व्यवसायी के रुपये लेकर भागा ड्राइवर, सट्टे व कार खरीदने में उड़ा दी रकम

तखतपुर थाना प्रभारी हरिशचंद्र टांडेकर ने बताया कि नर्मदा नगर में रहने वाले कैलाशचंद्र अग्रवाल व्यवसायी हैं। तखतपुर क्षेत्र के खम्हरिया बाइपास के पास उनकी राइस मिल है।

By Yogeshwar Sharma

Publish Date: Solar, 07 Apr 2024 01:14 AM (IST)

Up to date Date: Solar, 07 Apr 2024 01:14 AM (IST)

व्यवसायी के रुपये लेकर भागा ड्राइवर, सट्टे व कार खरीदने में उड़ा दी रकम

नईदुनिया न्यूज,बिलासपुर। तखतपुर स्थित राइस मिल से व्यवसायी की कार और 11 लाख रुपये लेकर फरार ड्राइवर को पुलिस ने रायपुर से गिरफ्तार किया है। आरोपित के कब्जे से चोरी के रुपयों से खरीदी गई कार, एप्पल मोबाइल, बाइक और तीन लाख रुपये जब्त किया गया है, शेष रकम वह सट्टा में हार गया। आरोपित को न्यायालय में पेश किया गया है।

तखतपुर थाना प्रभारी हरिशचंद्र टांडेकर ने बताया कि नर्मदा नगर में रहने वाले कैलाशचंद्र अग्रवाल व्यवसायी हैं। तखतपुर क्षेत्र के खम्हरिया बाइपास के पास उनकी राइस मिल है। व्यवसायी छह मार्च को बैग में 11 लाख रुपये लेकर राइस मिल आए। इस दौरान रुपयों से भरा बैग कार में ही छूट गया। इधर कार का ड्राइवर वेदप्रकाश सिंह राजपूत निवासी तालापारा रुपये से भरा बैग और कार लेकर फरार हो गया। थोड़ी ही देर में व्यवसायी ने ड्राइवर को काल किया तो उसका मोबाइल बंद था। उन्होंने इसकी जानकारी तखतपुर पुलिस को दी। इस पर पुलिस ने कार ड्राइवर की तलाश शुरू कर दी। कुछ ही घंटे बाद पता चला कि कार कोटा रोड में लावारिस खड़ी है। इस पर पुलिस ने कार जब्त कर लिया। पुलिस की टीम आरोपित की तलाश कर रही थी। साइबर सेल के सहारे पता चला कि आरोपित ड्राइवर वेदप्रकाश सिंह राजपूत रायपुर के प्रेरणा होटल में रह रहा है। इस पर पुलिस की टीम ने रायपुर स्थित होटल में दबिश दी। आरोपित को गिरफ्तार कर पुलिस की टीम थाने ले आई। यहां पूछताछ में आरोपित ने बस से कोटा जाना बताया। इसके बाद वह किराए पर कार लेकर कोरबा चला गया। कोरबा में आटो डील से कार खरीदकर वह मध्यप्रदेश के मंडला में रह रहा था, बाद में वह रायपुर में आकर रहने लगा। आरोपित के कब्जे से चोरी के रुपयों से खरीदी गई कार, एप्पल मोबाइल, बाइक और तीन लाख रुपये जब्त किया है। आरोपित को न्यायालय में पेश किया गया है।

सट्टे में लगाई रकम, एप्पल का मोबाइल और कार भी खरीदा

आरोपित वेदप्रकाश ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि वह बस से कोटा तक गया। इसके बाद वह किराए पर कार लेकर कोरबा पहुंच गया। कोरबा में उसने अपने लिए 48 हजार में एप्पल का मोबाइल और आटो डील से छह लाख 51 हजार में इनोवा कार खरीदा। कार का रजिस्ट्रेशन अपने नाम पर कराने के बाद वह मध्यप्रदेश के मंडला में जाकर रहने लगा। वहां पर आरोपित सट्टे में तीन लाख रुपये हार गया। इसके बाद उसने अपने मोबाइल को बेच दिया। इसके बाद वह रायपुर आ गया। यहां उसने इनोवा कार मुनुरूद्दीन के पास दो लाख 40 हजार में बेच दिया। यहीं पर उसने सट्टे में चार लाख रुपये जीतकर एप्पल का मोबाइल और एक लाख आठ हजार में बाइक खरीद लिया।