India vs South Africa: टॉस बनेगा बॉस, पहले बल्लेबाजी या गेंदबाजी, क्या चुनेंगे रोहित शर्मा या एडेन मार्करम

T20 World Cup 2024 Closing: रोहित शर्मा की अगुवाई में भारती टीम साउथ अफ्रीका को हराकर 13 साल से चले आ रहे ICC ट्रॉफी के सूखे को खत्म करना चाहेगी। टीम इंडिया के लिए चैंपियन बनने का अच्छा मौका है, क्योंकि अफ्रीका टीम का इतिहास नॉकआउट मैचों में खराब रहा है। दोनों टीमें इस टी20 वर्ल्ड कप में एक भी मैच नहीं हारी हैं।

By Kushagra Valuskar

Publish Date: Sat, 29 Jun 2024 03:40:09 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 29 Jun 2024 03:40:09 PM (IST)

India vs South Africa: टॉस बनेगा बॉस, पहले बल्लेबाजी या गेंदबाजी, क्या चुनेंगे रोहित शर्मा या एडेन मार्करम
रोहित शर्मा और एडेन मार्करम (फाइल फोटो)

HighLights

  1. दो अजेय टीमों के बीच टी20 वर्ल्ड कप फाइनल मुकाबला।
  2. भारत के पास टी20 विश्व कप ट्रॉफी जीतने का अच्छा मौका।
  3. ब्रिजटाउन के केंसिंग्टन ओवल मैदान में खेला जाएगा मैच।

खेल डेस्क, नई दिल्ली। T20 World Cup 2024 Closing: भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच टी20 विश्व कप 2024 का खिताबी मुकाबला आज (शनिवार) खेला जाएगा। खिताबी मुकाबला बारबाडोस के ब्रिजटाउन के केंसिंग्टन ओवल में रात 8 बजे से शुरू होगा।

टीम इंडिया को इस टूर्नामेंट में एक भी हार का सामना नहीं करना पड़ा है। वहीं, साउथ अफ्रीका भी अपने सभी मैच जीतकर फाइनल में पहुंचा है। इस खिताबी जंग में सभी की नजरें सिक्के के उछाल पर होंगी। टॉस शाम 7.30 बजे होगा।

फाइनल में टॉस रहेगा अहम

किसी भी मैच में सबसे बड़ा सवाल यह होता है कि टॉस जीते के बाद सबसे पहले बैटिंग या गेंजबाजी क्या किया जाए। कई बार सिक्का उछालने के दौरान लिया गया फैसला गलत साबित हो जाता है।

भारत और साउथ अफ्रीका के बीच फाइनल में टॉस जीतने पर रोहित शर्मा और एडेन मार्करम पहले बल्लेबाजी करना पसंद करेंगे। मैच के दौरान बारिश की संभावना है, लेकिन केंसिंग्टन ओवल के मैदान पर टारगेट का पीक्षा करना आसान नहीं है। साथ ही बड़े मैचों में टीमें पहले बैटिंग करती हैं।

रनों का पीछा करते हुए जीत

केंसिंग्टन ओवल के रिकॉर्ड पर नजर डालें तो यहां अब तक 31 मैच खेले गए हैं। इसमें टारगेट का पीक्षा करने वाली टीम को 11 जीत मिली है।

भारत ने अफगानिस्तान को हराया

इस मैदान पर टीम इंडिया का सामना अफगानिस्तान से हुआ था। भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 181 रन बनाए थे, जवाब में अफगान टीम की पारी 134 रन पर सिमट गई थी। फाइनल मैच में अगर पहले बैंटिग करने वाली टीम 170+ का स्कोर बनाती है, तो लक्ष्य का पीछा करना आसान नहीं होगा।

फाइनल के लिए भारत और दक्षिण अफ्रीका की संभावित प्लेइंग इलेवन

भारत

रोहित शर्मा (कप्तान), विराट कोहली, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), सूर्यकुमार यादव, शिवम दुबे, हार्दिक पंड्या, रवींद्र जडेजा, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, कुलदीप यादव, जसप्रीत बुमराह।

दक्षिण अफ्रीका

क्विंटन डी कॉक (विकेटकीपर), रीजा हेंड्रिक्स, एडेन मार्करम (कप्तान), हेनरिक क्लासेन, डेविड मिलर, ट्रिस्टन स्टब्स, मार्को जानसेन, केशव महाराज, कागिसो रबाडा, गेराल्ड कोएट्जी, तबरेज शम्सी।

Shraddha Kapoor grew to become a fan of Huge B | बिग बी की मुरीद हुईं श्रद्धा कपूर: ‘कल्कि ’ देख बोलीं, सारा सिनेमा एक तरफ और अमिताभ बच्चन एक तरफ

1 घंटे पहले

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अमिताभ बच्चन, प्रभास, दीपिका पादुकोण और कमल हासन स्टारर फिल्म ‘कल्कि 2898 AD’ गुरुवार को रिलीज हुई है। रिलीज होने के बाद से ही फिल्म को पॉजिटिव रिव्यू मिल रहे हैं। फिल्म में दर्शकों का ध्यान सबसे ज्यादा अमिताभ बच्चन ने खींचा है। श्रद्धा कपूर ने फिल्म देखने के बाद अमिताभ बच्चन के लिए पोस्ट शेयर किया है। उन्होंने लिखा- क्या नॉर्थ, क्या साउथ, क्या ईस्ट, क्या वेस्ट, सारा सिनेमा एक तरफ और अमिताभ बच्चन एक तरफ। आप अपने आप में ही एक सिनेमैटिक यूनिवर्स हैं।

81 साल की उम्र में किया जबरदस्त एक्शन

भले ही दर्शक प्रभास के नाम पर फिल्म देखने जा रहे हैं। लेकिन फिल्म देखने के बाद वो अमिताभ बच्चन के एक्शन की खूब तारीफ कर रहे हैं। 81 साल की उम्र में दमदार एक्शन सीक्वेंस कर वो प्रभास, कमल हासन समेत सभी एक्टर्स से ज्यादा तारीफें लूट रहे हैं। फिल्म में अमिताभ बच्चन ने अश्वत्थामा का किरदार निभाया है। श्रद्धा के अलावा डायरेक्टर अनिल शर्मा और केजीएफ स्टार यश भी अमिताभ की तारीफ कर चुके हैं।

महाभारत के सीन में अश्वत्थामा बने अमिताभ बच्चन का लुक।

महाभारत के सीन में अश्वत्थामा बने अमिताभ बच्चन का लुक।

क्या है ‘कल्कि 2898 AD’?

‘कल्कि’ में आपको महाभारत की कहानी को मॉडर्न तरीके से देखने का मौका मिलेगा। आपने अपने बचपन में महाभारत के युद्ध की जो कहानियां सुनी हैं, ये फिल्म आपको उस कहानी से नए तरीके से जोड़ती है। फिल्म की शुरुआत युद्ध के मैदान से होती है जहां श्रीकृष्ण, अश्वत्थामा को कभी न मरने का श्राप देते हैं। हालांकि, इस श्राप के साथ वो अश्वत्थामा को प्रायश्चित करने का एक मौका भी देते हैं। श्रीकृष्ण, अश्वत्थामा से कहते हैं कि हजारों साल बाद जब दुनिया के हर कोने में सिर्फ बुराई होगी, जब लोगों पर अत्याचार बढ़ने लगेगा, तब मैं ‘कल्कि’ का जन्म लूंगा। तब तुम्हें ही मेरी रक्षा करनी होगी। ये कहानी 6 हजार साल बाद आगे बढ़कर दुनिया के आखिरी शहर काशी की तरफ पहुंचती है।

कल्कि का ओपनिंग डे कलेक्शन

‘कल्कि 2898 AD’ ने पहले दिन ग्लोबल बॉक्स ऑफिस पर 191.5 करोड़ रुपए कमाए हैं। इसके साथ ही यह इस साल की सबसे बड़ी ओपनिंग हासिल करने वाली फिल्म बन चुकी है। इंडिया में इस फिल्म ने ओपनिंग डे पर 95 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया। सभी भाषाओं की बात करें तो इसने तेलुगु में 64.5 करोड़, हिंदी में 24 करोड़, तमिल में 4 करोड़, मलयालम में 2.2 करोड़ और कन्नड़ में 30 लाख रुपए का कलेक्शन किया।

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Sehore Information: करोड़ों रुपए के दो हाईस्कूल भवन का केंद्रीय मंत्री श‍िवराज स‍िंंह चौहान ने किया भूमि पूजन

केंद्रीय मंत्री शि‍वराज स‍िंंह चौहान ने ग्राम जैत में 5 करोड़ 9 लाख रुपए की लागत से बनाने वाले शासकीय हाईस्कूल भवन और बकतरा में 7 करोड़ 24 लाख रुपए की लागत से बनने वाले हाईस्कूल भवन का भूमि पूजन किया ।

By Akhilesh Gupta

Publish Date: Sat, 29 Jun 2024 03:27:10 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 29 Jun 2024 03:39:00 PM (IST)

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार बुधनी विधानसभा क्षेत्र के गृह ग्राम जैत में दौरा करते हुए।

सीहोर। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को अपने लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत बुधनी विधानसभा क्षेत्र के दौरे गृह ग्राम जैत पहुंचे हैं। जहां वे विभिन्न कार्यक्रमों में भाग ले रहे हैं। बताया गया है कि ग्राम जैत में केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान का स्वागत हुआ है।

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केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान ने ग्राम जैत के नर्मदा घाट पर मां नर्मदा की पूजा अर्चना की नर्मदा घाट का निरीक्षण केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान ने किया। इस दौरान केंद्रीय मंत्री चौहान ने ग्राम ग्राम जैत में 5 करोड़ 9 लाख रुपए की लागत से बनाने वाले शासकीय हाईस्कूल भवन और बकतरा में 7 करोड़ 24 लाख रुपए की लागत से बनने वाले हाईस्कूल भवन का भूमि पूजन किया । उन्‍हों मां नर्मदा की पूजा का पूजन भी क‍िया। इस मौके पर उनकी पत्‍नी साधना स‍िंंह भी मौजूद थी।

Yamraj Ki Sabha: आखिर कैसी होती है यमराज की सभा, महाभारत में मिलता है वर्णन

महाभारत में नारद जी ने यमराज की सभा के बारे में युधिष्ठिर को बताया था। इस सभा में यमराज की सेवा में लगे दूतों को यमदूत कहा जाता है। यहां के दो प्रमुख रक्षक हैं, इनके नाम हैं महाण्ड और कालपुरुष। इनके साथ ही 4 आंखों वाले दो कुत्ते यमलोक की चौकीदारी करते हैं। यमलोक के द्वारपाल धर्मध्वज हैं।

By Ekta Sharma

Publish Date: Sat, 29 Jun 2024 03:44:37 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 29 Jun 2024 03:44:37 PM (IST)

Yamraj Ki Sabha: आखिर कैसी होती है यमराज की सभा, महाभारत में मिलता है वर्णन
यमराज की सभा का वर्णन (प्रतीकात्मक तस्वीर)

HighLights

  1. कार्यों के आधार पर व्यक्ति को भेजा जाता है स्वर्ग या नरक
  2. यम की सभा में चित्रगुप्त रखते हैं आत्माओं का लेखा-जोखा
  3. यमराज की सभा बेहद ही विशालकाय और तेजमय है

धर्म डेस्क, इंदौर। Yamraj Ki Sabha: धार्मिक ग्रंथों में यमराज को मृत्यु का देवता माना गया है। भौतिक शरीर के नष्ट हो जाने के बाद, व्यक्ति की आत्माओं को यमराज के सामने उपस्थित होना पड़ता है, जहां उन्हें उनके कार्यों के आधार पर स्वर्ग या नरक भेजा जाता है। वहीं, यमराज के सहयोगी चित्रगुप्त आत्माओं के कर्मों का लेखा-जोखा रखते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यमराज की सभा कैसी होती है। इसके बारे में महाभारत महाकाव्य में विस्तार से बताया गया है। आइए, जानते हैं कि यमराज की सभा में क्या-क्या होता है।

आनंद देने वाली यमराज की सभा

महाभारत में यमराज की सभा का वर्णन करते हुए बताया है कि सभा तेजोमयी विशाल है। इसकी लंबाई और चौड़ाई सौ योजन के बराबर है। यम की सभा का प्रकाश सूर्य के समान है। इससे सभी ओर से प्रकाश निकलता है। यह सभा इच्छानुसार रूप धारण करने वाली बताई गई है। यह न ही अधिक शीतल है और न ही अधिक गर्म है। यह मन को आनंद देने वाली है।

इस सभा के अंदर न भूख लगती है और न ही प्यास लगती है। न ही इसके अंदर शोक है। यहां किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना घटित नहीं होती है। यहां थकावट भी नहीं होती है। यहां पर स्वादिष्ट भोज्य पदार्थ प्रचुर मात्रा में होता है।

दीर्घकाल तपस्या के बाद हुआ सभा का निर्माण

महाभारत के अनुसार, यमराज की सभा में हृदय को प्रिय लगने वाली सुंदर और मनोहर वस्तुएं मौजूद हैं। यहां पवित्र सुगंध फैलाने वाली पुष्प मालाएं और इच्छा अनुसार फल देने वाले वृक्ष हैं। यहां ठंडे और गर्म दोनों प्रकार के स्वादिष्ट जल उपलब्ध होते हैं। यम की सभा में बहुत सारे पुण्यात्मा और निर्मल हृदय वाले ब्रह्मर्षि प्रसन्नता पूर्वक बैठकर यम की उपासना करते हैं। अनेक महान अश्वमेध यज्ञों द्वारा यम लोक में ही उपासना करते हैं।

यम की सभा बाधारहित है। यह रमणीय और इच्छा अनुसार गमन करने वाली है। विश्वकर्मा ने दीर्घकाल तक तपस्या करके इस सभा का निर्माण किया है। कठोर तपस्या और उत्तम कार्य करने वाले व्यक्ति, सत्यवादी, शांत, सन्यासी, अपने पुण्य कर्मों से पवित्र होने वाले इस सभा में आते हैं। यहां ये सभी निर्मल वस्त्र धारण करते हैं।

डिसक्लेमर

‘इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।’

दक्षिण अफ्रीका ने पहली आईसीसी ट्रॉफी कब जीती, फाइनल में किसे हराया, कौन रहा मैच का हीरो

नई दिल्ली. दक्षिण अफ्रीका किसी क्रिकेट वर्ल्ड कप के फाइनल में पहली बार पहुंचा है. 32 साल और 8 प्रयासों के बाद पहली बार उसे यह टी20 वर्ल्ड कप 2024 में कामयाबी मिली है. दक्षिण अफ्रीकी टीम इससे पहले वनडे वर्ल्ड कप के 5 और 20 टी20 वर्ल्ड कप के 2 सेमीफाइनल हार चुकी थी. इसी कारण दक्षिण अफ्रीका को ‘चोकर्स’ भी कहा जाता है. अब टी20 वर्ल्ड कप 2024 के फाइनल में पहुंचकर अफ्रीकी टीम ने कुछ हद तक चोकर्स का दाग हटाया है, लेकिन यह दाग पूरी तरह से तभी हटेगा जब वह फाइनल में भारत को हराकर ट्रॉफी जीतेगी. हालांकि, चोकर्स का टैग देने वाले क्रिकेटप्रेमी कई बार भूल जाते हैं कि दक्षिण अफ्रीका पहले भी आईसीसी ट्रॉफी जीत चुका है.

दक्षिण अफ्रीका ने पहली आईसीसी ट्रॉफी 1998 में जीती थी. उसने यह खिताब आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी में जीता था. आईसीसी ने तब यह टूर्नामेंट शुरू ही किया था. इस तरह आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी का पहला खिताब दक्षिण अफ्रीका के नाम ही दर्ज है. यह एक नॉकआउट टूर्नामेंट था, जिसमें 9 टीमों ने हिस्सा लिया था.

1998 में बांग्लादेश में खेले गए पहले आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका, भारत, वेस्टइंडीज और श्रीलंका की टीमें पहुंची थीं. वेस्टइंडीज ने भारत को और दक्षिण अफ्रीका ने श्रीलंका को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी. इस तरह खिताबी मुकाबला दक्षिण अफ्रीका और वेस्टंडीज के बीच खेला गया था.

दक्षिण अफ्रीका ने वेस्टंडीज को 6 विकेट से हराकर अपनी पहली आईसीसी ट्रॉफी जीती थी. इस मैच में वेस्टइंडीज ने फिलो वॉलेस (103) के शतक की बदौलत 245 रन बनाए थे. दक्षिण अफ्रीका ने इसके जवाब में 47 ओवर में 6 विकेट खोकर 248 रन बनाए और खिताब अपने नाम कर लिया था. अफ्रीकी कप्तान हैंसी क्रोन्ये 61 रन बनाकर नाबाद लौटे थे. जैक कैलिस ने इस मैच में 5 विकेट झटके थे.

Tags: Champions Trophy, Icc T20 world cup, India vs South Africa, T20 World Cup

Shahrukh Khan used to smoke so much on the units, govind namdev reveals attention-grabbing particulars about superstars | सुपरस्टार्स के साथ काम करने पर बोले गोविंद नामदेव: कहा- ‘SRK खूब सिगरेट पीते थे, केवल चार घंटे सोते थे, सलमान सेट पर उनसे बिल्कुल अलग हैं’

38 मिनट पहले

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बॉलीवुड एक्टर गोविंद नामदेव सालों से फिल्म इंडस्ट्री में एक्टिव हैं। इस दौरान उन्होंने कई स्टार्स के साथ काम किया है। इनमें शाहरुख खान और सलमान खान जैसे स्टार्स भी शामिल हैं। हाल ही में एक इंटरव्यू में उन्होंने इन स्टार्स के साथ काम करने का एक्सपीरिएंस शेयर किया।

गोविंद नामदेव ने बताया कि शाहरुख बहुत ज्यादा सिगरेट पीते हैं लेकिन सलमान खान सेट पर उनके बिल्कुल अपोजिट हैं।

शाहरुख और सलमान खान।

शाहरुख और सलमान खान।

शाहरुख को रहती है बस काम की धुन

गोविंद नामदेव ने शाहरुख के साथ 2000 में आई फिल्म ‘फिर भी दिल है हिंदुस्तानी’ में काम किया था। इससे जुड़ा किस्सा शेयर करते हुए उन्होंने कहा, ‘मैंने वर्कहॉलिक्स के बारे में कई बातें सुनी थीं लेकिन जब शाहरुख खान के साथ काम किया तो इसका असली मतलब समझ में आया। हमने उनके साथ दिनभर काम किया। रात में उन्होंने पूरे क्रू के साथ टाइम स्पेंड किया। सबके साथ खाना खाया, वो फिल्म के प्रोड्यूसर भी थे। उन्होंने रात दो बजे तक काम किया।’

गोविंद नामदेव आगे बोले, ‘अगले दिन, उन्हें सुबह-सुबह एक फंक्शन अटेंड करने के लिए चेन्नई निकलना था और फिर वापस आकर शूटिंग करनी थी। वो मुश्किल से तीन या चार घंटे सोए होंगे। वो चिमनी की तरह स्मोकिंग करते थे और काम करते रहते थे। उनके दिमाग में हमेशा ये चलता रहता था कि आगे क्या करना है। सुपरस्टार्स के काफी एटीट्यूड और नखरे होते हैं लेकिन शाहरुख बिल्कुल ऐसे नहीं हैं।’

गोविंद नामदेव ने 'सत्या', 'सिंघम रिटर्न्स', 'सरफरोश' समेत करीब 150 फिल्मों में काम किया है।

गोविंद नामदेव ने ‘सत्या’, ‘सिंघम रिटर्न्स’, ‘सरफरोश’ समेत करीब 150 फिल्मों में काम किया है।

सलमान कम बात करते हैं: गोविंद नामदेव

फिल्म ‘वांटेड’ में सलमान खान के साथ काम करने का अनुभव शेयर करते हुए गोविंद नामदेव बोले, ‘जब सेट पर क्रू से इंटरेक्शन की बात आती है तो सलमान शाहरुख के बिल्कुल अपोजिट हैं। वो ज्यादा किसी से बात नहीं करते, सिर्फ काम से काम। वो कोई भी पर्सनल बातचीत नहीं करते हैं। हां कभी-कभी वो बस ये बताते थे कि उनके पिता सलीम खान स्ट्रिक्ट थे और बचपन में कुछ भी गलती करने पर उन्हें पिता से मार भी पड़ती थी।’

Funding Ideas: नए फंड में मिलेगा अच्छा रिटर्न और एसआईपी भी सुरक्षित, पढ़ें ये टिप्स

आज निवेश के कई विकल्प उपलब्ध हैं। कुछ में बिना जोखिम के ठीकठाक रिटर्न मिल सकता है। SIP के जरिए म्यूचुअल फंड में निवेश किया जाता है। इसमें थोड़ा जोखिम रहता है, क्योंकि मार्केट में उतार-चढ़ाव के हिसाब से रिटर्न कम या ज्यादा हो सकता है। स्टॉक मार्केट की ज्यादा समझ नहीं है, तो म्यूचुअल फंड में पैसे लगा सकते हैं।

By Ekta Sharma

Publish Date: Sat, 29 Jun 2024 02:28:17 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 29 Jun 2024 02:28:17 PM (IST)

सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान टिप्स (प्रतीकात्मक तस्वीर)

HighLights

  1. एस्टेट फंड का कांसेप्ट अब तक विदेश में था।
  2. इसमें निवेश के लिए मोटी पूंजी नहीं लगानी पड़ती।
  3. कम रुपया लगाकर आप फंड में निवेश कर सकते हैं।

बिजनेस डेस्क, इंदौर। Funding Ideas: चार्टर्ड अकाउंटेंट मंगेश केकरे के मुताबिक, बदलते दौर के साथ निवेश के नए माध्यम भी आ रहे हैं। लोगों को इनकी जानकारी और इन पर भी ध्यान देना चाहिए। बीते दिनों गोल्ड ईटीफ तो प्रकाश में आ चुका है। कई और रियल स्टेट फंड भी आ चुके हैं। इस तरह के रियल एस्टेट फंड का कांसेप्ट अब तक विदेश में था। खास बात ये है कि गोल्ड फंड में सरकार की गारंटी मिलती है। सोना संभालने का जोखिम नहीं रहता। दूसरी तरफ रियल एस्टेट फंड की खासियत है कि इसमें आपको संपत्ति में निवेश के लिए मोटी पूंजी नहीं लगानी पड़ती।

भविष्य का लक्ष्य तय करें

चरणबद्ध और कम रुपया लगाकर आप इस फंड में निवेश कर सकते हैं। स्टॉक की तरह आपको संपत्ति के लाभ का अंश मिलता है। निवेश में एक सही संतुलन बनाकर अच्छा रिटर्न हासिल किया जा सकता है। सारे अंडे एक ही टोकरी में न रखें। निवेश को लेकर यह सूत्र हमेशा लागू होता है। निवेश की रणनीति तय करने से पहले हर व्यक्ति को अपने भविष्य का लक्ष्य तय करना चाहिए। उसी आधार पर अवधि चुनें और विशेषज्ञ से निवेश प्लान तैयार करवाएं। इनमें इन बातों का ध्यान रखें कि निवेशक की उम्र क्या और उस पर जिम्मेदारियां कितनी है।

एसआईपी जैसे माध्यम बेहतर

इस आधार पर निवेश की राशि तय होती ही है, साथ ही किन माध्यमों में कितना धन लगाना है, यह भी तय किया जाता है। युवा और कम जिम्मेदारी वाले निवेशक अपेक्षाकृत जोखिम वाले माध्यमों को चुन सकते हैं। सुरक्षित निवेश चुनने के साथ अच्छे रिटर्न के लिए सीधे इक्विटी में पैसा लगाने के बजाय एसआईपी जैसे माध्यम बेहतर साबित होते हैं। टैक्स की बचत भी प्लान करें। साथ ही बीमा और निवेश दोनों को एक साथ टारगेट न करें। बीमा अलग रखें। निवेश के लिए अलग योजना चुनें।

Pradeep Mishra: प्रदीप मिश्रा ने राधारानी के सामने रगड़ी नाक, बयान के लिए दंडवत होकर मांगी माफी

प्रदीप मिश्रा ने शनिवार को बरसाना पहुंचकर राधा रानी से माफी मांगी।

By Bharat Mandhanya

Publish Date: Sat, 29 Jun 2024 02:53:04 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 29 Jun 2024 02:53:04 PM (IST)

प्रदीप मिश्रा -फाइल फोटो

Pradeep Mishra नईदुनिया न्यूज नेटवर्क, बरसाना। राधा रानी पर बयान देकर विवाद में आए प्रदीप मिश्रा ने शनिवार को बरसाना पहुंचकर राधा रानी से माफी मांग ली। वह बरसाना स्थित राधा रानी मंदिर पहुंचे जहां उन्होंने राधा रानी के सामने दंडवत होकर नाक रगड़कर माफी मांगी। साथ ही राधा रानी को अपनी इष्ट बताया।

गौरतलब है कि पिछले दिनों प्रदीप मिश्रा ने राधा रानी को लेकर विवादित बयान दिया था।इसमें उन्होंने कहा कि बरसाना राधा रानी का पैतृक गांव नहीं है। प्रदीप मिश्रा के इस बयान के बाद काफी विवाद उठा था। वृंदावन के संत प्रेमानंद महाराज ने भी प्रदीप मिश्रा की इस कथन पर नाराजगी जाहिर करते हुए उनसे प्रमाण मांगा था और उनकी इस बयान के लिए आलोचना की थी।

MP Information: मध्य प्रदेश के सांसदों को दिया टास्क, अपने संसदीय क्षेत्र के विकास के लिए केंद्र से लाएं बजट

मध्य प्रदेश की 29 लोकसभा सीटों के सांसद अब केंद्र से अपने इलाके के विकास के लिए बजट लाएंगे। प्रदेश में संचालित योजनाओं और यहां की भौगोलिक स्थिति की एक बुकलेट भी सांसदों को दी जाएगी। इससे वे क्षेत्र की स्थिति को समझकर योजनाओं का लाभ लोगों को दिलवा सकेंगे।

By Prashant Pandey

Publish Date: Sat, 29 Jun 2024 02:49:05 PM (IST)

Up to date Date: Sat, 29 Jun 2024 02:55:06 PM (IST)

MP News: मध्य प्रदेश के सांसदों को दिया टास्क, अपने संसदीय क्षेत्र के विकास के लिए केंद्र से लाएं बजट
मध्य प्रदेश के सांसदों को बड़ी जिम्मेदारी। नए संसद भवन की फाइल फोटो।

HighLights

  1. सांसद शासन की योजनाओं का कर रहे अध्ययन।
  2. अपने क्षेत्र के मुद्दों को संसद में उठाएंगे सांसद।
  3. संसदीय क्षेत्र को आदर्श बनाने के लिए होगा काम।

MP Information: राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल। मध्य प्रदेश के नवनिर्वाचित 29 सांसदों को लक्ष्य सौंपा गया है कि वे अपने-अपने संसदीय क्षेत्र के विकास के लिए केंद्र सरकार से बजट लाएं और अपने संसदीय क्षेत्र को आदर्श संसदीय क्षेत्र बनाएं।

सांसदों को प्रदेश के सभी विभागों की योजनाओं की जानकारी भी उपलब्ध कराई गई है ताकि वे संसद में प्रदेश के मुद्दों को अच्छे से उठा सकें। सांसदों द्वारा संसद में मध्य प्रदेश के मुद्दों पर चर्चा के लिए शासन की योजनाओं का अध्ययन किया जा रहा है।

इसके लिए सभी विभागों ने सांसदों को अपने-अपने विभाग की जानकारी उपलब्ध कराई है। इनमें केंद्र द्वारा संचालित योजनाओं में उपलब्ध बजट की वस्तुस्थिति भी बताई गई है। मध्य प्रदेश में संचालित योजनाओं और प्रदेश की भौगोलिक स्थिति की एक बुकलेट भी सांसदों को दी जाएगी।

जिसे पढ़कर वे मध्य प्रदेश के प्रमुख मुद्दों को समझकर संसद में उठा सकेंगे और विपक्ष के आरोपों का जवाब भी दे सकेंगे। इधर, विधायकों से भी कहा गया है कि वे अपने विधानसभा क्षेत्र को आदर्श विधानसभा बनाने के लिए आगामी वर्षों में क्या करेंगे, इसकी रिपोर्ट बनाकर प्रस्तुत करें।

सांसद, विधायक और मंत्रियों को भाजपा भी देगी प्रशिक्षण

मध्य प्रदेश के सांसद, विधायक और मंत्रियों को भारतीय जनता पार्टी प्रशिक्षण देगी। इसके लिए जल्द ही प्रदेश भाजपा कार्यालय में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इनमें पार्टी के पक्ष में सरकार की योजनाओं के माध्यम से जनता के बीच जनाधार मजबूत करने के गुर भी बताएं जाएंगे।

मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव पहले ही कह चुके हैं कि सांसद, विधायक अपने जिलों में पांच साल का रोडमैप तैयार कर विकास कार्य करें। इसके लिए जनप्रतिनिधि जनता से भी सुझाव लेंगे कि क्षेत्र में क्या-क्या समस्याएं और उन्हें दूर करने के लिए क्या किया जा सकता है। इस कार्य में प्रशासनिक अमला जनप्रतिनिधियों की मदद करेगा।

Ind vs SA Remaining: दिग्गज ने की भविष्यवाणी किसे मिलेगी ट्रॉफी, 1 टीम के 80 जबकि दूसरे के 20 प्रतिशत जीतने की उम्मीद

नई दिल्ली. भारत और साउथ अफ्रीका के बीच होने वाले आईसीसी टी20 विश्व कप मुकाबले को लेकर हर तरफ चर्चा हो रही है. भारतीय क्रिकेट टीम को जीत का दावेदार माना जा रहा है लेकिन साउथ अफ्रीका को भी लोग कम नहीं मानते. टीम इंडिया के पूर्व बल्लेबाज जो इस मैच दौरान कमेंट्री टीम का हिस्सा होंगे उन्होंने फाइनल मैच को लेकर अपनी भविष्वाणी कर दी है. संजय मांजरेकर का मानना है कि यह मैच 80 फीसदी और 20 फीसदी दोनों टीमों में बंटा हुआ है.

आईसीसी टी20 विश्व कप 2024 की ट्रॉफी किसके नाम होगी आज इसपर से पर्दा उठ जाएगा. भारत और साउथ अफ्रीका फाइनल में जगह बनाने में कामयाब हुई. भारतीय समय के मुताबिक आज रात 8 बजे बारबाडोस में दोनों टीमें ट्रॉफी पर कब्जा जमाने के इरादे से उतरेंगी. मुकाबले पर बारिश का साया है लेकिन रिजर्व डे होने की वजह से फैंस की चिंता कम है. भारतीय टीम ने पूरे टूर्नामेंट में दमदार खेल दिखाया है जबकि साउथ अफ्रीका का प्रदर्शन उपर नीचे रहा है. यह टीम अफगानिस्तान को हराकर फाइनल में पहुंची तो भारत ने मौजूदा चैंपियन इंग्लैंड को हराकर टूर्नामेंट से बाहर किया.