिया प्रतिनिधि, संत हिरदाराम नगर। संत हिरदाराम नगर रेलवे स्टेशन तक पहुंचने के लिए अब यात्रियों को दूसरे मार्ग की सौगात मिलने जा रही है। स्टेशन से फाटक रोड की ओर जाने वाले मार्ग का निर्माण अंतिम चरण में है। भविष्य में ट्रेनों का स्टापेज बढ़ने से रोड साइड ट्रेफिक भी बढ़ेगा। इसे देखते हुए रेल प्रशासन अपने हिस्से में इसका निर्माण करा रहा है।

बरसों पुराने स्टेशन रोड पर बड़ी संख्या में किराने एवं अनाज की दुकाने हैं। यहां लोडिंग वाहनों की आवाजाही अधिक होने से यात्रियों को परेशान होना पड़ता है। लोडिंग आटो खड़े होने से स्टेशन की ओर जा रहे निजी वाहनों को अक्सर स्टेशन पहुंचने में देर हो जाती है।

इन दिनों स्टेशन के पुर्नविकास का काम तेज गति से चल रहा है। भविष्य में यहां आवाजाही बढ़ेगी। ऐसे में रेल प्रशासन ने फाटक रोड छोर से वैकल्पिक मार्ग बनाया है। सीमेंट कांक्रीट कार्य अंतिम चरण में है। भविष्य में किसी एक मार्ग पर आगमन एवं दूसरे मार्ग को प्रस्थान मार्ग घोषित किया जा सकता है। यदि ऐसा हुआ तो पुराने स्टेशन रोड पर बार-बार जाम लगने की समस्या से मुक्ति मिल जाएगी।

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सीटीओ से स्टेशन आने में आसानी

निर्माणाधीन ओवर ब्रिज को स्टेशन से जोड़ने की स्वीकृति भी रेल प्रशासन दे चुका है। यह काम पूरा होने से सीटीओ एवं पटरी पार कालोनियों से स्टेशन आना एवं जाना आसान हो जाएगा। सीटीओ एवं पास की एक दर्जन से कालोनियों में निवास करने वाले लोगों को पहले बैरागढ़ बाजार होकर स्टेशन पहुंचना पड़ता था।

अब बाजार में प्रवेश किए बगैर स्टेशन तक पहुंचा जा सकता है। सीटीओ निवासी पृथ्वीराज त्रिवेदी का कहना है कि यह हमारे लिए किसी सौगात से कम नहीं है। रेल सुविधा संघर्ष समिति के अध्यक्ष परसराम आसनानी ने भी इस निर्णय का स्वागत किया है।

Ujjain: एसआई के नाम खुद रिश्‍वत मांग रहा था हेड कांस्‍टेबल, लोकायुक्‍त ने 4500 रुपए लेते पकड़ा

एक मामले में उप निरीक्षक आनंद सोनी के नाम पर 4500 रुपये की रिश्वत मांगी गई थी। इस पर लोकायुक्त के डीएसपी राजेश पाठक व उप पुलिस अधीक्षक सुनील तालान ने प्रधान आरक्षक सेंगर को रंगे हाथ पकड़ा।

By Prakash Prajapat

Publish Date: Sat, 16 Nov 2024 07:05:25 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 16 Nov 2024 07:07:01 PM (IST)

Ujjain: एसआई के नाम खुद रिश्‍वत मांग रहा था हेड कांस्‍टेबल, लोकायुक्‍त ने 4500 रुपए लेते पकड़ा
लोकायुक्त की टीम ने पकड़ा प्रधान आरक्षक को।

HighLights

  1. – लोकायुक्त टीम ने ग्रासिम गेस्ट हाउस में ले जाकर की कार्रवाई
  2. ग्रासिम उद्योग के गेस्ट हाउस में ले गए, जहां टीम ने कार्रवाई की।
  3. उसके बाद बिरलाग्राम पुलिस थाने में लोकायुक्‍त की टीम आई।

नईदुनिया न्यूज, नागदा जंक्शन। बिरलाग्राम पुलिस थाने पर पदस्थ प्रधान आरक्षक योगेंद्रसिंह सेंगर को लोकायुक्त की टीम ने एक व्यक्ति से 4500 रुपये से रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा। मौके पर कार्रवाई नहीं करते हुए टीम ने प्रधान आरक्षक को ग्रासिम गेस्ट हाउस में ले जाकर कार्रवाई की।

बिरलाग्राम पुलिस थाने पर पदस्थ योगेंद्रसिंह सेंगर के रिश्वत मांगे जाने की शिकायत ब्रजेश पुत्र तिलकधारी विश्वकर्मा निवासी सी-267 बिरलाग्राम नागदा ने की थी।

पुलिस थाने में कार्रवाई नहीं करते हुए उसे ग्रासिम उद्योग के गेस्ट हाउस में ले गए, जहां टीम ने कार्रवाई की। उसके बाद बिरलाग्राम पुलिस थाने में टीम आई।

ग्रासिम गेस्ट हाउस में कार्रवाई करने के दौरान वहां पत्रकारों को प्रवेश नहीं दिए जाने को लेकर विवाद की स्थिति निर्मित हुई।

उद्योग प्रबंधन का कहना है कि उन्हें जानकारी नहीं है कि लोकायुक्त की टीम किसी को पकड़कर लेकर आई है। टीम ने प्रधान आरक्षक के खिलाफ प्रकरण दर्ज जांच में लिया। टीम में विशाल रेशमिया, इशरात श्याम शर्मा, संदीप कटारे सहित 10 लोग शामिल थे।

प्रधान आरक्षक सेंगर द्वारा एक मामले में 4500 रुपये रिश्वत मांगने की शिकायत पर टीम बिरलाग्राम थाना पहुंची। वहां रंगे हाथ पकड़कर कार्रवाई की गई।

-राजेश पाठक, डीएसपी, लोकायुक्त