NEET Paper Leak: नीट पेपर लीक केस में सीबीआई का एक्शन, पटना से दो गिरफ्तार, छात्रों के लिए प्ले स्कूल बुक कराया था
NEET Paper Leak: नीट पेपर लीक के मामले की जांच कर रही केंद्रीय जांच ब्यूरो की टीमें जांच में जुटी हैं। बिहार में सीबीआई ने गुरुवार को स्कूल का कमरा बुक करने वाले मनीष प्रकाश और आशुतोष को अरेस्ट किया। पेपर लीक के दो आरोपी बलदेव कुमार और मुकेश कुमार रिमांड पर हैं।
By Kushagra Valuskar
Publish Date: Thu, 27 Jun 2024 04:30:05 PM (IST)
Up to date Date: Thu, 27 Jun 2024 04:57:17 PM (IST)

HighLights
- पटना से मनीष प्रकाश और आशुतोष गिरफ्तार।
- पटना के प्ले स्कूल से जले प्रश्न पत्र मिले थे।
- अभ्यर्थियों के लिए स्कूल बुक कराया था।
एएनआई, नई दिल्ली। NEET Paper Leak: नीट पेपर लीक मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो ने एक्शन लेना शुरू कर दिया है। गुरुवार को सीबीआई ने पटना से दो आरोपी मनीष प्रकाश और आशुतोष को गिरफ्तार किया। दोनों ने पटना में प्ले एंड लर्न स्कूल को रात भर के लिए बुक किया था।
इसी स्कूल में छात्रों को आंसर याद करवाया गया था। यहां से जले प्रश्न पत्र मिले थे। जांच एजेंसी बीते दो दिनों से 11 लोगों से पूछताछ कर रही है। सीबीआई ने बिहार पुलिस की आर्थिक अपराध इकाई से 26 जून को केस अपने पास लिया था। अब तक पांच प्रदेशों में पुलिस ने 27 लोगों को अरेस्ट किया है।
पेपर लीक के दो आरोपी रिमांड पर
पेपर लीक के दो अन्य आरोपी बलदेव कुमार उर्फ चिंटू और मुकेश कुमार सीबीआई की 8 दिन की रिमांड पर है। गुरुवार को जांच एजेंसी ने दोनों का मेडिकल चेकअप कराया। सीबीआई ने बुधवार को बलदेव और मुकेश को अदालत में पेश किया था।
बलदेव कुमार नीट पेपर लीक के मास्टरमाइंड संजीव मुखिया का नातेदार है। दावा है कि पेपर बलदेव के मोबाइल पर आया था। जबकि मुकेश अभ्यर्थियों को स्कूल लेकर गया था, जहां जवाब बताए गए थे।
#WATCH नीट पेपर लीक मामला | सीबीआई की टीम आरोपी बलदेव कुमार उर्फ चिंटू और मुकेश कुमार को लेकर बिहार के पटना स्थित सीबीआई कार्यालय पहुंची।
पटना की एक विशेष सीबीआई अदालत ने कल दोनों को सीबीआई रिमांड पर भेज दिया। pic.twitter.com/PDPy5eV44M
— ANI_HindiNews (@AHindinews) June 27, 2024
स्कूल प्रिंसिपल और कूरियर कंपनी का कर्मचारी गिरफ्तार
सीबीआई ने झारखंड के हजारीबाग में ओएसिस स्कूल के प्रिंसिपल एहसान उल हक और कूरियर कंपनी के कर्मी से छह घंटे तक पूछताछ की। एग्जाम के दिन सेंटर पर रहे चार इन्विजिलेटर्स, एनटीए के दो पर्यवेक्षकों, दो डिप्टी सुपरिटेंडेंट्स से भी पूछताछ की गई। पूछताछ में प्रिंसिपल की भूमिका संदिग्ध मिली है।

