सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार का एलान, गरीब बच्चों के लिए शुरू करेंगे ऑनलाइन शैक्षिक मंच

सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार का एलान, गरीब बच्चों के लिए शुरू करेंगे ऑनलाइन शैक्षिक मंच

सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार की दुनियाभर में ख्याति है। शनिवार को उन्होंने शिकागो में घोषणा की कि वह अब गरीब छात्रों के लिए ऑनलाइन शैक्षिक मंच शुरू करेंगे, जिससे उनके दरवाजे तक शिक्षा का विस्तार हो सके।

By Anurag Mishra

Publish Date: Solar, 14 Apr 2024 04:16 PM (IST)

Up to date Date: Solar, 14 Apr 2024 04:16 PM (IST)

सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार।

HighLights

  1. सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार का गरीब छात्रों के लिए एलान।
  2. गरीब छात्रों के लिए ऑनलाइन शैक्षिक मंच शुरू करेंगे आनंद कुमार।
  3. नॉर्थवेस्टर्न यूनिवर्सिटी के केलॉग स्कूल ऑफ मैनेजमेंट में की घोषणा।

ऑनलाइन डेस्क, शिकागो। सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार की दुनियाभर में ख्याति है। शनिवार को उन्होंने शिकागो में घोषणा की कि वह अब गरीब छात्रों के लिए ऑनलाइन शैक्षिक मंच शुरू करेंगे, जिससे उनके दरवाजे तक शिक्षा का विस्तार हो सके।

आनंद कुमार नॉर्थवेस्टर्न यूनिवर्सिटी के केलॉग स्कूल ऑफ मैनेजमेंट में “रीइमेजिनिंग इंडिया: शेपिंग द ग्लोबल इकोनॉमिक लैंडस्केप” विषय पर 2024 केलॉग इंडिया बिजनेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान ही उन्होंने ऑनलाइन शैक्षिक मंच को शुरू करने का एलान किया।

उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि हमारे पास मौजूद तकनीकि का इस्तेमाल कर ज्यादा से ज्यादा छात्रों से पहुंचे। सुपर 30 के जरिए गरीब छात्रों की जिंदगी को मैंने करीब से बदलते देखा है। कई छात्र शिक्षा की शक्ति के कारण अपने व परिवार के भाग्य को सुधार पाए।

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उन्होंने कहा कि कोविड महामारी की वजह से हमारा जीवन पूरी तरह बदल गया। महामारी ने हमें सिखाया कि घरों में फंसे छात्रों से सोशल मीडिया के जरिए कैसे जुड़ सकते हैं। यह बताता है कि विपरीत परिस्थितियों में भी हमें बहुत कुछ सीखने को मिलता है।

उन्होंने कहा कि दुनिया में कई प्रभावशाली बच्चे हैं। वह बच्चे गरीबी के कारण बस वर्तमान समाज में छुपे हुए हैं। उनमें क्षमता है कि वह कल के न्यूटन व रामनुजन हो सकें, लेकिन संसाधनों का अभाव उनकी प्रतिभा को मार रहा है। मेरी ऑनलाइन शिक्षा की पहल का उद्देश्य उन्हें वह मंच देना है, जिसको वह हासिल कर अपने बेहतर स्वरूप में आ सकें।

उन्होंने कहा कि तकनीकि का सबसे अच्छा उपयोग तभी है, जब वह वंचितों तक पहुंचे। दुनिया की समृद्धि व बड़े पैमाने पर मानवता का लाभ इन वंचितों तक पहुंचे यह समाज की जिम्मेदारी

उन्होंने कहा कि प्रौद्योगिकी का सबसे अच्छा उपयोग यह सुनिश्चित करना होगा कि अवसर वंचितों तक पहुंचें, उन्होंने कहा कि दुनिया की समृद्धि और बड़े पैमाने पर मानवता के लाभ के लिए प्रतिभा पूल को बढ़ाना समाज की जिम्मेदारी है। .