Jammu Kashmir: जम्मू कश्मीर में कांग्रेस-NC में हो गया गठबंधन, इन-इन सीटों पर लड़ेंगे चुनाव

सीट बंटवारे पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने कहा कि कांग्रेस के उम्मीदवार उधमपुर, जम्मू और लद्दाख लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ेंगे। नेशनल कॉन्फ्रेंस के उम्मीदवार अनंतनाग, बारामूला और श्रीनगर लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ेंगे।

By Anurag Mishra

Publish Date: Mon, 08 Apr 2024 05:36 PM (IST)

Up to date Date: Mon, 08 Apr 2024 05:46 PM (IST)

Jammu Kashmir: जम्मू कश्मीर में कांग्रेस-NC में हो गया गठबंधन, इन-इन सीटों पर लड़ेंगे चुनाव
कांग्रेस-NC में गठबंधन तय।

एएनआई, दिल्ली। जम्मू कश्मीर में कांग्रेस व नेशनल कॉन्फ्रेंस के बीच सीट बंटवारा तय हो गया है। एनसी के नेता उमर अब्दुल्ला व कांग्रेस के नेता सलमान खुर्शीद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर यह जानकारी दी। उमर अब्दुल्ला ने बताया कि जम्मू कश्मीर व लद्दाख को मिलाकर 6 लोकसभा सीटें होती हैं। इनमें से कांग्रेस व एनसी तीन-तीन सीटों पर चुनाव लड़ेगी। पीडीपी को लोकसभा चुनाव में इस गठबंधन का हिस्सा नहीं बनाया गया है।

सीट बंटवारे पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने कहा कि कांग्रेस के उम्मीदवार उधमपुर, जम्मू और लद्दाख लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ेंगे। नेशनल कॉन्फ्रेंस के उम्मीदवार अनंतनाग, बारामूला और श्रीनगर लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ेंगे।

#WATCH | Delhi: On seat sharing, Nationwide Convention chief Omar Abdullah says, “Congress candidates will contest from Udhampur, Jammu and Ladakh Lok Sabha seats and Nationwide Convention candidates will contest from Anantnag, Baramulla and Srinagar Lok Sabha seats…” pic.twitter.com/EdJdMwhMCj

— ANI (@ANI) April 8, 2024

इन सीटों से ये लड़ेंगे चुनाव

नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस प्रत्येक जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में 3 लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ेंगे। चौधरी लाल सिंह उधमपुर से चुनाव लड़ेंगे, रमन भल्ला जम्मू से और मियां अल्ताफ साहब अनंतनाग से चुनाव लड़ेंगे। बाकी सीटों के लिए उम्मीदवार जल्द ही घोषणा की जाएगी।

छह सीटों पर जीत करेंगे तय

सीट बंटवारे पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने कहा कि नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस ने सीट-बंटवारे की व्यवस्था को अंतिम रूप दे दिया है, जिसके तहत पूर्ववर्ती जम्मू-कश्मीर राज्य की छह सीटें जिनमें केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख की सीट भी शामिल है। हमने उन्हें समान रूप से साझा करने का फैसला किया है। हम सभी छह उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करेंगे।

पीडीपी से गठबंधन न करने का कारण

पीडीपी को सीट बंटवारे से बाहर किए जाने पर उन्होंने कहा कि किसी राज्य या क्षेत्र में जहां हमारे पास अधिकतम छह सीटें थीं, जिनमें से तीन सीटें पहले से ही नेशनल कॉन्फ्रेंस के पास थीं। राजनीतिक लेन-देन की जगह बहुत सीमित थी। नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस ने स्पष्ट कर दिया था कि हम विधानसभा चुनावों में सीटें साझा करने का विकल्प खुला रखेंगे।