India Replied To US On CAA: भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि सीएए भारत का आंतरिक मामला है। यह फैसला समावेशी परंपराओ और मानवाधिकारों के प्रति प्रतिबद्धताओं को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
By Kushagra Valuskar
Publish Date: Fri, 15 Mar 2024 05:03 PM (IST)
Up to date Date: Fri, 15 Mar 2024 05:03 PM (IST)
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। India Replied To US On CAA: नागरिकता संशोधन कानून को लागू करने को लेकर जारी नोटिफिकेशन पर अमेरिका की टिप्पणी पर केंद्र सरकार ने प्रतिक्रिया दी है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि सीएए भारत का आंतरिक मामला है। यह फैसला समावेशी परंपराओ और मानवाधिकारों के प्रति प्रतिबद्धताओं को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। जिनके पास भारत की परंपराओं और विभाजन के बाद के इतिहास के बारे में जानकारी सीमित है। उन्हें इस मुद्दे पर ज्ञान नहीं देना चाहिए।
सोमवार को सीएए का नोटिफिकेशन हुआ जारी
मोदी सरकार ने सोमवार को सीएए का नोटिफिकेशन जारी किया था। इसके तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश के मुस्लिम समुदाय को छोड़कर बाकी धर्मों के लोगों को भारत की नागरिकता दी जाएगी। सीएए का अधिसूचना जारी होने के बाद यूएस ने गुरुवार को कहा, ‘वह इसको लेकर चिंतित है और नजर रखे हुए है।’
अमेरिका के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान यूएस विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा था कि भारत ने 11 मार्च को नागरिकता संशोधन विधेयक का नोटिफिकेशन जारी किया। इसको लेकर हम चिंतित हैं। इस कानून को किस तरह से लागू किया जाएगा हम इस पर नजर बनाए हुए हैं।
भारत सरकार ने दी प्रतिक्रिया
भारतीय विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को बयान जारी करते हुए कहा कि यह हमारा आंतरिक मामला है। सीएए कानून नागरिकता देने के लिए है। यह कानून मानवीय गरिमा और मानवाधिकारों का समर्थन करता है। विदेश मंत्रालय ने कहा, हमारा मानना है कि अमेरिका की टिप्पणी गलत जानकारी और अनुचित है। जिनके पास भारत की बहुलवादी परंपराओं और क्षेत्र के विभाजन के बाद के इतिहास के बारे में जानकारी सीमित है, उन्हें ज्ञान नहीं देना चाहिए।






