घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया, जिसमें जांच की बजाए आजादनगर थाना प्रभारी गोपाल परमार शराब से लदी गाड़ी पकड़ने वाले युवाओं को ही यह कहते नजर आए कि तुमने मुझे छेड़ दिया है।
By Paras Pandey
Edited By: Paras Pandey
Publish Date: Sat, 15 Jun 2024 07:18:56 PM (IST)
Up to date Date: Sat, 15 Jun 2024 07:18:56 PM (IST)
HighLights
- शराब की गाड़ी युवाओं ने पकड़ी
- पुलिस ने शराब से भरी गाड़ी को बाद में छोड़ दी
- लोगों ने किया जम कर हंगामा
नईदुनिया न्यूज, चंद्रशेखर आजादनगर। जिले में पुलिस, आबकारी विभाग और शराब माफियाओं के बीच अंदरखाने में गठजोड़ के आरोप अक्सर लगते हैं, मगर आजादनगर में शुक्रवार रात शराब कंपनी पर पुलिस की मेहरबानी सड़क पर नजर आ गई। दरअसल क्षेत्र के कुछ युवाओं ने शराब से भरी एक गाड़ी को पकड़ा और आरोप लगाया कि अवैध रूप से यह मदिरा गुजरात ले जाई जा रही है।
इस घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया, जिसमें जांच की बजाए आजादनगर थाना प्रभारी गोपाल परमार शराब से लदी गाड़ी पकड़ने वाले युवाओं को ही यह कहते नजर आए कि तुमने मुझे छेड़ दिया है। बाद में वाहन को पकड़ने वाले युवाओं के खिलाफ ही विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया। शराब की गाड़ी को छोड़ दिया गया। पुलिस का दावा है कि शराब के दस्तावेज पेश किए गए थे।
जानकारी अनुसार शुक्रवार शाम चार बजे शराब से भरा एक वाहन एमपी 09 डीएम 6680 कथित तौर पर उदयगढ़ से कट्ठीवाड़ा जा रहा था। ग्राम बड़ी पोल में क्षेत्र के आदिवासी युवाओं ने इस वाहन को रोका और आरोप लगाया कि गाड़ी में अवैध शराब भरकर ले जाई जा रही है।
इसकी सूचना पुलिस और आबकारी विभाग को दी गई। ग्रामीणों का कहना है कि इस पर पुलिस टीम यहां पहुंची और जांच के लिए वाहन को थाने पर लाने लगी। हालांकि वाहन थाने पहुंचता इससे पहले ही पुलिस की लापरवाही से चालक गाड़ी को तेजी से भगाकर ले गया। ग्रामीणों का आरोप है कि चालक अंधाधुंध गति से वाहन को दौड़ते ले गया और रास्ते में दो बाइक को टक्कर मार दी। बाद में करीब चार-पांच किमी दूर ग्राम मेढ़ा में इस वाहन को क्षेत्र के लोगों ने रोका तथा पुलिस को फिर से सूचना दी।
मौके पर बहसबाजी, थाना प्रभारी युवाओं पर भड़कते नजर आए
वाहन को पकड़ने के बाद पुलिस टीम और आजादनगर थाना प्रभारी परमार मौके पर पहुंचे। कुछ लोगों ने इस घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया है। वीडियो में थाना प्रभारी कथित अवैध शराब परिवहन की शिकायत करने वाले युवाओं पर ही भड़कते दिखे। उन्होंने कहा कि तुमने मुझे छेड़ दिया है। पुलिस विभाग में 25 साल से ऐसी-तैसी करा रहा हूं क्या। हालांकि बाद में शराब से भरे वाहन को थाने लाया गया। इस बीच शराब कंपनी के कर्मचारी भी मौके पर पहुंच गए थे।
पुलिस ने युवाओं के खिलाफ दर्ज कर लिया मामला
देर रात तक अवैध शराब की जांच किए जाने का मामला थाने पर चलता रहा। पुलिस ने यह कहकर शराब से भरा वाहन छोड़ दिया कि कंपनी के कर्मचारी ने परिवहन के वैध दस्तावेज उपलब्ध कराए हैं। शराब कंपनी कर्मचारी की शिकायत पर केनसिंह, केरमसिंह सहित 15 अन्य लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। शराब कंपनी कर्मचारी ने वाहन में तोड़फोड़, मारपीट, गालीगलौज व जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ किन धाराओं में मामला दर्ज किया है, यह बताने से भी पुलिस बचती रही।
राजनीति गरमाई… कांग्रेस ने कहा- दो दिन में कार्रवाई नहीं तो उग्र आंदोलन
मामले में जिले की राजनीति भी गरमा गई है। जिला कांग्रेस ने कहा है कि अगर दो दिन में शराब माफिया और जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुआ तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। कांग्रेस नेता महेश पटेल ने पार्टी कार्यालय पर मीडिया से चर्चा में कहा कि आजादनगर के मामले से साफ है कि जिले में पुलिस और आबकारी विभाग के संरक्षण में अवैध शराब का कारोबार जोरों पर किया जा रहा है।
इस मामले में पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई के बजाए उलटा आदिवासी युवाओं के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर दो दिन के भीतर शराब माफिया और जिम्मेदार अफसरों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो एसपी आफिस का घेराव किया जाएगा।



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