Korba Information: एकजूटता के साथ सभी उपक्रमों में हड़ताल बनाई जाएगी सफल
श्रम संघ देश का 50 करोड़ असंगठित मजदूरों के सामाजिक सुरक्षा के साथ करोड़ों नवजवानों के लिए रोजगार सृजन की बात कह रही है
By Yogeshwar Sharma
Publish Date: Fri, 09 Feb 2024 12:19 AM (IST)
Up to date Date: Fri, 09 Feb 2024 12:19 AM (IST)

HighLights
- संयुक्त श्रमिक संघ का कंवेशन, कहा- मौजूदा केंद्र सरकार मजदूरों के हित कर रही प्रभावित
- मौजूदा केंद्रीय सरकार के समक्ष केंद्रीय श्रम संगठन लगातार मजदूरहित में आवाज उठा रही हैं।
- 16 फरवरी को प्रस्तावित एक दिवसीय औद्योगिक हड़ताल को जिले में सफल बनाने अपने विचार रखा।
कोरबा (नईदुनिया प्रतिनिधि)। केंद्र सरकार के जन, मजदूर एवं किसान विरोधी आर्थिक नीतियों के खिलाफ देशभर के केंद्रीय श्रम संघ द्वारा राष्ट्र व्यापी औद्योगिक हड़ताल की जाएगी। इसे सफल बनाने के लिए आयोजित संयुक्त श्रमिक संघ का कंवेशन में वक्ताओं ने कहा कि मौजूदा केंद्रीय सरकार के समक्ष केंद्रीय श्रम संगठन लगातार मजदूरहित में आवाज उठा रही हैं। साथ ही केंद्र सरकार जो आर्थिक नीतियां सरकार बना रही है, उससे मेहनतकश मजदूरों का हित प्रभावित हो रहा है। इसलिए हड़ताल का रास्ता अख्तियार करना पड़ रहा है। सभी उपक्रमों में एकजूटता के साथ हड़ताल सफल बनाई जाएगी।
औद्योगिक जिले में शत प्रतिशत हड़ताल को सफल बनाने के लिए गुरूवार को बालको नगर के उत्सव वाटिका में सयुंक्त श्रम संघों का कन्वेंशन हुआ। इसमें एटक के प्रदेश कार्यवाहक अध्यक्ष दीपेश मिश्रा, इंटक के गोपाल नारायण सिंह, जयप्रकाश यादव, एटक के एमएल रजक, एसके सिंह, सुनील सिंह, कमर बख्श, सीटू के वीएम मनोहर, सुखेंदु घोष, अमित गुप्ता एचएमएस के ए विश्वास, राकेश सोनी, लखन लाल साहिस, वेदांता अल्युमिनियम मजदूर संघ के महासचिव अमृतलाल निषाद उपस्थित रहे। वक्ताओं ने सभा को संबोधित करते हुए 16 फरवरी को प्रस्तावित एक दिवसीय औद्योगिक हड़ताल को जिले में सफल बनाने अपने विचार रखा।
सभी ने सर्वसम्मत से निर्णय लियाकि प्रस्तावित हड़ताल मेहनतकशों के लिए जीवन मरण का प्रश्न है इसे प्रभावी तरिके से जिले मे कामयाब करने के लिए हर संभव संयुक्त रणनीति बनाई जाएगी। दीपेश मिश्रा ने बताया कि 14 फरवरी को गेवरा में भी संयुक्त श्रम संगठनों का कन्वेंशन होगा। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक उपक्रम का भी विनिवेश किया जा रहा है, यह देश हित के खिलाफ है।
इसके साथ ही श्रम कोड लाया जा रहा है वह मजदूरों के खिलाफ है और उद्योग घरानों का समर्थक है, इसका श्रम संगठन विरोध कर रहा है। श्रम संघ देश का 50 करोड़ असंगठित मजदूरों के सामाजिक सुरक्षा के साथ करोड़ों नवजवानों के लिए रोजगार सृजन की बात कह रही है परंतु केंद्र सरकार का रवैया पूरा नकारात्मक है। हड़ताल सफल करने के लिए संयुक्त श्रमिक संगठन प्रभावी भूमिका अदा करेगी। अंत में बालको एटक सचिव धर्मेंद्र तिवारी ने धन्यवाद ज्ञापित किया।

