UP Lok Sabha Chunav 2024: यूपी में जयंत चौधरी की भाजपा के साथ डील पक्की, जानिए फॉर्मूला, अब क्या करेंगे अखिलेश
Uttar Pradesh Lok Sabha Election: भाजपा ने आरएलडी को पश्चिमी उत्तर प्रदेश की लोकसभा की ऐसी दो सीटें देने का प्रस्ताव किया है, जो जाट बहुल हैं। तीसरी सीट पर मामला अटका है।
By Arvind Dubey
Publish Date: Thu, 08 Feb 2024 08:04 AM (IST)
Up to date Date: Thu, 08 Feb 2024 08:04 AM (IST)

HighLights
- RLD को लोकसभा की दो सीट और राज्यसभा सीट देने को राजी
- एक-दो दिन में हो जाएगी आधिकारिक घोषणा
- जयंत को केंद्र सरकार में एक मंत्रिपद का भी मिला है प्रस्ताव
अरविंद शर्मा, नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव से पहले विपक्षी दलों का इंडिया गठबंधन जहां लगातार कमजोर रहा है, वहीं एनडीए मजबूत होता जा रहा है। ताजा खबर उत्तर प्रदेश से है। यहां भाजपा और राष्ट्रीय लोकदल (RLD) के बीच समझौता लगभग तय हो गया है। एक-दो दिन में आधिकारिक घोषणा कर दी जाएगी।
Uttar Pradesh Lok Sabha Election: BJP vs RLD Seat Sharing
तय फॉर्मूले के मुताबिक, भाजपा ने आरएलडी को लोकसभा की 2 सीट और राज्यसभा की एक सीट देने का मन बना लिया है। हालांकि आरएलडी ने पहले चार सीट मांगी थी, जिसे देने से भाजपा ने इनकार कर दिया।
यही कारण है कि दोनों दलों को किसी निष्कर्ष तक पहुंचने में समय लग गया। अब सभी शर्तें लगभग तय कर ली गई हैं। आरएलडी अध्यक्ष जयंत चौधरी की भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के साथ वार्ता हो चुकी है। अब बस ऐलान बाकी है।
RLD के लिए BJP का साथ क्यों जरूरी
लोकसभा चुनाव से पहले हर दल अपनी जीत की संभावनाएं तलाशने लगा है। माहौल देखते हुए अधिकांश दल एनडीए की तरफ आकर्षित हो रहे हैं। इनमें आरएलडी भी एक है।
पिछले लगातार दो लोकसभा चुनावों में इस पार्टी का खाता नहीं खुला है। यही कारण है कि जयंत चौधरी ने अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी से दूरियां बढ़ा लीं।
INDIA गठबंधन को झटका, आगे क्या होगा
इस तरह बिहार और बंगाल के बाद उत्तर प्रदेश में भी विपक्षी गठबंधन को करारा झटका लगने वाला है। अब भाजपा और आरएलडी सीट तय करने पर मंथन करेगी, वहीं यूपी में कांग्रेस और सपा के बीच सीटों के बंटवारे पर मंथन होना है। हालांकि अब तक कोई निष्कर्ष नहीं निकला है।
भाजपा ने आरएलडी को पश्चिमी उत्तर प्रदेश की लोकसभा की ऐसी दो सीटें देने का प्रस्ताव किया है, जो जाट बहुल हैं। तीसरी सीट पर मामला अटका है। भाजपा के शीर्ष नेतृत्व की रजामंदी हुई तो तीसरी सीट के रूप में नगीना, संभल, अमरोहा और मथुरा में से कोई एक हो सकती है।


