Janjgir-champa Information : सपोस से बगरैल तक अधूरे सड़क निर्माण से हो रही परेशानी
ग्राम पंचायत बगरैल विकास से कोसों दूर है। सपोस से बगरैल तक आज तक पक्की सड़क नहीं बन पाई है लोग कच्ची सड़क में आवागमन करने के लिए मजबूर हैं। क्योंकि ठेकेदार के द्वारा मिटटी मुरूम डालकर अधूरा छोड दिया गया है। मगर इस ओर ध्यान देने वाला कोई नहीं है। न जनप्रतिनिधि कोई ध्यान दे रहे हैं और न ही प्रशासन कोई पहल कर रही है।
By komal Shukla
Publish Date: Sat, 06 Apr 2024 12:22 AM (IST)
Up to date Date: Sat, 06 Apr 2024 12:22 AM (IST)

नईदुनिया न्यूज डभरा । ग्राम पंचायत बगरैल विकास से कोसों दूर है। सपोस से बगरैल तक आज तक पक्की सड़क नहीं बन पाई है लोग कच्ची सड़क में आवागमन करने के लिए मजबूर हैं। क्योंकि ठेकेदार के द्वारा मिटटी मुरूम डालकर अधूरा छोड दिया गया है। मगर इस ओर ध्यान देने वाला कोई नहीं है। न जनप्रतिनिधि कोई ध्यान दे रहे हैं और न ही प्रशासन कोई पहल कर रही है।ब्लाक डभरा के ग्राम बगरैल में आजादी के इतने सालों बाद भी मूलभूत सुविधाएं नहीं है। सपोस से बगरैल तक पक्की सड़क नहीं होने के कारण ग्रामीण कच्ची सड़क एवं गर्मी के दिनों में खेतों में बने पगडंडी के रास्ते से आना – जाना करते हैं। वर्षा के दिनों में कीचड़ से सरोबोर सड़क से मुश्किल से ग्रामीण आना जाना कर पाते हैं।
इस समस्या को देखते हुए सरकार द्वारा ग्राम सपोस मुख्य सड़क मार्ग से बगरैल तक एक किलोमीटर तक पक्की सड़क निर्माण कार्य के लिए राशि स्वीकृत की गई है जिसका विधायक रामकुमार यादव द्वारा 11 अक्टूबर 2023 को भूमि पूजन भी किया जा चुका है। लगभग 11 करोड़ रुपये से बनने वाली सड़क राजनीति का शिकार हो रही है। पक्की सडक निर्माण के लिए पांच माह पहले भूमि पूजन किया जा चुका है। परंतु अभी तक सड़क निर्माण कार्य में कोईप्रगति दिखाई नहीं दे रहा है। ठेकेदार के द्वारा निर्माण कार्य शुरू कर अधूरा छोड़ दिया गया है। ठेकेदार के द्वारा सड़क पर मुरूम डालकर छोड़ दिया गया है। वाहनों के चलने से रोड में डाला गया मिट्टी मुरूम धूल के गुबार बनकर उड़ रहे हैं।
इसके चलते ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पिछले कांग्रेस सरकार के समय सड़क निर्माण की राशि स्वीकृत की गई है और अब भाजपा की सरकार बन गई है इसके बाद भी सड़क निर्माण कार्य पर सरकार द्वारा ध्यान नहीं दिया जा रहा है। अधूरे निर्माण कार्य के चलते कच्ची मार्ग में ग्रामीण चलने को मजबूर हैं। वहीं बरसात के समय इस मार्ग पर चलना मुश्किल होजाएगा। ग्राम बगरैल के छात्र – छात्राओं को स्कूल आने- जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। वर्षा के दिनों में कीचड़ से सराबोर सड़क से होकर छात्र-छात्राएं एवं ग्रामीण मरीज कोअस्पताल तक पहुंचाते हैं वहीं हर रोज तहसील कार्यालय ब्लाक कार्यालय और न्यायालय आतेजाते हैं ।
क्या कहते हैं ग्रामीण
ग्राम पंचायत बगरैल के ग्रामीण चिंतामण पटेल ने कहा कि बरसात के समय आने- जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ता है। नई सरकार से काफी उम्मीदें हैं। सर्व दास महंत ने बताया कि गर्मी के माह में तो जैसे तैसे इस रोड में आते जाते बन जाता है लेकिन बरसात के समय कीचड़ के कारण इस मार्ग पर चलना मुश्किल हो जाता है। नूतन पटेल ने कहा कि अगर समय पर सड़क का निर्माण कार्य पूर्ण नहीं हुआ तो ग्रामीणों को उग्र आंदोलन करना ही पड़ेगा। ग्रामीण नीलकमल पटेल ने कहा कि पक्की सड़क नहीं होने के कारण रात्रि के समय लोगों को आने- जाने में सांप बिच्छू का खतरा भी बना रहता है। रामेश्वर पटेल ने कहा कि देश आजाद हुए 75 वर्ष हो गए फिर भी बगरैल के ग्रामीणों का पक्की सड़क का सपना साकार नहींहोरहा है।
”” सपोस से बगरैल तक सड़क मार्ग निर्माण की अवधि 18 महीने हैं। ठेकेदार द्वारा निर्धारित अवधि में निर्माण कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा।
राकेश द्विवेदी
एसडीओ, लोक निर्माण विभाग सक्ती
”” विधायक रामकुमार यादव द्वारा इस मार्ग का भूमि पूजन किया गया था। भूमिपूजन के बाद ठेकेदार के द्वारा निर्माण कार्य पूर्ण करने के तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। मिट्टी मुरूम डालकर छोड़ दिया गया है। बरसात के पूर्व सड़क निर्माण पूर्ण करने विधायक, कलेक्टर एवं उच्च अधिकारियों से मांग कर चुके हैं।
रामकुमार चौहान
सरपंच , ग्राम पंचायत बगरैल





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