Gwalior Well being Information: सर्वर ठप, कतार में मरीज, समय हुआ तो उठे डाक्टर

Gwalior Well being Information: सर्वर ठप, कतार में मरीज, समय हुआ तो उठे डाक्टर

मरीजों की सुविधा के लिए गजराराजा महाविद्यालय प्रबंधन ने भले ही 24 घंटे रजिस्ट्रेशन काउंटर शुरू कर दिए हैं, लेकिन ओपीडी समय पर ही पर्चा बनवाने में मरीजों को सर्वर डाउन की समस्या झेलना पड़ रही है। सोमवार की दोपहर करीब 1.15 बजे आभा एप सिस्टम सर्वर डाउन होने से गड़बड़ा गया। इससे पंजीयन का काम रूक गया। मरीजों को पर्चा बनवाने के लिए लाइन में लगा रहना पड़ा।

By Anoop Bhargav

Publish Date: Tue, 02 Jul 2024 12:22:12 PM (IST)

Up to date Date: Tue, 02 Jul 2024 12:22:12 PM (IST)

हजार बिस्‍तर अस्‍पताल में पर्चा बनवाने के लिए ओपीडी में परेशान हो रहे मरीज व उनके परिजन

HighLights

  1. हजार बिस्तर अस्पताल औरजेएएच में आधा घंटे बंद रहा आभा सिस्टम
  2. मरीजों का नहीं हो पाया पंजीयन और न बना पर्चा
  3. ओपीडी का समय पूरा हुआ तो डाक्टर उठकर चले गए

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। मरीजों की सुविधा के लिए गजराराजा महाविद्यालय प्रबंधन ने भले ही 24 घंटे रजिस्ट्रेशन काउंटर शुरू कर दिए हैं, लेकिन ओपीडी समय पर ही पर्चा बनवाने में मरीजों को सर्वर डाउन की समस्या झेलना पड़ रही है।

सोमवार की दोपहर करीब 1.15 बजे आभा एप सिस्टम सर्वर डाउन होने से गड़बड़ा गया। इससे पंजीयन का काम रूक गया। मरीजों को पर्चा बनवाने के लिए लाइन में लगा रहना पड़ा। करीब आधा घंटे तक सर्वर बंद रहा। पर्चा बनवाने के लिए कतार में खड़े मरीजों के लिए पर्चे बनाए जाने की व्यवस्था शुरू की गई, लेकिन जब तक ओपीडी का समय पूरा हुआ तो डाक्टर उठकर चले गए। इससे मरीजों को बिना उपचार कराए वापस लौटना पड़ा।

सर्वर डाउन होने से न भर्ती के पर्चे बन सके न ओपीडी के। जिससे व्यवस्था गड़बड़ा गई। पुराने जेएएच परिसर और एक हजार बिस्तर अस्पताल में पंजीयन काउंटर पर मरीज पर्चे बनवाने के लिए लाइन में खड़े रहे। जैसे-तैसे पर्चे बने और मरीज डाक्टर को दिखाने ओपीडी में पहुंचे तब तक डाक्टर उठ चुके थे। सर्जरी विभाग में जूनियर डाक्टर बैठे थे।

स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग की ओपीडी में भी एक कक्ष में सीनियर डाक्टर की बजाय जूनियर मरीजों का परीक्षण कर रही थीं। पर्चे समय पर न वन पाने के कारण मरीजों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। एक हजार बिस्तर अस्पताल के साथ न्यूरोसर्जरी, न्यूरोलाजी, कमलाराजा अस्पताल की ओपीडी में इलाज के लिए रोजाना 2500 से 3000 मरीजों को इस सिस्टम से जूझना पड़ रहा है।

लाइन में लगे रहे मरीज, नंबर आया तो बिंडो बंद कर चले गए कर्मचारी

अल्ट्रासाउंड जांच के लिए पंजीयन कराने मरीज लाइन में लगे थे। लाइन भी काफी लंबी थी। लंबी लाइन से जूझकर जैसे ही बनवारी निवासी ढोलीबुला का पुल बिंडो पर पहुंचे, तो कर्मचारियों ने समय होने का हवाला देते हुए काउंटर बंद कर दिया। काउंटर बंद कर दिए जाने के चलते करीब 20 से अधिक मरीजाें को बिना पंजीयन कराए वापस लौटना पड़ा। ग्वालियर से आए मनीष ने कहा कि एक घंटे से लाइन में लगे थे जब नंबर आया तो खिड़की ही बंद हो गई।

समय से पहले ही उठकर चले गए सीनियर डाक्टर

इधर मरीज पर्चा बनवाने के लिए लाइन में लगा था और उधर कुछ समय से पहले और कुछ डाक्टर समय होने के बाद ओपीडी से उठकर चले गए। मरीज पर्चा बनवाकर ओपीडी में सीनियर चिकित्सक को दिखाने पहुंचे तो वह नहीं मिले। सर्जरी विभाग में जूनियर डाक्टरों ने मरीजों का परीक्षण किया। स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग में भी कुछ सीनियर डाक्टर गायब थे। अन्य विभागों में भी कुछ ऐसी ही स्थिति थी। जिससे मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

नहीं हुआ पंजीयन

लाइन में लगने के बाद जैसे ही अल्ट्रासाउंड जांच कराने के लिए पंजीयन की खिड़की पर पहुंची, तो वहां मौजूद कर्मचारियों ने समय होने की बात कहकर पंजीयन करने से मना कर दिया। इससे बिना जांच कराए लौटना पड़ा।

मंजू कुशवाह, अजयपुर

घंटों खड़े रहना पड़ा लाइन में

लाइन में लगने के बाद जब खिड़की पर पहुंचे तो कर्मचारी ने सर्वर डाउन होने की बात कहकर थोड़ा रूकने को कहा। सर्वर न होने के कारण लाइन में घंटों खड़े रहना पड़ा। गड़बड़ व्यवस्था से सभी परेशान हुए।

महेन्द्र सिंह, ग्वालियर