भाजपा कार्यकर्ता जहां कांग्रेस को उम्मीदवार उतारने में कमजोर बता रहे हैं तो कांग्रेसी भाजपा पर भी ऐसे आरोप लगा रहे हैं।
By Sandeep Chourey
Publish Date: Solar, 14 Apr 2024 11:11 AM (IST)
Up to date Date: Solar, 14 Apr 2024 11:14 AM (IST)
HighLights
- सियासी गलियारों में अमेठी के बाद अब रायबरेली में परिवर्तन की संभावना जताई जा रही है।
- ऊंचाहार के राजनारायण कहते हैं कि अभी तो पार्टियों के बीच नफा-नुकसान तौला जा रहा है।
- उनका कहना है कि कांग्रेस आसानी से अपना गढ़ नहीं छोड़ेगी, क्योंकि अमेठी 2019 में हाथ से जा चुकी है।
पुलक त्रिपाठी, रायबरेली। उत्तर प्रदेश की रायबरेली सीट का नाम आते ही मन में कांग्रेस के गढ़ और गांधी परिवार की तस्वीर उभर जाती है, लेकिन इस बार के लोकसभा चुनाव में यहां की सियासी फिजा बदली हुई है। सोनिया गांधी के राज्यसभा में जाने के बाद अब सभी के मन में एक ही सवाल है कि रायबरेली सीट से कांग्रेस किसे प्रत्याशी बनाएगी।
सोनिया गांधी ने बीते साल दिए थे संकेत
सोनिया गांधी ने बीते साल ही इस बात के संकेत दे दिए थे कि उन्होंने अपनी राजनीतिक पारी खेल ली है और जल्दी ही वे अपनी अपनी विरासत किसी अन्य को सौंप देगी। ऐसे में यही संभावना जताई जा रही थी कि प्रियंका वाड्रा को रायबरेली सीट से उतारा जा सकता है, लेकिन इसी बीच यह भी खबर उड़ी कि उन्होंने चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया है। रायबरेली के कांग्रेसी कार्यकर्ता और पदाधिकारी भी इस बारे में कोई पुष्टि नहीं कर रहे हैं कि प्रियंका रायबरेली से चुनाव लड़ेंगी या नहीं। रायबरेली जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष पंकज त्रिपाठी का कहना है कि ‘हमारी तैयारी पूरी है। 20 अप्रैल तक संयम रखना है। जल्द ही रायबरेली के लोगों को अच्छा समाचार सुनने को मिलेगा।
भाजपा ने चौतरफा बिछा रही बिसात
इस बीच भाजपा ने अपनी पूरी तैयारी कर रखी है। भाजपा के जिलाध्यक्ष बुद्धिलाल कहते हैं कि शीर्ष नेतृत्व की ओर से प्रत्याशी भी तय है, बस घोषणा बाकी है। भाजपा आलाकमान कभी भी रायबरेली सीट के लिए टिकट का ऐलान कर सकता है।
अमेठी के बाद रायबरेली की बारी
सियासी गलियारों में अमेठी के बाद अब रायबरेली में परिवर्तन की संभावना जताई जा रही है। ऊंचाहार के राजनारायण कहते हैं कि अभी तो पार्टियों के बीच नफा-नुकसान तौला जा रहा है। उनका कहना है कि कांग्रेस आसानी से अपना गढ़ नहीं छोड़ेगी, क्योंकि अमेठी 2019 में हाथ से जा चुकी है। रायबरेली में 5वें चरण में मतदान होगा, लेकिन पार्टी कार्यालयों में अभी तक सन्नाटा पसरा हुआ है। भाजपा कार्यकर्ता जहां कांग्रेस को उम्मीदवार उतारने में कमजोर बता रहे हैं तो कांग्रेसी भाजपा पर भी ऐसे आरोप लगा रहे हैं।
भाजपा से मनोज पांडेय के नाम की चर्चा
भाजपा की ओर से मनोज पांडेय का नाम चर्चा चल रही है तो कभी कांग्रेस से आराधना मिश्रा का, लेकिन सब कुछ चर्चाओं में ही है। अभी तक कुछ तय नहीं हुआ है। एक चर्चा यह भी है कि प्रियंका वाड्रा के उतारे जाने पर भाजपा वरुण गांधी को उनसे मुकाबला करवा सकती है।





