EPFO Youngsters Pension: पति-पत्नी नहीं बच्चों को मिल सकता है 25 साल तक पेंशन का लाभ, जानिए कैसे उठा सकते हैं फायदा
EPFO Youngsters Pension: अगर किसी पेंशनभोगी का निधन हो जाता है, तो उनकी पेंशन का 50 फीसदी उनकी पति/पत्नी को दिया जाता है। ईपीएस 1995 योजना के तहत कर्मचारी की सेवा के दौरान मृत्यु होने पर नॉमिनी को न्यूनतम एक हजार रुपये प्रति महीने पेंशन दी जाती है।
By Kushagra Valuskar
Publish Date: Thu, 23 Might 2024 04:18:59 PM (IST)
Up to date Date: Thu, 23 Might 2024 04:18:59 PM (IST)
HighLights
- ईपीफओ की खास पेंशन स्कीम।
- बच्चों को 25 साल तक हर महीने मिलेगी पेंशन।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। EPFO Youngsters Pension: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन कर्मचारियों के लिए पेंशन स्कीम चलाता है। जिसे ईपीएस 1995 कहा जाता है। पेंशन योजना बहुत लाभकारी है। यह मुश्किल वक्त में कर्मचारी और उसके परिवार को आर्थिक रूप से मदद करती है। यदि ईपीएफओ में निवेश करने वाले सब्सक्राइबर की मौत हो जाती है, तो उसके परिजनों को आर्थिक संकट का सामना नहीं करना पड़ता है। इस योजना के तहत कर्मचारी के देहांत होने पर परिवार को लाभ मिलते हैं।
ईपीएफओ सदस्य के बच्चों को मिलती है पेंशन
अगर किसी पेंशनभोगी का निधन हो जाता है, तो उनकी पेंशन का 50 फीसदी उनकी पति/पत्नी को दिया जाता है। ईपीएस 1995 योजना के तहत कर्मचारी की सेवा के दौरान मृत्यु होने पर नॉमिनी को न्यूनतम एक हजार रुपये प्रति महीने पेंशन दी जाती है। इसके अलावा मृतक के बच्चों को भी 25 साल की उम्र तक पेंशन का लाभ मिलता है। जिससे बाल पेंशन योजना कहा जाता है। आइए जानते हैं इसके बारे में।
बच्चों की पेंशन की योग्यता
ईपीएफओ के किसी सदस्य के निधन होने पर उसके पति या पत्नी को पेंशन मिलती है। साथ ही उनके बच्चे भी पेंशन पाने के हकदार हैं। यह पेंशन उन्हें 25 साल की आयु तक मिलती है। बाल पेंशन की राशि विधवा पेंशन की राशि का 25 फीसदी है। अगर मृतक की पति/पत्नी को एक हजार रुपये पेंशन मिलती है, तो उनके बच्चे को 250 रुपये पेंशन मिलेगी। प्रत्येक सदस्य के अधिकतम दो बच्चों को पेंशन मिल सकती है। अगर कर्मचारी का बच्चा अपंग है तो उसे आजीवन पेंशन का लाभ दिया जाता है।
बाल पेंशन योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया
बच्चों की पेंशन के लिए आवेदन करने के लिए सदस्य के परिवार को ईपीएफओ कार्यालय में आवश्यक दस्तावेज जमा करने होते हैं। इसमें कर्मचारी की मृत्यु प्रमाण पत्र, बच्चों का जन्म प्रमाण पत्र और अन्य आवश्यक डॉक्यूमेंट्स शामिल होते हैं।
कर्मचारी पेंशन योजना की विशेषताएं
– ईपीएस के तहत नियोक्ता अपने योगदान का एक हिस्सा (वर्तमान में 8.33%) कर्मचारी के पेंशन खाते में जमा करते हैं।
– कर्मचारी को ईपीएस का लाभ पाने के लिए न्यूनतम 10 वर्ष की सेवा पूरी करनी होती है।
– कर्मचारी की उम्र 58 वर्ष होने पर वह पेंशन के लिए पात्र हो जाता है। हालांकि, 50 वर्ष की उम्र के बाद भी पेंशन लिया जा सकता है, लेकिन इसमें कुछ कटौती होती है।


















