भारतीय नौसेना की अरब सागर में बड़ी कार्रवाई, समुद्री डकैती रोधी अभियानों में 27 पाकिस्तानियों सहित 100 से अधिक लोगों को बचाया
Indian Navy: भारतीय नौसेना ने कहा कि ऑपरेशन संकल्प और अन्य मिशनों सहित अरब सागर में समुद्री डकैती विरोधी अभियानों के अलावा 110 लोगों की जान बचाने के लिए 13 हमले की घटनाओं का जवाब दिया गया।
By Kushagra Valuskar
Publish Date: Sat, 23 Mar 2024 03:29 PM (IST)
Up to date Date: Sat, 23 Mar 2024 03:29 PM (IST)

एएनआई, नई दिल्ली। Indian Navy: भारतीय नौसेना ने शनिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेस को संबोधित किया। कहा कि विभिन्न समुद्री डकैती विरोधी अभियानों में 100 से अधिक लोगों को बचाया गया। जिनमें 27 पाकिस्तान और 30 ईरानी शामिल थे।
समुद्री मिशनों में 110 लोगों को बचाया
भारतीय नौसेना ने कहा कि ऑपरेशन संकल्प और अन्य मिशनों सहित अरब सागर में समुद्री डकैती विरोधी अभियानों के अलावा 110 लोगों की जान बचाने के लिए 13 हमले की घटनाओं का जवाब दिया गया। जिनमें 45 भारतीय और 65 अंतर्राष्ट्रीय नागिरक शामिल थे। अरब सागर में क्षमताओं को बढ़ाते हुए भारतीय नौसेना ने समुद्री डकैती और ड्रोन हमलों को विफल करने के लिए अन्य निगरानी विमानों के साथ दस युद्धपोत तैनात किए हैं।
दस युद्धपोत तैनात किए गए
भारतीय नौसेना ने कहा कि अरब सागर और आसपास के क्षेत्रों में पी-8आई निगरानी विमान, सी गार्डियन ड्रोन और बड़ी संख्या में कर्मियों के साथ दस युद्धपोत तैनात किए हैं। इसके अतिरिक्त समुद्री डाकुओं के खिलाफ विशेष अभियानों के लिए समुद्री कमांडो और उनके उपकरणों को उतारने वाले भारतीय वायुसेना के सी-17 परिवहन विमान चालक दल प्रेस कॉन्फ्रेंस में मौजूद थे।
सोमाली लुटेरों को मुंबई पुलिस को सौंपा
भारतीय नौसेना की प्रेस कॉन्फ्रेंस शनिवार को अरब सागर में अपने समुद्री डकैती रोधी अभियान के समापन के बाद आई। इससे पहले नौसेना द्वारा पकड़े गए 35 सोमाली समुद्री लुटेरों को सीमा शुल्क और आव्रजन की औपचारिकताओं के बाद मुंबई पुलिस को सौंप दिया। बता दें पिछले साल दिसंबर में एमवी रुएन पर सोमाली समुद्री डाकुओं का कब्जा 2017 के बाद से देश के तट से किसी जहाज का पहला अपहरण था। आईएनएस कोलकाता ने सटीक कार्रवाई की। जिसके बाद समुद्री लुटेरों ने आत्मसमर्पण कर दिया। सभी 35 सोमाली डाकुओं ने 16 मार्च को आत्मसमर्पण कर दिया।


